Krishna Janmashtami 2018

हर साल कृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्व बहुत ही हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है. कृष्ण जन्माष्टमी की रात 12 बजे जहां भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का उत्सव मनाया जाता है तो उसके अगले दिन यानी दही-हंडी के मौक़े पर माखन चोरों की टोली मटकी फोड़ने के लिए निकल पड़ती है. देश के हर कोने में भगवान कृष्ण के जन्मोत्सव को बहुत ही धूमधाम से मनाया जाता है. ऐसे में भला बॉलीवुड कैसे पीछे रह सकता है. जी हां, बॉलीवुड की फिल्मों में भी कृष्ण जन्माष्टमी और दही-हंडी की धूम देखने को मिलती है. इसी कड़ी में हम आपके लिए लेकर आए हैं बॉलीवुड के ऐसे ही टॉप 10 दही-हंडी के गाने, जो आपके इस पर्व को और भी ख़ास बना देंगे

Dahi Handi Songs

1- फिल्म- ‘अोह माय गॉड’ (गाना-गो गो गोविंदा…)

https://www.youtube.com/watch?list=PL8SYmwmngOaB0e3VMDyX0now6UthByDRz&v=DYtcl4H-Heo

2- फिल्म- ‘रंगरेज़’ (गाना- नंद का लाला रे आला…)

3- फिल्म- ‘हैल्लो ब्रदर’ (गाना- चांदी की डाल पर सोने का मोर…)

https://www.youtube.com/watch?v=Ycqt57uHKBI

4- फिल्म- ‘वास्तव’ (गाना- हर तरफ़ है ये शोर…)

5- फिल्म- ‘मैं कृष्णा हूं’ (गाना- गोविंदा आला रे…)

6- फिल्म- ‘काला बाजार’ (गाना-आला रे आला गोविंदा आला…)

7- फिल्म- ‘खुद्दार’ (गाना- मच गया शोर…)

https://www.youtube.com/watch?v=ad1FWLwKjaA

8- फिल्म- ‘बदला’ (गाना- शोर मच गया शोर…)

https://www.youtube.com/watch?v=Zgu6KY5WSmA

9- फिल्म- ‘ब्लफ मास्टर’ (गाना- गोविंदा आला रे आला…)

https://www.youtube.com/watch?v=Z60TE_JDsJE

10- फिल्म- ‘मुकाबला’ (गाना- तीन बत्तीवाला गोविंदा आला…)

https://www.youtube.com/watch?v=9cY4x8Fl6HU

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  1. कृष्ण जन्माष्टमी 2018 (Krishna Janmashtami 2018) के ख़ास अवसर पर मनोकामना पूरी करने के लिए 5 उपाय करने से आपकी समस्याएं हमेशा के लिए ख़त्म हो जाएंगी. हम जब भी दुखी या निराश-हताश होते हैं, तो ईश्वर की शरण में जाते हैं. तो क्यों न कृष्ण जन्माष्टमी के ख़ास मौके पर भगवान कृष्ण से मनचाहा फल मांगें. कृष्ण जन्माष्टमी के दिन कौन-से 5 उपाय आपका भाग्य बदल सकते हैं? बता रहे हैं पंडित राजेंद्रजी.

Krishna Janmashtami 2018

जल्दी धनवान बनने के लिए करें ये उपाय:
1 ) सौभाग्य वृद्धि के लिए कृष्ण जन्माष्टमी को भगवान श्रीकृष्ण को सफेद मिठाई या खीर में तुलसी के पत्ते डाल कर भोग लगाएं. साथ ही ‘श्रीवल्लभाय स्वाहा’ इस मंत्र की 11 माला पढ़ें. ऐसा करने से सौभाग्य की वृद्धि होती है. मंत्र पढ़ने के बाद वह प्रसाद खुद खाएं और पूरे परिवार को खिलाएं.
2 ) धनवृद्धि के लिए दक्षिणावर्ती शंख में गाय का दूध डालकर श्रीकृष्ण का अभिषेक करें. अभिषेक करते समय ‘ॐ नमो भगवते श्री गोविंदाय’ यह मंत्र ज़रूर बोलते जाएं. ऐसा करने से आपकी धन संबंधी समस्याएं समाप्त होंगी और अटूट धन की प्राप्ति होगी.

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सुख-शांति के लिए करें ये उपाय:
3) भगवान श्रीकृष्ण अथवा विष्णु के मंदिर में जाकर तुलसी की माला से निम्न मंत्र की 11 माला जाप करें. जप के बाद भगवान को पीले वस्त्र तथा तुलसी के पत्ते अर्पित करें. मंत्र इस प्रकार है: “क्लीं कृष्णाय वासुदेवाय हरि: परमात्मने प्रणत: क्लेशनाशाय गोविंदाय नमो नम:”

कर्जा चुकाने के लिए करें ये उपाय:
4) जन्माष्टमी के दिन श्मशान के कुएं का जल लाकर किसी पीपल के वृक्ष में चढ़ाएं. इस उपाय को जन्माष्टमी से आरंभ कर लगातार छह शनिवार तक करें.
इस उपाय से बड़े से बड़ा कर्जा भी चुक जाएगा.

