Healthy Tips

बीमारियों (Diseases) से बचने के लिए यदि आप कुछ वास्तु उपाय (Vastu Remedies) करते हैं, तो अच्छी सेहत (Good Health) और निरोगी तन पा सकते हैं. स्वस्थ और निरोगी रहने के लिए घर का वास्तु सही होना बहुत ज़रूरी है. यदि आपके घर का वास्तु सही नहीं है, तो इसका असर आपकी सेहत पर भी पड़ सकता है. अच्छी सेहत पाने और निरोगी रहने के लिए आप भी ये वास्तु टिप्स (Vastu Tips) ज़रूर ट्राई करें.

Vastu Tips For Better Health

1) अच्छी सेहत पाने और निरोगी रहने के लिए नियमित रूप से योग और ध्यान अवश्य करें. यदि आप घर की उत्तर पूर्व दिशा की तरफ़ मुंह करके ऐसा करते हैं, तो आपको इसके सकारात्मक परिणाम जल्दी ही दिखने लग जाएंगे.

2) शांति से काम करने, पॉज़िटिव एनर्जी बढ़ाने, तनाव से बचने और अपनी कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए घर की उत्तर-पूर्व दिशा में पूजा करें. यदि आप कोई जाप करते हैं, तो वो भी इसी दिशा में बैठकर करें.

3) अच्छी सेहत पाने के लिए घर में हल्के रंगों का प्रयोग करें. घर की दावारों से लेकर फर्नीचर, पर्दे, बेडशीट, कुशन आदि सभी हल्के रंग के ही चुनें. घर में गहरे रंगों के प्रयोग से बचें.

बीमारियों से बचने के लिए करें ये वास्तु उपाय, देखें वीडियो:

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4) पूरे परिवार की अच्छी सेहत के लिए घर के मुखिया या पूरे परिवार की मुस्कुराती हुई फोटो उत्तर पश्‍चिम दिशा में लगाएं.

5) घर में यदि किसी व्यक्ति का इलाज चल रहा है, तो उसे अपनी दवाई उत्तर से उत्तर पूर्व दिशा वाले क्षेत्र में रखनी चाहिए. ऐसे व्यक्ति का बेडरूम भी यदि इसी दिशा में हो तो और अच्छा है.

6) घर के लोगों को स्वास्थ्य समस्याएं न हों इसके लिए घर में कहीं भी बेकार का सामान न पड़ा हुआ हो. बंद पड़ी घड़ियां, बिजली के खराब उपकरण घर में न रखें. घर में स्टोरेज की समय-समय पर सफ़ाई करते रहें.

7) घर में दरवाज़े, खिड़कियां खोलते या बंद करते समय उनसे आवाज़ नहीं आनी चाहिए. इसके लिए समय-समय पर इनकी ऑयलिंग करते रहें. मुख्यद्वार खुलते या बंद करते समय भी आवाज़ नहीं आनी चाहिए. इससे घर के लोगों के स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है.

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रंगों के बिना जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती. रंग जीवन में ख़ुशियां, ख़ूबसूरती, उत्साह… और अच्छी सेहत भी लाते हैं. यदि आप हर रंग के फल और सब्ज़ी में मौजूद न्यूट्रीएंट्स और उनके लाभ के बारे में जान लें, तो स्वस्थ रहना कोई मुश्किल काम नहीं है. आपको स्वस्थ और सुंदर बनाए रखने के लिए हमने तैयार किया है ये कलरफुल डायट चार्ट.

7 Colours You Need To Eat

हरा रंग
वैदिक काल से ही हरे पेड़-पौधों का उपयोग औषधि के रूप में किया जाता रहा है, जो हमें स्वस्थ व मज़बूत बनाए रखने में सहायक हैं. हरे रंग के फल व सब्ज़ियों में पाए जाने वाले सल्फोराफिन, आइसोथायोसानेट, इंडोल, ल्यूटीन जैसे न्यूट्रीएंट्स आंखों की रोशनी बढ़ाते हैं, दांत व हड्डियां मज़बूत बनाते हैं. हरी सब्ज़ियों के नियमित सेवन से शरीर में भारी मात्रा में विटामिन ए, बी-कॉम्पलेक्स, सी के साथ ही कैल्शियम की कमी भी पूरी हो जाती है.
क्या खाएं?
हरी पत्तेदार सब्ज़ियां, पत्तागोभी, ककड़ी, बीन्स, ब्रोकोली, हरी प्याज़, हरी मटर, नाशपती, हरे अंगूर, हरा सेब आदि.

