Waiting Ticket

Waiting Ticket Confirmation

ट्रेन की यात्रा बड़ी मज़ेदार होती है. पूरी फैमिली के साथ हंसते-गाते कब हम डेस्टिनेशन तक पहुंच जाते हैं, पता ही नहीं चलता, लेकिन यही यात्रा तब मुसीबत बन जाती है, जब सब कुछ कंफर्म होने के बाद टिकट कंफर्म नहीं होता. वेटिंग टिकट हाथ में लेते ही चेहरे पर 12 बज जाता है. इंटरनेट से वेटिंग टिकट मिलने पर तो स्थिति और भी खराब हो जाती है, क्योंकि टिकट ही कैंसल हो जाती है. हां, विंडो टिकट लेने पर आप बहुत ज़रूरी होने पर मुसीबत में यात्रा कर सकते हैं, लेकिन यात्रा का मज़ा ख़त्म हो जाता है. आपकी इसी परेशानी को दूर करने के लिए सरकार ने नई स्कीम लॉन्च की है.

इस स्कीम को विकल्प कहते हैं. रेलवे इस 1 अप्रैल से एक नई योजना लाने की तैयारी में है, जिसमें अगर आपका वेटिंग टिकट कंफर्म नहीं होता, तो आपको प्रीमियम ट्रेनों की खाली सीटों पर कंफर्म टिकट दिया जाएगा. यानी अब वेटिंग टिकट बीते दिनों की बात हो जाएगी. उदाहरण के लिए अगर आप किसी ट्रेन का वेटिंग टिकट लेते हैं, तो आपको उसी रूट की बाकी किसी ट्रेन में कंफर्म सीट मिल सकती है. यात्रियों को सुविधा देने के लिए रेलवे ने यह योजना शुरू करने का प्लान किया है. 1 अप्रैल से आप इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं.

रेलवे की यह योजना अब तक स़िर्फ 8 रूटों पर ही थी.

इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए टिकट बुक करते समय (काउंटर या ऑनलाइन) आप वेटिंग का टिकट मिलने पर विकल्प स्कीम को स्वीकार कर सकते हैं. इससे आपको ये फ़ायदा होगा कि टिकट कंफर्म न होने पर आपके ही डेस्टिनेशन तक जानेवाली दूसरी ट्रेन में सीट उपलब्ध होने पर आपको पुराने टिकट पर ही इस ट्रेन में यात्रा करने की सुविधा रेलवे दे रही है. दूसरी ट्रेन में सीट कंफर्म होने पर अगर आप यात्रा नहीं करते हैं, तो आपके टिकट से पैसा काटा जाएगा.

इस योजना से आम आदमी के साथ-साथ रेलवे को भी फ़ायदा होगा.