Tag Archives: wife

होनेवाले लाइफ पार्टनर से क्या हैं आपकी अपेक्षाएं? (What Are Your Expectations From Your Future Spouse?)

होनेवाले लाइफ पार्टनर से क्या हैं आपकी अपेक्षाएं? (What Are Your Expectations From Your Future Spouse?)

 हर चेहरे में ढूंढ़ते हैं अक्स उसका… हर तरफ़ महसूस करते हैं वजूद उसका… उसकी हंसी कभी कानों में खनकती है, तो दिल में एक धुंधली-सी तस्वीर उभर आती है… कहीं ये उसकी आहट तो नहीं सोचकर अक्सर चौंक जाते हैं हम… तो कभी ख़्यालोें में बुनते हैं उसकी एक तस्वीर… हम भी क्या करें, दिल के हाथों मजबूर हैं इस कदर कि… उसी को ढूंढ़ते हैं आजकल दर-बदर…

 

Expectations From Your Future Spouse

कोई सपनों का राजकुमार चाहता है, तो कोई हुस्न परी, हर किसी के दिल में एक मूरत होती है, जिसे वो अपना जीवनसाथी बनाना चाहता है. होनेवाले लाइफ पार्टनर को लेकर हर किसी के मन में कुछ इच्छाएं और अपेक्षाएं होती हैं, ऐसी ही कुछ अपेक्षाओं को जानने की हमने कोशिश की.

होनेवाली पत्नी की पति से अपेक्षाएं

एक कॉर्पोरेट फर्म में काम करनेवाली रीना पांचाल कहती हैं कि मेरा होनेवाला पति संस्कारी, समझदार व केयरिंग होना चाहिए. वह एक सुलझा हुआ इंसान हो, एक ऐसा इंसान जिस पर मैं पूरी तरह भरोसा कर सकूं और जो हमारे रिश्ते को पूरी इमानदारी से निभाएगा, जो मेरी ग़लती पर मुझे समझाए और अच्छा करने पर मेरी तारीफ़ भी करे. एक और ज़रूरी बात वह मेरी सैलेरी में कभी हक़ न जताए, अगर मैं उसे अपनी मां के लिए रखना चाहूं, तो उसे कोई एतराज़ न हो.

– मैं जैसी हूं, मुझे वैसे ही अपनाए

हर लड़की यह उम्मीद करती है कि उसका पति उसे वैसे ही अपनाए, जैसी वो है. हर इंसान अलग होता है और यही तो इस रिश्ते की ख़ूबसूरती है कि दो बिल्कुल अलग लोग खट्टी-मीठी यादों के साथ पूरी ज़िंदगी बिताते हैं. महज़ अपनी सहूलियत के लिए दूसरे को बदलना अच्छी बात नहीं.

– पारिवारिक मूल्यों को महत्व देता हो

लड़कियां हमेशा एक फैमिली मैन से शादी करना चाहती हैं, जो अपने परिवार को हमेशा पहली प्राथमिकता देता हो और फैमिली के साथ क्वालिटी टाइम भी बिताता हो. ऐसा व्यक्ति अपनी गृहस्थी को भी सही तरी़के से आगे बढ़ाता है.

– दयालू व धैर्यवान हो

स्वार्थी व उतावले क़िस्म के लोग किसी को पसंद नहीं आते. कोई लड़की नहीं चाहती कि उसका होनेवाला पति दानवीर कर्ण हो, पर कंजूस भी न हो. उसमें सब्र होना चाहिए, ताकि हर नए बदलाव को धैर्य के साथ सोच-समझकर हैंडल कर सके.

– अपनी ज़िम्मेदारियों को बख़ूबी निभाता हो

हर लड़की चाहती है कि जो भी लड़का उसकी ज़िंदगी में आए, वह एक ज़िम्मेदार इंसान हो, क्योंकि अगर वह ज़िम्मेदार है, तो शादी से जुड़ी सभी ज़िम्मेदारियों को भी पूरी इमानदारी से निभाएगा. ऐसे व्यक्ति के साथ ज़िंदगी बेहद आसान हो जाती है.

