couple

यूं मनाएं रिश्तों का उत्सव ताकि बनी रहे उनकी रौनक़ (Simple And Smart Ways To Celebrate Your Relationship)

उत्सव अपने आप में उत्साह, उमंग और जोश पैदा करनेवाला शब्द है, वहीं रिश्ते कई ताने-बानो में बुने होते हैं, जिनमें ज़िम्मेदारी होती है, प्यार, विश्वास के साथ-साथ विवाद और कुछ तनाव भी होते हैं… लेकिन ऐसा क्यों होता है? क्यों हम रिश्तों को उत्सव की तरह हीउत्साह, उमंग और जोश से नहीं जीते? क्यों हम उन्हें सहजता से नहीं जीते…? क्यों हम उनमें इतनी उलझनें पैदा कर लेते हैं? तो चलिएत्योहारों के इस मौसम में हम अपने रिश्तों का भी जश्न मनाएं… उन्हें किसी उत्सव की तरह जीएं ताकि उनमें भी हमेशा उत्साह, जोश औरगर्माहट बनी रहे…  जिस तरह हम त्योहारों के आने पर मूड में आ जाते हैं और एक्स्ट्रा एफ़र्ट लेकर उसको और भी बेहतर व मज़ेदार बनाने में जुट जातेहैं बस ऐसे ही अपने रिश्तों के लिए भी करें. रिश्तों में जोश कम न होने दें, एक्स्ट्रा एफ़र्ट भी ज़रूर लें. रोज़ सुबह एक नई और पॉज़िटिव सोच के साथ उठें कि आज अपनों के लिए क्या कुछ ऐसा स्पेशल किया जाए कि वो ख़ुश होजाएं. स्पेशल का ये मतलब बिल्कुल नहीं कि आपको पैसे ही खर्च करने हैं या गिफ़्ट देना है, बल्कि कोई एक कॉम्प्लिमेंट ये कामगिफ़्ट्स से बेहतर कर सकता है. रिश्तों को महसूस करें, उन्हें बोझ न समझें. रिश्तों में उलझनें तब पैदा होती हैं जब हम अपनों के साथ रहते-रहते अपनों को अपना सहयोगी या साथी न मानकर प्रतिद्वंदीसमझने की गलती करते हैं. चाहे सास-बहू-ननद हों या फिर पति-पत्नी… आपका आपसी टकराव क्यों और किन बातों को लेकरहोता है, सोचा है कभी? अगर नहीं, तो अब सोचें और उन्हें सुलझाएं. रिश्तों में मिठास घोलने की कोशिश करें और उनको उसी शिद्दत से जीने व निभाने का प्रयास करें जैसा आप किसी ख़ास उत्सवके आने पर करते हैं. सरल रहें, सहजता से जीएं और रिश्तों में झूठ-ईर्ष्या व चीट करने से बचें.भरोसा करें और भरोसा जीतें भी. रोज़ाना जोश के साथ अपनों के लिए सजें-संवरें, फ़िट रहें और रिश्तों को भी फ़िट रखें. जिस तरह आप या हम सभी त्योहारों के दिनों में आपस में ये वादा करते हैं कि ख़ुशी के मौक़े पर हम न तो लड़ेंगे-झगड़ेंगे और नही ग़ुस्सा या नाराज़ होंगे, ठीक इसी तरह आप रोज़ ये वादा करें कि आज से हर दिन यही कोशिश होगी कि विवाद कम होते जाएंऔर ख़ुशियां डबल. एक टाइम टेबल बनाएं और वीकेंड में हर किसी की बारी-बारी से ड्यूटी लगाएं कि वो सभी घरवालों के लिए कुछ ख़ास करेगा, जैसे- डिनर प्लान या मूवी या फिर अपने हाथों से कुछ स्पेशल बनाकर खिलाएगा. छुट्टी वाले दिन सब मिल-बैठकर पुरानी बातें करें, हंसी-मज़ाक़-मस्ती करें. रोज़ एक मील सब लोग साथ मिलकर एंजॉय करें, जैसाकि हम फ़ेस्टिवल में करते हैं- सब मिल-जुलकर एक साथ खाना खातेहैं, उसी तरह या तो ब्रेकफ़ास्ट या फिर डिनर रोज़ साथ करें और अपनी दिनचर्या बताएं, अपनी ख़ुशियां बताएं और अपनीसमस्याएं भी बांटें.एक-दूसरे से सलाह लें और सहयोग करें. जिस प्रकार उत्सव की तैयारी में पूरा परिवार एकजुट होकर घर के काम करता है और सहयोग देता है, बस इसी भावना को अपनेडेली रूटीन में भी शामिल करें. एकसाथ मिल-जुलकर काम करें, जिम्मेदारियां बांटें, जिससे एक-दो लोगों पर पूरा बोझ न पड़करसबका काम हल्का हो जाएगा.अगर किसी को किसी की कोई भी बात हर्ट करे तो उसे मन में पालकर बदला लेने की सोचने की बजाय उसका समाधान करें. यातो अकेले में बात करके ग़लतफ़हमी सुलझा लें या जब आप सब साथ बैठें तो बड़ों के सामने अपने मन का बोझ हल्का कर लें, उनकी राय लें. ज़िंदगी को बहुत ज़्यादा गंभीरता से न जीएं. हां, अपनी ज़िम्मेदारियों के प्रति ज़रूर गंभीरता बरतें लेकिन अपनी रोज़मर्रा कीज़िंदगी को तनावपूर्ण न बनाएं. कुछ बातें, कुछ चीजें जाने दें… कुछ चीजों के प्रति- चलता है, कोई नहीं… या फिर ऐसी छोटी-छोटी बातें होती रहती हैं… वाला रवैया अपनाकर विवादों को टालदें. अपना दिल बड़ा रखें, माफ़ करना और माफ़ी मांगना सीखें. एक साथ हॉबी क्लासेस जॉइन करें या फिर योगा, जॉगिंग, वॉक पर जाएं. डिनर के बाद कभी-कभार पूरा परिवार एक साथ आइसक्रीम खाने बाहर जाए या फिर घर पर ही मंगाएं. बस इसी तरह छोटी-छोटी चीजों में ख़ुशियां ढूंढ़ें और ज़िंदगी को एक उत्सव की तरह जीएं. अपने रिश्तों का जश्न मनाएं.इस अंदाज़ से अगर रिश्तों को जीएंगे तो यकीनन उनकी रौनक़ ताउम्र बनी रहेगी.  सिल्की शर्मा

