Story

कहानी- वही होगा मेरा पति (Short Story- Wahi Hoga Mera Pati)

“ऐसी बातें ना बोल यमुना. तू क्यों भूल रही है बड़े-बड़े लखपतियों की छोरियां भी जब शादी के मंडप में…

लघुकथा- तुम बड़ी हो… (Short Story- Tum Badi Ho…)

एक दिन मौक़ा देखकर उसने पार्वती से कहा, "पार्वती, तुम इतनी छोटी बच्ची को बार-बार बड़ी क्यों बोलती हो? वह…

कहानी- क़िस्मतवाली (Short Story- Kismatwali)

“मेरे पति स़िर्फ मेरे प्रति पूर्ण समर्पित हैं, ये ख़्याल मुझे आभासी ख़ुशी देता है, मेरे होंठों पर मुस्कान लाता…

कहानी- रैन बसेरा (Short Story- Rain Basera)

यह सब कहते हुए अनिरूद्ध का कंठ भर आया. उसके लफ़्ज़ों से उसके भावों का कोई मेल नहीं था. वह…

व्यंग्य- हम को हिंडी मांगटा, यू नो… (Satire Story- Hum Ko Hindi Mangta, You Know…)

अपने बच्चों को इंग्लिश मीडियम स्कूल में पढ़ानेवाले हिंदी के अध्यापक बुद्धिलाल जी क्लॉस में छात्रों को शिक्षा दे रहे…

लघुकथा- चेहरा (Laghukatha- Chehra)

"अरे, नहीं मैडम क्यों चलें, आप तो यहां पर आराम से बैठो और अब कुछ देर में आपके शैक्षणिक योगदान…

लघुकथा- बिच्छू और मनुष्य (Short Story- Bichhoo Aur Manushya)

एक व्यक्ति नदी में नहा रहा था कि उसने एक बिच्छू को नदी में डूबते देखा. बिच्छू को बचाने के…

रंग तरंग- सोशल मीडिया के घुड़सवार… (Rang Tarang- Social Media Ke Ghudswar…)

सब्जेक्ट और माइंड दोनों सेट हैं. इसके बाद तो बुद्धि या विवेक को पास भी नहीं फटकने देते. अब योद्धा…

व्यंग्य- कुत्ता कहीं का… (Satire Story- Kutta Kahin Ka…)

गांव के कुत्ते और शहर के डॉगी में वही फ़र्क होता है, जो खिचड़ी और पिज़्ज़ा में होता है. कुत्ता…

पंचतंत्र की कहानी: आलसी गधा (Panchatantra Tales: The Lazy Donkey)

एक गांव में एक मेहनती और साधारण व्यापारी रहता था. उसके पास एक गधा था. व्यापारी अपने गधे से बहुत…

व्यंग्य- डाॅगी कल्चर (Satire Story- Doggy Culture)

तुम समझती क्यूं नहीं, मैं आधुनिक युग के डाॅगी कल्चर की बातें कर रहा हूं. जहां यह डाॅगी भी घर…

रंग तरंग- श्रमजीवी से परजीवी तक (Rang Tarang- Shramjivi Se Parjivi Tak)

पीने को मयस्सर है मेरे देश में सब कुछ वो सब्र हो या खून ये क़िस्मत की बात है… आंदोलन…

© Merisaheli