लाल रंग
इस रंग के फल और सब्ज़ियों में लाइकोपेन और एंथोसायनिन पाए जाते हैं, जो याददाश्त बढ़ाने के साथ ही कैंसर होने की संभावना को भी कम करते हैं. साथ ही इनसे शरीर में एनर्जी का स्तर भी बढ़ता है, जिससे हम दिनभर तरोताज़ा रहते हैं.
क्या खाएं?
लाल रंग के फल व सब्ज़ियां, जैसे- टमाटर, चुकंदर, लाल अंगूर, गाजर, स्ट्रॉबेरी, तरबूज, लाल शिमला मिर्च, चेरी, सेब, अनार आदि को अपनी डायट में शामिल करें.

पीला और ऑरेंज रंग
इन रंगों के फल और सब्ज़ियों में मौजूद अल्फा कैरोटीन, बीटा कैरोटीन, विटामिन सी, बायोफ्लैवोनॉइड आदि रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाते हैं, त्वचा को स्वस्थ व जवां बनाए रखते हैं, फेफड़ों को मजबूत बनाते हैं, हृदय रोग की संभावना को कम करते हैं और रतौंधी में भी फ़ायदा पहुंचाते हैं.

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क्या खाएं?
संतरा, नींबू, आम, अनन्नास, नाशपती, पीच, पपीता, एप्रिकोट, नारंगी गाजर, पीले टमाटर, पीली शिमला मिर्च, कॉर्न, सरसों, कद्दू, खरबूजा आदि.

स़फेद रंग
इस रंग के फल और सब्ज़ियों में मौजूद एलीसीन, फ्लैवोनॉइड आदि न्यूट्रीएंट्स कॉलेस्ट्रॉल लेवल को कम करते हैं, हृदय को स्वस्थ रखते हैं, कैंसर या ट्यूमर होने की संभावना को कम करते हैं.
क्या खाएं?
केला, मूली, मशरूम, फूलगोभी, आलू, स़फेद प्याज़, लहसुन आदि.

नीला/बैंगनी रंग
इन रंगों के फल व सब्ज़ियों में पाया जाने वाला एंथोसायनिन त्वचा को स्वस्थ और जवां बनाए रखता है, हृदय को मज़बूत बनाता है और कैंसर होने की संभावना को भी कम करता है.
क्या खाएं?
जामुन, करौंदा, आलू बुखारा, पर्पल अंगूर, ब्लैक बेरी, ब्लू बेरी, पर्पल पत्तागोभी, बैंगन आदि.

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How To Lose Weight

क्या है वज़न और कैलोरी का संबंध?
आमतौर पर देखा गया है कि बहुत से लोग मोटापा कम करने के लिए स़िर्फ सूप या सलाद का सेवन करते हैं, लेकिन यह तरीक़ा सही नहीं है. इन तरीक़ों से फ़ायदे की जगह नुक़सान ही होता है. वज़न कम करने के लिए आहार में कैलोरी कम करना बहुत ज़रूरी है, परंतु इस तरह नहीं.

10 दिनों में 1 किलो वज़न घटाएं
किसी भी व्यक्ति को एक किलो वज़न कम करने के लिए लगभग 7800 कैलोरी बर्न करने की ज़रूरत होती है, लेकिन यह एक दिन में नहीं किया जा सकता. इसके लिए सही प्लानिंग और उसे फॉलो करने की ज़रूरत है. आहार और व्यायाम की सही प्लानिंग से आसानी से वज़न कम किया जा सकता है.