पहला अफ़ेयर: वो हम न थे, वो तुम न थे… (Pahla Affair… Love Story: Wo Hum Na Thay, Wo Tum Na Thay)

आज फिर उसे देखा… अपने हमसफ़र के साथ, उसकी बाहों में बाहें डाले झूम रही थी… बड़ी हसीन लग रही थी और उतनीही मासूम नज़र आ रही थी… वो खुश थी… कम से कम देखने वालों को तो यही लग रहा था… सब उनको आदर्श कपल, मेड फ़ॉर ईच अदर… वग़ैरह वग़ैरह कहकर बुलाते थे… अक्सर उससे यूं ही दोस्तों की पार्टीज़ में मुलाक़ात हो जाया करतीथी… आज भी कुछ ऐसा ही हुआ.  मैं और हिना कॉलेज में एक साथ ही थे. उसे जब पहली बार देखा था तो बस देखता ही रह गया था… नाज़ों से पली काफ़ीपैसे वाली थी वो और मैं एक मिडल क्लास लड़का.  ‘’हाय रौनक़, मैं हिना. कुछ रोज़ पहले ही कॉलेज जॉइन किया है, तुम्हारे बारे में काफ़ी सुना है सबसे. तुम कॉलेज में काफ़ीपॉप्युलर हो, पढ़ने में तेज़, बाक़ी एक्टिविटीज़ में भी बहुत आगे हो… मुझे तुम्हारी हेल्प चाहिए थी…’’ “हां, बोलिए ना.” “मेरा गणित बहुत कमजोर है, मैंने सुना है तुम काफ़ी स्टूडेंट्स की हेल्प करते हो, मुझे भी पढ़ा दिया करो… प्लीज़!” “हां, ज़रूर क्यों नहीं…” बस फिर क्या था, हिना से रोज़ बातें-मुलाक़ातें होतीं, उसकी मीठी सी हंसी की खनक, उसके सुर्ख़गाल, उसके गुलाबों से होंठ और उसके रेशम से बाल… कितनी फ़ुर्सत से गढ़ा था ऊपरवाले ने उसे… लेकिन मैं अपनी सीमाजानता था… सो मन की बात मन में ही रखना मुनासिब समझा.  “रौनक़, मुझे कुछ कहना है तुमसे.” एक दिन अचानक उसने कहा, तो मुझे लगा कहीं मेरी फ़ीलिंग्स की भनक तो नहीं लगगई इसे, कहीं दोस्ती तो नहीं तोड़ देगी मुझसे… मन में यही सवाल उमड़-घुमड़ रहे थे कि अचानक उसने कहा, “मुझे अपनाहमसफ़र मिल गया है… और वो तुम हो रौनक़, मैं तुमसे प्यार करती हूं!”  मेरी हैरानी की सीमा नहीं थी, लेकिन मैंने हिना को अपनी स्थिति से परिचित कराया कि मैं एक साधारण परिवार कालड़का हूं, उसका और मेरा कोई मेल नहीं, पर वो अपनी बात पर अटल थी. बस फिर क्या था, पहले प्यार की रंगीन दुनिया में हम दोनों पूरी तरह डूब चुके थे. कॉलेज ख़त्म हुआ, मैंने अपने पापा केस्मॉल स्केल बिज़नेस से जुड़ने का निश्चय किया जबकि हिना चाहती थी कि मैं बिज़नेस की पढ़ाई के लिए उसके साथविदेश जाऊं, जो मुझे मंज़ूर नहीं था.  “रौनक़ तुम पैसों की फ़िक्र मत करो, मेरे पापा हम दिनों की पढ़ाई का खर्च उठाएंगे.”  “नहीं हिना, मैं अपने पापा का सहारा बनकर इसी बिज़नेस को ऊंचाई तक के जाना चाहता हूं, तुम्हें यक़ीन है ना मुझ पर? मैं यहीं रहकर तुम्हारा इंतज़ार करूंगा.” ख़ैर भारी मन से हिना को बाय कहा पर कहां पता था कि ये बाय गुडबाय बन जाएगा. हिना से संपर्क धीरे-धीरे कम होनेलगा था. वो फ़ोन भी कम उठाने लगी थी मेरा. मुझे लगा था कोर्स में व्यस्त होगी, लेकिन एक दिन वो लौटी तो देखा उसकीमांग में सिंदूर, गले में मंगलसूत्र था… मेरी आंखें भर आई…  “रौनक़, मुझे ग़लत मत समझना, जय से मेरी मुलाक़ात अमेरिका में हुई, उसने मुझे काफ़ी सपोर्ट किया, ये सपोर्ट मुझेतुमसे मिलना चाहिए था पर तुम्हारी सोच अलग है. जय का स्टैंडर्ड भी मुझसे मैच करता है, बस मुझे लगा जय और मैं एकसाथ ज़्यादा बेहतर कपल बनेंगे… पर जब इंडिया आई और ये जाना कि तुम भी एक कामयाब बिज़नेसमैन बन चुके हो, तोथोड़ा अफ़सोस हुआ कि काश, मैंने जल्दबाज़ी न की होती…” वो बोलती जा रही थी और मैं हैरान होता चला जा रहा था… “रौनक़, वैसे अब भी कुछ बिगड़ा नहीं है, हम मिलते रहेंगे, जय तो अक्सर टूर पर बाहर रहते हैं तो हम एक साथ अच्छाटाइम स्पेंड कर सकते हैं…”  “बस करो हिना, वर्ना मेरा हाथ उठ जाएगा… इतनी भोली सूरत के पीछा इतनी घटिया सोच… अच्छा ही हुआ जो वक़्त नेहमें अलग कर दिया वर्ना मैं एक बेहद स्वार्थी और पैसों से लोगों को तोलनेवाली लड़की के चंगुल से नहीं बच पाता… तुममेरी हिना नहीं हो… तुम वो नहीं, जिससे मैंने प्यार किया था, तुमको तो मेरी सोच, मेरी मेहनत और आदर्शों से प्यार हुआकरता था, इतनी बदल गई तुम या फिर नकाब हट गया और तुम्हारी असली सूरत मेरे सामने आ गई, जो बेहद विद्रूप है! तुम मुझे डिज़र्व करती ही नहीं हो… मुझे तो धोखा दिया, जय की तो होकर रहो! और हां, इस ग़लतफ़हमी में मत रहना किमैं तुम जैसी लड़की के प्यार में दीवाना बनकर उम्र भर घुटता रहूंगा, शुक्र है ऊपरवाले ने मुझे तुमसे बचा लिया…” “अरे रौनक़, यार पार्टी तो एंजॉय कर, कहां खोया हुआ है…?” मेरे दोस्त मार्टिन ने टोका तो मैं यादों से वर्तमान में लौटा औरफिर डान्स फ़्लोर पर चला गया, तमाम पिछली यादों को हमेशा के लिए भुलाकर, एक नई सुनहरी सुबह की उम्मीद केसाथ! गीता शर्मा 

