Arun Jaitley

आज भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता श्री अरुण जेटलीजी के निधन से हर कोई ग़मगीन है. प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति, नेता, खिलाड़ी, सिलेब्रिटी के अलावा फिल्मी हस्तियों ने भी अपनी संवेदनाएं व्यक्त की. पीएम नरेंद्र मोदीजी को प्रिय मित्र खोने का दुख हुआ, वहीं प्रेसिडेंट रामनाथजी ने उनके जाने को राष्ट्र की अपूरणीय क्षति बताई.

Celebrities Mourns Arun Jaitley’s Death
पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटलीजी लंबे समय से बीमार थे और दिल्ली के एम्स में उनका इलाज चल रहा था. वे 9 अगस्त से ही अस्पताल में भर्ती थे और उनकी तबीयत लगातार ख़राब हो रही थी. आज यानी 24 अगस्त को 12 बजकर 7 मिनट पर उन्होंने आखिरी सांस ली और 66 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कह दिया…

शोक संदेश…

सनी देओल- देश ने एक और महान नेता खो दिया है. हमारी संवेदनाएं अरुण जेटलीजी के परिवार के साथ हैं.

अजय देवगन- अरुणजी के निधन से बेहद दुखी हूं. भारत के लिए उनकी गतिशील दृष्टि का मैं प्रशंसक रहा हूं. इस दुखद घड़ी में उनके परिवार के प्रति मैं सांत्वना प्रकट करता हूं. ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे.

अनिल कपूर- क़रीब बीस साल पहले हमारी पहली मुलाक़ात हुई थी. तब से अब तक वे आदर्श की तरह रहे. उनका जाना देश के लिए अपूरणीय क्षति है. वे बेहद याद आएंगे. परिवार के साथ पूरी संवेदना है.

आशा भोसले- अरुण जेटली के निधन की ख़बर सुनकर बहुत दुखी हूं, मेरी संवेदनाएं उनके परिवार के साथ हैं.

वरुण धवन- देश के लिए उन्होंने जो भी किया उसे हमेशा याद किया जाएगा. ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे. आपके द्वारा की गई हर चीज के लिए धन्यवाद. आप हमेशा याद किए जाएंगे. परिवार के प्रति संवेदना.

फिल्मकार मधुर भंडारकर– अरुणजी के निधन से बेहद दुखी हूं. ये बीजेपी और पूरे देश के लिए एक बड़ी क्षति है. वह एक कट्टरपंथी और करिश्माई नेता थे. उनके परिवार के प्रति संवेदनाएं.

कॉमेडियन कपिल शर्मा– अरुण जेटली के निधन की ख़बर सुनकर दुखी हूं. एक महान और प्रभावशाली नेता थे. आप हमेशा याद आएंगे सर.

गायक अदनान सामी– अरुणजी के निधन की ख़बर सुनकर दुख हुआ. वे बहुत दयालु थे. उनकी आत्मा को शांति मिले.

धर्मेंद्रजी ने अरुणजी के साथ अपनी एक तस्वीर शेयर करते हुए कहा- एक स्नेही, देखभाल करनेवाला छोटा भाई, जो राजनीति में मेरा अच्छा मार्गदर्शक था. आप बहुत याद आएंगे जेटली साहब…

हेमा मालिनीजी ने अरुणजी के साथ अपनी मुलाक़ातों को साझा करते हुए कहा कि जेटलीजी को फिल्मों का बहुत शौक था. हम अक्सर इसके बारे में बातें करते थे. वे लाजवाब पॉलिटीशियन व टैलेंटेड एडवोकेट थे. वाकई में वे एक महान इंसान थे.

इन सभी के अलावा रितिक रोशन, अनूप जलोटा, करण जौहर, ईशा देओल, अर्जुन कपूर, संजय दत्त, रितेश देशमुख, बॉक्सर मेरी कॉम, क्रिकेटर विराट कोहली, वीरेंद्र सहवाग, फिल्म समीक्षक तरण आदर्श, मॉडल पार्वती, सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई आदि ने भी अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं.