कैसे करें प्लानिंग?
यदि आपको दिनभर में 2200 कैलोरीज़ की ज़रूरत है और आपको अपना वज़न कम करना है, तो ऐसी स्थिति में आपको 1700 कैलोरी वाला आहार प्रतिदिन लेना होगा. साथ ही हल्का व्यायाम भी करें, जैसे पैदल चलना, हल्के डांस व एरोबिक्स. इस तरह आपके पैदल चलने से 5 कैलोरी 1 मिनट व एरोबिक्स में 6-7 कैलोरी प्रति मिनट बर्न होगी. इस तरह आप आधा घंटा यानी 30 मिनट पैदल चलें, तो आपकी लगभग 120 कैलोरी बर्न होगी तथा एरोबिक्स से लगभग 200 कैलोरी बर्न होगी. इस तरह एक घंटे में 320 कैलोरी बर्न की जा सकती है. खाने में हमने पहले ही 500 कैलोरी कम की थी. इस तरह कुल 500+300= 800 कैलोरी हम एक दिन में बर्न कर सकते हैं. इस तरह दस दिनों में 8000 कैलोरी बर्न होंगी, परिणामस्वरूप एक किलो वज़न घट जाएगा.

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ब्यूटी फूड
* हेल्दी स्किन पाने के लिए अपनी डायट में ओमेगा-3 एसिड शामिल करें. मछली, अखरोट, अलसी आदि में ओमेगा-3 पाया जाता है.
* रोज़ाना अनन्नास का रस पीने से मोटापा कम होता है और स्किन ग्लो करती है.
* करेला भले ही खाने में टेस्टी न हो, लेकिन ये त्वचा के लिए बहुत फ़ायदेमंद होता है. करेले के सेवन से त्वचा में निखार आता है.
* चौलाई का रस पीने से रक्त की अशुद्धियां ख़त्म होती हैं. शरीर से विशाक्त तत्व बाहर निकलते हैं और मुंहासों से भी राहत मिलती है.

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ब्यूटी फूड
* बालों को लॉन्ग एंड स्ट्रॉन्ग बनाने के लिए खाने में प्रोटीन से भरपूर सोयाबीन, अंडे, बींस, दही, कम वसा वाले चीज़ आदि शामिल करें.
* यदि बाल जल्दी ऑयली हो जाते हैं और ड्रैंड्रफ की समस्या है तो एक ग्लास पानी में नींबू का रस मिलाएं और सुबह खाली पेट पीएं.
* बालों का झड़ना रोकने के लिए रोज़ाना एक छोटा कप अंकुरित मूंग दाल, काले चने, फल, पत्तेदार सब्ज़ियां और सलाद तथा दही शामिल करें. जल्दी ही बालों का झड़ना थम जाएगा.

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हेल्दी डायट चार्ट
वज़न घटाने के लिए हेल्दी डायट चार्ट बहुत ज़रूरी है. आप भी ये डायट चार्ट फॉलो कीजिए और नज़र आइए फिट-हेल्दी.

सुबहः
2 ग्लास पानी+नींबू का रस/दालचीनी पाउडर/मेथी पाउडर

सुबह का नाश्ताः
एक ग्लास गाय का दूध/छाछ/कोई भी सीज़नल फ्रूट- 1 सर्विंग

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दिन का भोजनः
रोटी (ज्वार/बाजरा/रागी)/ब्राउन राइस
हरी सब्ज़ी (1/2 टेबलस्पून तेल में बनी)
1 बाउल दाल/ फिश करी/चिकन करी (आधा टेबलस्पून तेल में बनी)
1 बाउल सलाद

शाम का नाश्ताः
सूखा भेल/ उबले चने की चाट/मूंग चाट/कॉर्न चाट/चीला/स्टीम्ड मुठिया

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रात का भोजनः

सूप- वेज क्लियर/ मिक्स वेज/स्पिनेच-टोमैटो/टोमैटो शोरबा/कोरिएंडर सूप
खिचड़ी- दलिया खिचड़ी/मूंग दाल राइस खिचड़ी+सलाद

या
ग्रिल्ड चिकन/फिश (100 ग्राम) + स्टर फ्राई एग्ज़ॉटिक वेजीटेबल

या
नाचनी की रोटी के साथ पतली दाल+ सब्ज़ी और सलाद

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वज़न घटाने के लिए देखें ये वीडियो:

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Weight Loss Tip

घर के कामों से वज़न घटाएं
* पोंछा लगाते समय 30 मिनट में 145 कैलोरी खर्च होती है जो ट्रेडमिल पर 15 मिनट दौड़ने के बराबर है.
* कपड़े धोते समय 60 मिनट में 85 कैलोरी बर्न होती है जो 100 सिटअप करने के बराबर है.
* खाना बनाते समय 60 मिनट में 150 कैलोरी खर्च होती है जो 15 मिनट एरोबिक्स करने के बराबर है.
* डस्टिंग करते समय 30 मिनट में 180 कैलोरी खर्च होती है जो 15 मिनट तक साइकिल चलाने के बराबर है.
* गार्डनिंग करते समय 60 मिनट में 250 कैलोरी बर्न होती है जो 25 मिनट सीढ़ी चढ़ने-उतरने के बराबर है.
* बिस्तर लगाते समय 15 मिनट में 66 कैलोरी बर्न होती है जो डेढ़ कि.मी. पैदल चलने के बराबर है.