क्या आप दोनों एक-दूसरे की लिए बासी हो चुके हो? ये स्मार्ट-सिंपल टिप्स आज़माएं, अपने रिश्ते की बोरियत को मिटाएं और उसे रोमांटिक बनाएं! (Spice up Your Relationship: Easy & Romantic Ways To Get The Spark Back In Your Marriage)

समय के साथ हर चीज़ पुरानी, उबाऊ या यूं कहें कि बासी होने लगती है, क्योंकि एक ही ढर्रे पर चल रही ज़िंदगी हमें रूटीन लगने लगती है और फिर उसमें ताज़गी या एक्साइटमेंट जैसा कुछ नहीं लगता. रिश्ते भी धीरे-धीरे रूटीन बन जाते हैं, क्योंकि समय के साथ उनमें ऊर्जा व गर्माहट गायब होने लगती है, ऐसे में रिश्तों पर भी काम करने की ज़रूरत होती है औरख़ुद पर भी ताकि उनमें ताज़गी बनी रहे और आप भी तरोताज़ा रहें. आपका रिश्ता और आप भी एक-दूसरे के लिए कहींबासी न हो जाएं, इसलिए समय रहते उसे व ख़ुद को भी करें रिफ्रेश, वरना रिश्ता टूटने की कगार पर आ सकता है. अगरआपको लग रहा है कि आप दोनों ही एक-दूसरे की तरफ़ न पहले जैसा आकर्षण महसूस करते हो और न ही वो रोमांस, तोसजग हो जाएं और व़क्त रहते ख़ुद को और अपने रिश्ते को समय दें.  ख़ुद पर काम करें: सबसे पहले ख़ुद को देखें. समय के साथ आप कितना बदल गए? आपकी फिटनेस, ज़िंदगी को लेकरनज़रिया? अपने पार्टनर को लेकर नज़रिया आदि... एक लिस्ट बना लें और फिर एक-एक कर उस पर काम करें.  ख़ुद से प्यार करें: जब तक आप ख़ुद से प्यार नहीं करेंगे, कोई दूसरा क्यों करेगा? ख़ुद को ख़ुश रखने के तरी़के सोचें औरफिर अपने पार्टनर को भी उसमें शामिल करें.  कुछ नया करें: जब भी आपको महसूस हो कि रिश्ते रूटीन बनते जा रहे हैं, कुछ नया करें. ऐसा कुछ जिससे सामनेवाले कोभी महसूस हो कि यह तो हमने सोचा ही नहीं था. इससे नए सिरे से आप उन रिश्तों को जीने लगते हैं. ये नयापन किसी भीतरह से आप ला सकते हैं. चाहे तो सरप्राइज़ेस के ज़रिए या अपनी कोई ऐसी बुरी आदत त्यागकर जिससे पार्टनर कोख़ुशी महसूस हो और उसे लगे कि आपने उसके लिए कुछ किया है.  फिटनेस पर ध्यान दें: फिट रहेंगे, तो हेल्दी तो रहेंगे ही, साथ ही अट्रैक्टिव भी लगेंगे और किसी भी रिश्ते में फिटनेस का भीबहुत बड़ा हाथ होता है. न स़िर्फ आप सेहतमंद रहते हैं, आपका रिश्ता भी हेल्दी होता है. एक-दूसरे के लिए फिटनेस चैलेंजलें. साथ में वॉक, जॉग या एक्सरसाइज़ करें. इससे एक-दूसरे के साथ समय भी बिता पाएंगे और हेल्दी भी रहेंगे. मोटापा नबढ़ने दें, ताकि आप फिट और अट्रैक्टिव दिखें. हेल्दी खाने व हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाएं और आपको देखकर शायदपार्टनर भी मोटिवेट हो यह सब करने के लिए. अपनी हॉबीज़ को फिर से जगाएं: आप न स़िर्फ अपनी हॉबीज़, बल्कि पार्टनर की हॉबीज़ को भी फिर से जगाएं और उसेपूरा करें. इससे आप दोनों की बॉन्डिंग बेहतर होगी और एक नयापन भी लाइफ में महसूस करेंगे.  