* वेस्ट इंडीज में चल रहे टेस्ट सीरीज़ में सभी इंडियन क्रिकेटर्स ने अपने बांह पर काली पट्टी बांधकर उनके प्रति संवेदनाएं व्यक्त की. अरुण जेटलीजी दिल्ली व ज़िला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) के अध्यक्ष के अलावा बीसीसीआई (भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड) के उपाध्यक्ष और कार्यकारी संचालन परिषद के सदस्य भी रहे थे.

अरुण जेटलीजी की जीवन यात्रा

* अरुण जेटली का जन्म 28 दिसंबर, 1952 को दिल्ली में हुआ था.

* उनके पिता पेशे से वकील थे. वे साल 1947 में भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के बाद दिल्ली आ गए थे.

* अरुण जेटली ने नई दिल्ली के सेंट जेवियर्स स्कूल से 1957-69 तक पढ़ाई की. श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स से बीकॉम किया.

* दिल्ली यूनिवर्सिटी से 1977 में लॉ की पढ़ाई पूरी की.

* वे बचपन में चार्टेड अकाउंटेंट बनना चाहते थे, पर क़िस्मत ने उन्हें वकील व राजनीतिज्ञ बना दिया.

* वे लॉ की पढ़ाई के दौर में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के छात्र नेता भी थे.

* डीयू में पढ़ाई के दौरान ही वह 1974 में डीयू स्टूडेंट यूनियन के अध्यक्ष बने थे.

* वे अपने बच्चों- सोनाली व रोहन को जेबख़र्च चेक से देते थे.

* वे उदार व दयालु प्रवृत्ति के थे और अपने कर्मचारियों के बच्चों को भी अपने बच्चों की स्कूल में पढ़ाया. वे उनसे इस कदर अपनों की तरह व्यवहार करते थे कि स्टाफ के बच्चे के पढ़ाई में अच्छे नंबर आने पर उसे उच्च शिक्षा के लिए विदेश तक भेजे या फिर उनके बेहतरीन प्रदर्शन पर कार तक उपहार में दी.

* भारतीय जनता पार्टी की सरकार में वे क़ानून, रक्षा, वित्त मंत्री के पद पर रहे.

* प्रखर विद्वान व सुलझे व्यक्तित्व के धनी अरुणजी मोदी सरकार में सबसे भरोसेमंद मंत्री थे.

* वे पीएम मोदीजी के सबसे बड़े क़ानूनी सलाहकार थे. भाजपा सरकार में कई बार संकटमोचक की भूमिका निभाई.

* देश में जीएसटी के रूप में एक देश, एक कर देने से लेकर नोटबंदी, रफाल जैसे फैसलों में  उनकी भूमिका महत्वपूर्ण रही थी.

* अटल बिहारी वाजेपयी जी की सरकार में भी वे मंत्री रहे.

* उन्हें फिल्में देखना बहुत पसंद था. वे देवानंद के प्रशंसक थे. पड़ोसन फिल्म उनकी फेवरेट थी और एक चतुर नार बड़ी होशियार… गाना तो उन्हें बहुत ही अच्छा लगता था.

* अरुणजी को पटेक फिलिप घड़ियों, मॉन्ट ब्लांक पेन, जामावार शॉल, स्टाइलिश शर्ट, ब्लेज़र, शूज़, लज़ीज़ व्यंजनों के साथ-साथ शेरो-शायरी का भी बहुत शौक था.

मेरी सहेली की ओर से अरुण जेटलीजी को भावभीनी श्रद्धांजलि.. ॐ शांति!..

– ऊषा गुप्ता

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Budget 2017

अपना चौथा बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री अरुण जेटली ने बसंत पंचमी का दिन चुना. इस बजट में सबके लिए कुछ न कुछ था. ये बजट इसलिए भी ख़ास था, क्योंकि इसी के साथ रेल बजट भी पेश किया गया. आइए, एक नज़र डालते हैं वित्त मंत्री अरुण जेटली के 2017 के बजट पर.