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जानें वज़न बढ़ने की वजहें
वज़न बढ़ने की वजहें कई हैं, लेकिन व़क्त रहते यदि मोटापे पर कंट्रोल नहीं किया गया, तो कई हेल्थ प्रॉब्लम्स हो सकती हैं इसलिए सबसे पहले वज़न बढ़ने की वजहों को जानना ज़रूरी है.

लाइफ स्टाइल
आधुनिक जीवनशैली ने सुख-सुविधाएं तो बहुत दी हैं, लेकिन उन सुविधाओं का लाभ उठाते हुए लोग शारीरिक श्रम करना ही भूल गए हैं. थोड़ी दूर भी जाना हो तो गाड़ी से ही जाएंगे, पहली मंज़िल पर जाने के लिए भी लिफ्ट का इस्तेमाल करेंगे, दिनभर एसी रूम में आरामकुर्सी से चिपके रहेंगे… लोगों की इन आरामपसंद आदतों ने उन्हें बड़ी-बड़ी बीमारियां दे दी हैं.
आसान है समाधान
बिज़ी दिनचर्या में भी समय निकालकर फिज़िकल एक्सरसाइज़ करना बहुत ज़रूरी है. सही डायट और एक्सरसाइज़ से फिट रहना मुश्किल काम नहीं है. अपनी लाइफ स्टाइल में बदलाव लाकर कोई भी फिट और हेल्दी रह सकता है.

जंक फूड
जंक फूड हमारी ज़िंदगी में इस क़दर शामिल हो गया है कि इसके बिना हम किसी भी सेलिब्रेशन की कल्पना भी नहीं कर सकते और जंक फूड की यही लत मोटापा बढ़ा देती है. बड़े ही नहीं बच्चे भी जंक फूड के आदी हो गए हैं. बड़ों की देखादेखी में अक्सर बच्चे भी पिज़्ज़ा, बर्गर, कोल्ड ड्रिंक आदि जंक फूड की डिमांड करने लगते हैं.
आसान है समाधान
आज के दौर में जंक फूड से पूरी तरह बचना तो मुमकिन नहीं, लेकिन उनमें भी हेल्दी ऑप्शन अपनाए जा सकते हैं. साथ ही जंक फूड के लिए हफ्ते या महीने में एक-दो दिन फिक्स कर लें और स़िर्फ उसी समय जंक फूड खाएं.

समय की कमी
महानगरों में ज़्यादातर पति-पत्नी दोनों नौकरीपेशा होते हैं, ऐसे में समय की कमी के कारण वो रेडी टु ईट खाने को प्राथमिकता देते हैं. समय के अभाव ने फास्ट फूड और दो मिनट में बन जाने वाली चीज़ों की डिमांड बढ़ा दी है और इन्हीं चीज़ों से मोटापा बढ़ने लगता है.
आसान है समाधान
कम समय में हेल्दी खाना बनाया जा सकता है जैसे- सूप, सलाद, ओट्स, दलिया आदि. वर्किंग कपल थोड़ी-सी प्लानिंग करके हेल्दी डायट अपना सकते हैं.

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स्ट्रेस
जी हां, तनाव भी वज़न बढ़ने की एक बड़ी वजह है. तनाव में अक्सर हम ज़्यादा खाते हैं और तनाव के समय मीठा खाने का मन करता है, जिससे मोठापा ज़्यादा बढ़ता है.
आसान है समाधान
जब भी लगे कि आप तनाव महसूस कर रही हैं, तो एक ग्लास पानी पी लें. साथ ही तनावमुक्त होने के लिए एक्सरसाइज़ करें, जैसे- गहसी सांसें लें, मसल रिलैक्शेसन तकनीक अपनाएं या कोई जोक बुक पढ़ें.