अपनी ब्यूटी और हाईजीन पर ध्यान दें: समय के साथ अक्सर कपल एक-दूसरे के साथ इतना कंफर्टेबल हो जाते हैं किअपनी शारीरिक ख़ूबसूरती और हाईजीन को इग्नोर करने लगते हैं. लेकिन एक दिन आप पहले की तरह अपने पार्टनर केलिए सजें-धजें और तैयार होकर उनका स्वागत करें, फिर देखें उनका रिएक्शन. इसी तरह हाईजीन हेल्द के लिए भी औरसेक्सुअल लाइफ के लिए भी ज़रूरी है. ऑरल हेल्थ से लेकर पर्सनल हाईजीन पर ध्यान देना फिर शुरू करें.  लाइफ में रोमांस को रिक्रिएट करें: ज़िम्मेदारियां जब बढ़ने लगती हैं, तो एक समय के बाद लाइफ से रोमांस लगभग गायबहो जाता है या यूं कहें कि वो बैकफुट पर चला जाता है. ऐसान  होने दें. रोमांस के लिए ज़रूरी नहीं कि महंगे गिफ्ट्स लानेहैं या महंगी जगह हॉलिडे जाना हो, स़िर्फ भावनाएं काफ़ी होती हैं. आप पार्टनर को यह महसूस करवा सकते हैं कि आपउनसे कितना प्यार करते हैं. कभी ऑफिस से जल्दी आकर, कभी डिनर या मूवी प्लान करके, भी प्यारभरे फोन कॉल्स से, तो कभी उनकी फेवरेट डिश बनाएं, कभी मैसेजेस से आई लव यू के ज़रिए, तो कभी सबसे नज़रें चुराकर बस हल्के से हाथथाम लें.  बात करें और दिल की बात ज़रूर कहें: दिल की बात सहज तरी़के से कह देने से बॉन्डिंग मज़बूत होती है. हर स्तर पर औरहर व़क्त कम्यूनिकेशन ज़रूरी है. अगर कभी कोई बात आपको परेशान कर रही है या आप पार्टनर के लिए कुछ महसूसकर रहे हैं, तो कम्यूनिकेट करें. दिल ही में रखेंगे, तो बात बढ़गी और परेशानियां भी.  क्वालिटी टाइम साथ बिताएं और शेयर करें: रिश्तों में शेयरिंग बेहद ज़रूरी है. इससे एक-दूसरे पर विश्‍वास और बढ़ता है, इसलिए अपनी ख़ुशी, अपने ग़म, अपनी कोशिशे, अपने डर... सब कुछ शेयर करें.  एक-दूसरे के लिए थोड़ा-बहुत ख़ुद को भी बदलें: आपकी कुछ ऐसी आदतें होंगी, तो आपके पार्टनर को पसंद नहीं, तो आपएक-दूसरे को चैलेंज करें कि अपनी-अपनी बुरी आदतों पर काबू पाने की पूरी कोशिश करेंगे. इससे पार्टनर को लगेगा किआप उनकी भावनाओं को सम्मान करना जानते हैं. उनकी पसंद का कुछ करें: कभी पार्टनर की पसंद का कलर या ड्रेस पहनें या उनके साथ उनका फेवरेट शो देखें. इंवॉल्वहोकर करें. या आप पार्टनर की पसंद का खाना मंगवाएं या उनके दोस्तों को घर पर पार्टी के लिए इंवाइट करें.  ज़िम्मेदारियों को अपने रिश्ते पर हावी न होने दें, उन्हें बांट लें: हमेशा बातचीत करके तय करें कि कौन किस बात कीज़िम्मेदारी लेगा, दोनों को एक-दूसरे के कामों में मदद करेंगे, तो इससे काम हल्का होगा और आप थकेंगे नहीं. ख़ुद कोऔर अपने रिश्ते को अधिक टाइम दे पाएंगे.  