लंबे समय से अटके कार्य पूरे करने के लिए करें ये उपाय:
5) जन्माष्टमी के दिन से आरंभ कर लगातार सत्ताईस दिन तक जटा वाला नारियल और 11 बादाम श्रीकृष्ण मंदिर में चढ़ाएं और भगवान से अपनी मनोकामना कहें. इस प्रक्रिया को बीच में खंडित न करें. ऐसा करने से आपकी मनोकामना ज़रूरी पूरी होगी. ऐसा करने से असंभव काम भी पूरे हो जाते हैं.

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शुभफल और भाग्यवृद्धि के लिए करें ये उपाय:
* शुभ फल की प्राप्ति के लिए जन्माष्टमी की रात्रि में पंचामृत से श्रीकृष्ण का अभिषेक करें.
* जन्माष्टमी की रात 12 बजे भगवान श्रीकृष्ण का केसर मिश्रित दूध से अभिषेक करें तो जीवन में कभी धन की कमी नहीं आती.
* जन्माष्टमी पर भगवान कृष्ण की पूजा के समय उनके चरणों में कुछ रुपए रखें. पूजा के बाद इन रुपयों को अपने पर्स में रख लें. आपकी जेब कभी खाली नहीं रहेगी.
* जॉब और बिज़नेस में तरक्की के लिए जन्माष्टमी के दिन 7 कन्याओं को भोजन कराएं और शृंगार की वस्तु दान करें. साथ ही श्रीकृष्ण के समक्ष अपनी मनोकामना रखें. ऐसा करने से आपको जॉब और बिज़नेस में अवश्य लाभ होगा.

कृष्ण जन्माष्टमी का व्रत ऐसे करें:
पूजा और व्रत करने वाले भक्त दिन में अन्न ग्रहण न करें. कृष्ण जन्म के बाद ही अपना व्रत तोड़ें. इस दिन उपवास करने वाले भक्तों को कृष्ण जन्म के बाद स्नान करके ही उपवास खोलना चाहिए. व्रत खोलने से पहले भगवान कृष्ण को भोग लगी पंजीरी का प्रसाद ग्रहण करें.

जन्माष्टमी (Krishna Janmashtami) कब है इस बात को लेकर कई लोग असमंजस में हैं. आपकी असमंजस दूर करने के लिए पंडित राजेंद्र जी बता रहे हैं कृष्ण जन्माष्टमी 2018 का शुभ मुहूर्त और व्रत-पूजा की संपूर्ण जानकारी. अब आपकी सारी दुविधाएं दूर हो जाएंगी और आप विधि-विधान से कृष्ण जन्माष्टमी का आनंद ले सकेंगे.

Krishna Janmashtami Vra, puja vidhi

कृष्ण जन्माष्टमी कब है 2 या 3 सितंबर?
धर्मग्रंथो के अनुसार भगवान श्री कृष्णा का जन्म भाद्रपद कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि और बुधवार को हुआ था रोहिणी नक्षत्र में. पर अक्सर ऐसा होता है कि कई बार की हमें अष्टमी तिथि रात में नहीं मिल पाती और कई बार रोहिणी नक्षत्र नहीं हो पाता है. इस साल भी 2 सितंबर को रविवार 8.48 रात तक सप्तमी तिथि है और उसको बाद अष्टमी तिथि शुरू हो जाएगी और रविवार की रात को ही चंद्रमा भी रोहिणी नक्षत्र में उच्च राशि वृषभ में ही है. अतः जन्माष्टमी के लिए जो तिथि, वार और नक्षत्र जो होने चाहिए वो रविवार की रात्रि को ही है इसलिए व्रत पूजन, कृष्ण भगवान (Lord Krishna Janmastami) को झूला झुलाना यह रविवार को ही होगा.

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कृष्ण जन्मोत्सव (Gukul Ashtami) रविवार यानी 2 सितंबर को मनाया जाना ही सही है
3 सितंबर को रात को 7.20 से नवमी तिथि है और मृगशिरा नक्षत्र है, इसमें कृष्ण भगवान का जन्म नहीं हुआ है इसलिए 3 सितंबर को कृष्ण जन्मोत्सव मानना शास्त्र सम्मत नहीं है.

ऋषि व्यास नारद जी कहते हैं, “सप्तमी तिथि के साथ अगर अष्टमी तिथि भी लग जाय, तो ऐसे में उस दिन ही व्रत पूजन करना चाहिए.”
पर इसमें भी वैष्णव मत वाले लोग जैसे कि मथुरा वृंदावन उत्तर प्रदेश महाराष्ट्र बिहार यहां पर यह लोग उदयकालीन अष्टमी तिथि को ग्रहण करते हैं. रात को चाहे नवमी तिथि होअष्टमी हो या न हो इसलिए कैलेंडर में 3 सितंबर की जन्म अष्टमी लिखी है. पर कृष्ण भगवान का जन्म रोहिणी नक्षत्र अष्टमी तिथि को हुआ था इसलिए श्री कृष्णा जन्मोत्सव रविवार को ही मनाना सही है. 2 सितंबर जन्माष्टमी बिल्कुल सही है. रविवार को यह पर्व व्रत करना चाहिए, जो सही भी है.

कृष्ण जन्माष्टमी के लिए पूजन सामग्री:
एक चौकी, लाल कपड़ा, बालकृष्ण की मूर्ति या चित्र, सिंघासन, पंचामृत, गंगाजल, दीपक, घी, बत्ती, धूपबत्ती, अष्टगंध चंदन या रोली, अक्षत (कच्चे साबूत चावल), तुलसी, माखन, मिश्री, खीर, शृंगार सामग्री, इत्र और फूल माला.