नींद की कमी
रात में देर से सोने और सुबह जल्दी उठ जाने से भी मोटापा बढ़ता है. ऐसा करने से रात में खाया हुआ खाना पच नहीं पाता. साथ ही इंसोम्निया (अनिद्रा), डिप्रेशन आदि के शिकार भी हो सकते हैं.
आसान है समाधान
अपना हर काम समय पर पूरा करने की कोशिश करें ताकि आप समय पर सो सकें और पर्याप्त नींद ले सकें. रोज़ाना 7-8 घंटे की नींद बेहद ज़रूरी है.

खाने का शौक
खाने के शौकीन लोग अक्सर भरे-पूरे शरीर वाले होते हैं, क्योंकि उनका खाने पर कोई कंट्रोल नहीं होता. फिर आगे चलकर खाने का ये शौक उन्हें इतना भारी पड़ता है कि उन्हें कई हेल्थ प्रॉब्लम्स होने लगती हैं.
आसान है समाधान
खाने का शौक होना अच्छी बात है, लेकिन इसका ये मतलब नहीं कि जब जो जी में आया खा लिया. यदि आप खाने की शौकीन हैं और अक्सर ज़रूरत से ज़्यादा खा लेती हैं, तो अपने शौक की भरपाई एक्सरसाइज़ करके करें. इससे आपका शौक भी बना रहेगा और आप फिट भी बनी रहेंगी.

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* शाम को भूख लगने पर भरपेट पपीता खाएं. इसमें कैलोरी कम और फाइबर ज़्यादा होता है.
* रात के खाने में रागी की रोटी खाएं. इसमें भरपूर मात्रा में न्यूट्रिएंट्स होते हैं और कैलोरी बहुत कम होती है.
* दालचीनी, लाल मिर्च, कालीमिर्च, अदरक, सरसों आदि मसाले वज़न घटाने में सहायक हैं इसलिए इनका सेवन भी कर सकती हैं.
* पपीता, अनन्नास, सेब, अमरूद, अंगूर, पीच आदि फल भी वज़न कम करने में सहायक हैं.

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किस समय क्या खाएं?
डायटिंग का पहला मंत्र है दिनभर में थोड़ा-थोड़ा खाना. इससे भूख भी नहीं लगती और वज़न भी कम होता है इसलिए पूरे दिनभर में 5 बार खाएं. साथ ही यह भी देखें कि आप किस समय क्या खा रही हैं.

सुबह का नाश्ता
अंकुरित अनाज, गाय का दूध, अंडे, नट्स आदि को अपने सुबह के नाश्ते में शामिल करें. इडली, डोसा, पोहा आदि भी ले सकती हैं.

मिड मील
नाश्ता व दोपहर के खाने के बीच में जब थोड़ी भूख होती है, उस समय मौसमी फल खाने चाहिए. ये आपको एनर्जी के साथ-साथ विटामिन्स और मिनरल्स भी प्रदान करते हैं, जिससे रोग-प्रतिरोधक शक्ति भी बढ़ती है. फलों के नियमित सेवन से आपको कम कैलोरी में सभी न्यूट्रीएंट्स मिल जाते हैं और ये वज़न कम करने में मददगार होते हैं.

दोपहर का खाना
इसमें ज्वारी, बाजरा, नाचनी से बनी रोटी का समावेश करें. हरी सब्ज़ियां व सभी प्रकार की दालों का भी समावेश किया जाना चाहिए. साथ ही सलाद भी खाएं. कैलोरीज़ कम करने के लिए रोटी में घी न लगाएं. सब्ज़ियों व दाल में भी कम घी/तेल का तड़का लगाएं. मसाले जैसे हल्दी, कालीमिर्च, हींग आदि के प्रयोग से भोजन को स्वादिष्ट बनाया जा सकता है. इन मसालों से शरीर का मेटाबॉलिज़्म भी बढ़ता है, जिससे वज़न कम होने में मदद मिलती है.

शाम का नाश्ता
इस समय नारियल पानी, छाछ या दही लिया जा सकता है. भूने हुए चने, ब्राउन ब्रेड सैंडविच, फ्रूट आदि भी ले सकती हैं.

रात का खाना
रात को हल्का खाना जैसे- सूप, सलाद, खिचड़ी आदि लेने से वज़न कम होता है. रात के खाने और सोने में लगभग 3 घंटे का अंतर होना चाहिए.

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