थकान को हावी न होने दें: तन और मन दोनों जब थकने लगते हैं, तब हम एक-दूसरे के लिए बासी होने लगते हैं. ऐसा न हो, इसलिए पार्टनर को सपोर्ट करें और मन न होने पर भी उनके रोमांटिक मूड में अलग तरह से साथ दें, ताकि उन्हें बुरा न लगे, वरना आप दोनों के बीच किसी तीसरे को आने में देर नहीं लगेगी. ग़ुस्से की बजाय हंसकर या प्यार से उन्हें समझाएं किआज आप ज़्यादा थके हैं या आपकी तबीयत ठीक नहीं.  केयर करें और पार्टनर को हर्ट करने से बचें: केयरिंग हर रिश्ते की बुनियाद होती है. पार्टनर को ठीक नहीं लग रहा, कोईबात उन्हें परेशान कर रही है या वो अपने घरवालों को लेकर फिक्मंद हैं, तो जाकर सहारा दें, बात करें. सहयोग की भावनाहर रिश्ते में ज़रूरी है. इसी तरह से अगर आपको पता है कि आपका व्यवहार या आपकी कोई बात पार्टनर को हर्ट करसकती है, तो उसे करने से बचें. यदि ग़लती से ऐसा कुछ हो भी जाए, तो माफ़ी मांग लें और भविष्य में ग़लती न दोहराने कावादा भी करें. हो सकता है आपके लिए वह बात मामूली हो, पर पार्टनर को अच्छी न लगे.  पार्टनर की सलाह व निर्णय का भी सम्मान करें: पार्टनर की सलाह व निर्णय को अगर आप सम्मान देंगे, तो उनका भरोसाऔर लगाव आपके प्रति बढ़ेगा और रिश्तों में वो पसरा सन्नाटा टूटने लगेगा, इसलिए पार्टनर की सलाह भी लें और अगर वोसही लगती है, तो उस पर अमल भी करें.  बात-बात पर बार-बार टोकें नहीं, कुछ चीज़ो को नज़रअंदाज़ करें: रिश्तों की मज़बूती के लिए बहुत-सी बातों को इग्नोरकरना व एडजेस्ट करना भी ज़रूरी होता है. पार्टनर के अलग व्यक्तित्व को सम्मान दें, उन्हें अपना जैसा बनाने की कोशिशमें निराशा ही हाथ लगेगी. हम सब एक जैसे नहीं होते. हो सकता है पार्टनर की कोई बात आपको पसंद नहीं आती, तो बार-बार उन्हें टोकने से बेहतर है कि नज़रअंदाज़ करें या फिर प्यार से समझाएं.  सेक्स लाइफ को नज़रअंदाज़ न करें, उसमें ऊर्जा बनाए रखें: आपका रिश्ता बहुत हद तक आपकी सेक्स लाइफ पर भीनिर्भर करता है. सेक्स को मशीनी क्रिया न समझकर प्यार के इज़हार का ज़रिया समझें. आपस में बात करें कि आपकोक्या पसंद है, क्या नापसंद है. बेडरूम के डेकोर को चेंज करें, जगह बदलें, ताकि सेक्स लाइफ भी रूटीन बनकर न रहजाए. बेडरूम में तनाववाली बातें करने से बचें. पार्टनर के लिए अट्रैक्टिव सेक्सी ड्रेस पहनें. एरोमा कैंडल्स यूज़ करें. अगरपार्टनर थका हुआ है और परेशान है, तो सेक्स पर ज़ोर न देकर सेक्सी मसाज दें. हो सकता है इससे उनकी थकान दूर होजाए और वो भी मूड में आ जाएं. पर्सनल हाईजीन से लेकर पार्टनर की ज़रूरतों का ख़्याल रखने तक... कुछ भी आपइग्नोर नहीं कर सकते.  भोलू शर्मा 