न्यूज़ चैनल टीवी9 महाराष्ट्र में बतौर प्रोग्रामिंग एंकर काम करनेवाली सुनीता इल्हे के अनुसार, “मेरा होनेवाला जीवनसाथी बहुत प्यार करनेवाला तो होना ही चाहिए, साथ ही साथ इंटेलिजेंट भी होना चाहिए. ज़िंदगी में कुछ कर दिखाना चाहता हो. एक समझदार इंसान हो और हां वेल सेटल्ड होना चाहिए. वह ऐसा हो जिस पर मैं आसानी से भरोसा कर सकूं और अपनी पूरी ज़िंदगी उसके साथ बिताने के लिए तैयार हो जाऊं.”

– महिलाओं की इज़्ज़त करता हो

कहते हैं कि जो लड़का अपनी मां को बहुत प्यार करता है और उनकी इज़्ज़त करता है, वह अपनी पत्नी से भी उतना ही प्यार करेगा, इसलिए लड़कियां हमेशा एक ऐसे लड़के से शादी करना चाहती हैं, जो महिलाओं को सच्चे दिल से मान-सम्मान देता हो. पर लड़कियों को ममाज़ बॉय टाइप लड़के बिल्कुल पसंद नहीं आते.

– शादी के महत्व को समझता हो

किसी भी लड़के के लिए यह बहुत ज़रूरी है कि वह जिस बंधन में बंधने जा रहा है, उसके महत्व को समझता हो. शादी महज़ एक संस्कार नहीं एक बहुत बड़ी ज़िम्मेदारी है, जिसे आपको निभाना होता है. ख़ास तौर से शुरुआती दौर में हर क़दम पर कई समझौते करने पड़ते हैं. उसे पता होना चाहिए कि अपने दांपत्य जीवन को सुखमय बनाने के लिए उसे रिश्ते को इमानदारी से निभाना होगा.

– फाइनेंशियली स्मार्ट हो

हर लड़की चाहती है कि उसका होनेवाला पति भले ही बहुत अमीर न हो, पर इतना मेहनती व स्मार्ट हो कि उसे कभी किसी चीज़ के लिए अपना मन न मारना पड़े. माना कि किसी भी इंसान की हर इच्छा पूरी नहीं हो सकती, पर ज़्यादा-से-ज़्यादा करने की कोशिश तो कर ही सकते हैं.

– जो ख़ुद के साथ-साथ दूसरों का भी ख़्याल रखे

कहते हैं कि जो ख़ुद से प्यार करता है, वो दूसरों से भी उतना ही प्यार करता है. लड़कियों को ऐसे लड़के बिल्कुल अच्छे नहीं लगते, जो स़िर्फ दूसरों का ख़्याल रखते हैं या स़िर्फ अपना ख़्याल रखते हैं. लड़का ऐसा हो, जो अपने साथ-साथ दूसरों का भी ख़्याल रखे.

– जो परिवार के साथ-साथ समाज के प्रति भी जागरूक हो

लड़कियां चाहती हैं कि उनका होनेवाला पति ऐसा हो, जो अपने व अपने परिवार के साथ-साथ समाज के प्रति भी जागरूक हो और समाज की बेहतरी के लिए कुछ कर दिखाना पसंद करता हो.

 – प्रोग्रेसिव सोचवाला हो

समय बदलने के साथ-साथ हमारी लाइफस्टाइल काफ़ी बदली है, ऐसे में लड़कियां चाहती हैं कि उनका होनेवाला पति समय के साथ क़दम से क़दम मिलाकर चलनेवाला हो. वह आगे बढ़ने और कुछ कर दिखाने में विश्‍वास रखता हो. अपने साथ-साथ अपने परिवार की प्रगति का भी पूरा ख़्याल रखता हो. पत्नी की क़ामयाबी को देखकर उसे आगे बढ़ने की प्रेरणा देने वाला एक मज़बूत प्रेरणादायक स्रोत बन सके.

– सेंस ऑफ ह्यूमर अच्छा हो

हंसते रहें, तो ज़िंदगी बड़े आसानी से बीत जाती है. उसका सेंस ऑफ ह्यूमर अच्छा हो, ताकि घर में हंसी-ख़ुशी का माहौल बना रहे. वह मुझे कभी उदास न रहने दे.

