prasoon joshi

पहलाज निहलानी को सेंसर बोर्ड के चेयरपर्सन के पद से हटा दिया गया है. उनकी जगह जाने-माने लेखक व कवि प्रसून जोशी को CBFC का चेयरपर्सन नियुक्त किया गया है. रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने ट्विट करके प्रसून जोशी को बधाई दी. प्रसून की नियुक्ति के संबंध में अभी तक विस्तृत जानकारी प्रदान नहीं की गई है, क्योंकि सूचना प्रसारण मंत्रालय ने उन्हें पद से हटाने का कोई प्रमुख कारण नहीं बताया, लेकिन काफी दिनों से निहलानी को हटाने की बातें चल रही थीं. सुनने में आया है कि निहालनी को इसलिए भी बर्खास्त किया गया, क्योंकि उन्होंने आपातकाल पर आधारित मधुर भंडारकर की फिल्म इंदु सरकार को पास करने में भी रोड़े अटकाए थे. गौरतलब है कि निहलानी  का तीन वर्ष का कार्यकाल जनवरी 2018 में पूरा होनेवाला था.

पहलाज निहलानी बर्खास्त, प्रसून जोशी सेंसर बोर्ड के नए चेयरपर्सन

फिल्म मेकर्स प्रकाश क्षा, मधुर भंडारकर इत्यादि  को सेंसर बोर्ड चीफ़ के पद की दौड़ में थे, लेकिन सभी अफवाहों को विराम लगाते हुए इस पद पर प्रसून जोशी कोे नियुक्त किया गया. इस बारे में अपने विचार व्यक्त करते हुए अनुभवी अभिनेता रजा मुराद ने कहा, “जो भी निर्णय लिया गया है, इंडस्ट्री उसका स्वागत करती है. निहालानी ने कार्यकाल में प्रोड्यूर्स घुटन महसूस कर रहे थे. मेरे हिसाब से मिस्टर जोशी को अप्रोच करना ज़्यादा आसान होगा.” सुनने में आया है कि विद्या बालन सेंसर बोर्ड की सदस्य होंगी.

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पीवी सिंधु, साक्षी मलिक और दीपा करमाकर के रियो ओलंपिक 2016 में शानदार प्रदर्शन के बाद पूरा देश उनकी तारीफ़ कर रहा है. देश की बेटियां मेडल लेकर आई हैं, इस बात से हर देशवासी गर्व महसूस कर रहा है. लेकिन देश में कई ऐसी जगह है जहां महिलाओं को पुरुषों से कम आंका जाता है. ओलंपिक में तिरंगा लहराने वाली बेटियों ने साबित कर दिया है कि वो पुरुषों से किसी मामले में कम नहीं. महिलाओं और लड़कियों के प्रति समाज के दोगले रवैये पर प्रसून जोशी ने अपनी कविता के ज़रिए तीखी प्रतिक्रिया की है. कुछ ही घंटों में ये कविता सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है.

https://youtu.be/2BXIpjqSNRo