पहला अफेयर: प्यार की परिणति (Pahla Affair… Love Story: Pyar Ki Parinati)

कभी सोचा नही था यूं किसी से प्यार हो जाएगा… ये कहां जानती थी कि खुद का दिल खुद का…

शाहिद कपूर ने पत्नी मीरा को जन्मदिन की बधाई कुछ इस प्यारे अंदाज़ में दी.. (Shahid Kapoor- Not just for everyday we smile in each others arms but on the days we cry in each other’s arms…)

शाहिद कपूर ने अपनी पत्नी मीरा को बड़े ही रोमांटिक अंदाज़ में जन्मदिन की बधाई दी. साथ ही उन्होंने अपने…

पार्टनर से बहस या विवाद को ऐसे करें हैंडल: आज़माए ये 5 स्मार्ट टिप्स… (5 Smart Ways To End An Argument With Your Partner)

वर्तमान समय में लोग कुछ अधिक ही अधीर होते जा रहे हैं. एक तरह से कह सकते हैं कि हम…

रिश्तों को लेंगे कैज़ुअली, तो हो जाएंगे रिश्ते कैज़ुअल ही… ऐसे करें अपने रिश्तों को रिपेयर! (Relationship Repair: Simple Ways To Rebuild Trust & Love In Your Marriage)

क्या आपको याद है आपने अपने अपनों के लिए आख़िरी बार कब और क्या स्पेशल किया था? क्या आपको याद…

प्यार भरे एहसास के साथ अनुष्का ने विराट को सालगिरह की बधाई देते हुए ये कहा… (Anushka Sharma- 3 years of us & very soon, 3 of us…)

"हमारे 3 साल.. जल्दी हम तीन हो जाएंगे.. मिस यू…" इन ख़ूबसूरत भावनाओं में डूबे गहरे शब्दों के साथ अनुष्का…

न्यूली मैरिड कपल्स के लिए 6 इफेक्टिव टिप्स… (6 Effective Tips For Newly Married Couples)

वैवाहिक जीवन के शुरू के दो वर्षों में रिश्‍ते के भावी विकास का लय-ताल निर्धारित होता है, इसलिए नवविवाहित कपल…

© Merisaheli