मुंबई में काम करनेवाली योगिता शिंदे कहती हैं कि मेरा होनेवाला पति पारिवारिक मूल्यों को सबसे ज़्यादा महत्व देता हो. वह एक समझदार व केयरिंग इंसान हो. उसमें कुछ कर गुज़रने की चाहत हो और वह ज़िंदगी में आगे बढ़ना चाहता हो. उसकी सोच प्रोग्रसिव हो और उसकी ज़िंदगी में एक ख़ास मकसद हो.

ये भी पढें: रिश्ते से डिलीट करें इन 10 आदतों को

Expectations From Your Future Spouse

होनेवाले पति की पत्नी से अपेक्षाएं

पेशे से वकील गजेंद्र वैती कहते हैं कि अपेक्षाएं तो हर किसी की होती हैं, पर मुझे लगता है कि अपनी होनेवाली पत्नी से कुछ अपेक्षाएं करने से पहले मुझे अपनी ज़िम्मेदारियों का एहसास होना चाहिए. एक लड़की जब अपना घर, परिवार सब कुछ मेरी ख़ातिर छोड़कर आती है, तो यह मेरा कर्तव्य है कि मैं उसे अपने घर में पराया महसूस न होने दूं. मैं उसके माता-पिता को अपनों-सा प्यार दूं और उससे भी उम्मीद करूंगा कि वह मेरे माता-पिता को पूरे दिल से अपनाए. अगर उसे कोई परेशानी हो, तो किसी और को बताने से पहले मुझे बताए, ताकि हम मिल-जुलकर किसी भी समस्या को सुलझा सकें.

– मैं उस पर आंख मूंदकर भरोसा कर सकूं

आज भले ही ज़माने में कितने ही बदलाव आ रहे हों, पर हर रिश्ते की नींव आज भी विश्‍वास ही होती है. भरोसे और विश्‍वास पर टिका यह रिश्ता दोनों की समझदारी पर भी निर्भर रहता है. इसलिए हर लड़का चाहता है कि उसकी ज़िंदगी में ऐसी लड़की आए, जिस पर वह आंख मूंदकर विश्‍वास कर सके.

– ज़िंदगी को एंजॉय करना जानती हो

हर लड़के को यह उम्मीद होती है कि उसके जीवन में आनेवाली लड़की ज़िंदगी को एंजॉय करना जानती हो. छोटी-छोटी चीज़ों में ख़ुशियां ढूंढ़कर ख़ुद भी ख़ुश रहे और दूसरों को भी ख़ुश रखे. ऐसे लाइफ पार्टनर के साथ ज़िंदगी बहुत आसान हो जाती है.

– मज़बूत सपोर्ट सिस्टम बन सके

किसी भी परिवार में अकस्मात कोई भी परेशानी आ सकती है. कभी-कभी ऐसी स्थिति में घरवालों को एक मज़बूत सपोर्ट सिस्टम की ज़रूरत होती है. ऐसे में मज़बूत इरादोंवाली लड़की पूरे परिवार को संभाल सकती है. लड़कों को ऐसी ही लड़कियों की तलाश होती हैं.

– मुझे पर्याप्त स्पेस दे

कुछ लड़कियों की आदत होती है, सैटेलाइट की तरह हर व़क्त पति के पीछे पड़े रहना. अगर रिश्ते में पर्याप्त स्पेस न मिले, तो रिश्ते में घुटन पैदा होने लगती है. इसलिए लड़के चाहते हैं कि उनकी होनेवाली पत्नी इतनी प्रैक्टिकल हो कि इस बात को समझ सके.

– जो मेरे बिना कुछ कहे सब समझ जाए

भले ही लड़के व लड़कियों की समझ अलग-अलग होती है, फिर भी सभी लड़के चाहते हैं, कि उनकी होनेवाली पत्नी ऐसी हो, जो बिन कहे उनके दिल की बात समझ सके.

– एक अच्छी मां बन सके

हर लड़का चाहता है कि उसकी होनेवाली पत्नी ऐसी हो, जो एक बहुत अच्छी मां बन सके, ताकि उसके बच्चों की अच्छी परवरिश हो सके. वैसे कहा जाता है कि हर लड़की में जन्म से ही ममता होती है, पर वह कितनी अच्छी मां बनेगी, यह तो तभी पता चलता है, जब वह मां बनती है.