इनकम टैक्स छूट
वैसे नौकरीपेशा लोगों को अरुण जेटली से ये उम्मीद थी कि कम से कम 5 लाख तक की आय पर किसी तरह का टैक्स नहीं लगेगा, लेकिन बित्त मंत्री ने इस स्लैब को स़िर्फ 3 लाख तक रखा. तीन लाख तक की आय पर कोई टैक्स नहीं लगेगा, लेकिन साढ़े तीन लाख रुपये तक की आय पर ढाई हज़ार रुपये टैक्स देना होगा. भले ही अरुण जेटली ने लोगों के अनुसार इनकम स्लैब नहीं बढ़ाया, लेकिन उस पर लगने वाले टैक्स को कम ज़रूर किया है. 5 लाख तक की आय पर 10 फ़ीसदी की बजाय 5 फ़ीसदी टैक्स ही चुकाना पड़ेगा. 5 लाख से अधिक की आय पर टैक्स स्लैब पहले की तरह ही रहेगा. इस तरह से करदाताओं को हर साल साढ़े 12 हज़ार रुपये तक का फ़ायदा होगा.

महिला एवं बाल कल्याण
इस बजट में महिलाओं का ख़ास ध्यान रखा गया. महिला एवं बाल कल्याण के लिए 1.56 लाख करोड़ रुपये की राशि को बढ़ाकर 1.84 लाख करोड़ रुपये करने की घोषणा की वित्त मंत्री ने.

किसानों के लिए
किसानों के लिए वित्त मंत्री के पिटारे में काफ़ी कुछ अच्छा था. फसल बीमा 30 की बजाय 40 फ़ीसदी कर दिया गया है. किसानों के खाते में 10 लाख करोड़ रूपया गया है, जो वो सरकार से कर्ज़ के रूप में ले सकते हैं. 10 लाख तलाबों का लक्ष्य पूरा किया जाएगा. 8 हज़ार करोड़ का डेयरी विकास कोष. 5 हज़ार करोड़ सिंचाई फंड के लिए तय किया गया है. गांव की बुनियादी ज़रूरतों को सुधारा जाएगा और उस पर विशेष ध्यान दिया जाएगा.

राजनीतिक चंदे पर लगा फंदा
राजनीति में अब तक मनमानी चंदा लिया और दिया जाता था, लेकिन इस बजट में इस पर कमान कस ली गई है. अरुण जेटली ने बजट पेश करते हुए कहा कि अब सभी राजनीतिक पार्टियां एक व्यक्ति से कैश में स़िर्फ 2000 रुपये तक ही ले सकती हैं. 2000 से ज़्यादा चंदा लेने पर हिसाब देना होगा.

हेल्थ केयर
वित्त मंत्री अरुण जेटली ने अपने चौथे बजट में स्वास्थ्य का भी विशेष ध्यान रखा है 2018 तक चेचक और 2022 तक टीबी पूरी तरह से ख़त्म करने की कोशिश होगी. दिल्ली की ही तरह झारखंड और गुजरात में 2 नए एम्स बनेंगे.

शिक्षा बजट
अरुण जेटली ने शिक्षा पर भी ध्यान देते हुए इस क्षेत्र के लिए विशेष बजट पेश किया. स्किल इंडिया के लिए 1000 कौशल केंद्र खोले जाएंगे. 350 ऑनलाइन पाठ्यक्रमों की शुरूआत होगी.

रेल बजट
आम बजट के साथ ही आज रेल बजट भी पास हुआ. क्या था रेल बजट में ख़ास? आइए, जानते हैं.
♦ रेल संरक्षा के लिए 1 लाख करोड़ रुपये का फंड.
♦ 2020 तक मानव रहित क्रासिंग पूरी तरह ख़त्म हो जाएगी.
♦ ई-टिकट पर सर्विस चार्ज नहीं लगेगा.
♦ रेलवे विकास के लिए 1 लाख 31 हज़ार करोड़.
♦ 3500 किमी. नई रेल लाइन बनेंगी.
♦ 7000 हज़ार स्टेशनों पर सोलर लाइनें होंगी.
♦ 500 रेलवे स्टेशनों को दिव्यांगों के लिए आसान बनाया जाएगा.
♦ 2019 तक सभी ट्रेनों में बॉयो टॉयलेट की सुविधा होगी.
♦ टूरिज़्म और धार्मिक यात्राओं के लिए अलग से ट्रेनें चलाई जाएंगी.
♦ कोच की शिकायतों के लिए कोच मित्र योजना लाई जा रही है.

श्वेता सिंह

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