– दूसरों का ख़्याल रखना जानती हो

कुछ लड़कियां पति को तो पूरे मन से अपना लेती हैं, पर उसके घरवालों को हमेशा पराया ही समझती हैं. किसी की पत्नी स़िर्फ उसकी पत्नी नहीं, बल्कि उस परिवार की बहू भी होती है. इसलिए ज़्यादातर लड़के यही चाहते हैं कि जो भी लड़की उसकी ज़िंदगी में आए वह घर के हर सदस्य को अपनाए.

– जिसे अपनी प्राथमिकताएं पता हों

ज़्यादातर लड़किया अपनी ज़रूरतों और चाहतों में अंतर नहीं कर पाती, नतीजतन फिज़ूख़र्ची करने लगती हैं. अपने पति की पॉकेट पर उसका पूरा हक़ होता है, पर घर की ज़िम्मेदारी भी उसके कंधों पर होती है, ऐसे में उसे अपनी प्राथमिकताएं रखनी आती हों.

– मेरे परिवार को अपना परिवार मानकर अपनाए

ज़्यादातर लड़के अपने परिवार से बहुत प्यार करते हैं, इसलिए चाहते हैं कि जो भी लड़की उसकी ज़िंदगी में आए, वह उसके परिवार को अपने परिवार की तरह अपनाए. हालांकि यह कहना जितना आसान है, करना उतना ही मुश्किल. पर अगर मैं उसके परिवार को अपने परिवार की तरह अपनाऊं, तो शायद उसके लिए भी आसान हो जाए.

– समझदार व ज़िम्मेदार हो

हर लड़के की यह दिली तमन्ना होती है कि जो लड़की उसकी ज़िंदगी में आए, वह समझदार व ज़िम्मेदार हो. घर-गृहस्थी की ज़िम्मेदारी को बख़ूबी निभा सके.

एक एनजीओ में काम करनेवाले आसिफ़ सैयद के अनुसार, “उनकी होनेवाली लाइफ पार्टनर अच्छी पढ़ी-लिखी और समझदार हो. वह छोटी-छोटी बातों का बतंगड़ बनानेवाली न हो, साथ ही एक अच्छी कुक हो. मेरे लिए चेहरे की ख़ूबसूरती मायने नहीं रखती, बस वह नेकदिल हो. मैं चाहता हूं कि वह अपने साथ-साथ अपनों का ख़्याल रखना भी जानती हो.”

 – अनीता सिंह 

 

ये भी पढें:पति की इन 7 आदतों से जानें कितना प्यार करते हैं वो आपको
ये भी पढें: रिलेशनशिप हेल्पलाइनः कैसे जोड़ें लव कनेक्शन?

मोहम्मद शमी की पत्नी ने लगाया मारपीट का आरोप, पति की सेक्स चैट की सोशल मीडिया पर पोस्ट (Mohammed Shami’s Wife Accuses Him Of Extramarital Affairs, Shares His Sex Chats Online)

Mohammed Shami, Wife, Extramarital Affairs, Sex Chats Online

मोहम्मद शमी की पत्नी ने लगाया मारपीट का आरोप, पति की सेक्स चैट की सोशल मीडिया पर पोस्ट (Mohammed Shami’s Wife Accuses Him Of Extramarital Affairs, Shares His Sex Chats Online)

जी हां ये बिलकुल सच है, भारतीय क्रिकेट टीम के सितारे शमी की पत्नी ने उनके एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर्स को आम कर दिया और बेबाकी से सोशल मीडिया पर सारे सबूतों के साथ चैट्स पोस्ट कर दी. उनकी पत्नी हसीन जहां ने शमी पर मारपीट का भी आरोप लगाया है. हसीन का कहना है कि ये तो मात्र एक छोटा सा ट्रेलर है, शमी के सम्बन्ध कई लड़कियों के साथ हैं और उनका रिश्ता पाकिस्तान की सेक्स वर्कर से भी है.
गौरतलब है कि जनवरी में हसीन ने पुलिस में मौखिक शिकायत की थी कि उन्हें उनके पति ससुरालवाले परेशान करते हैं, लेकिन उस वक़्त वो कोई कानूनी कार्रवाई नहीं करना चाहती थीं.

ये उन चैट्स के कुछ अंश हैं जो हसीन ने पोस्ट किये थे

ये भी पढ़ें: OMG कौन है ये विराट की बांहों में…

ये भी पढ़ें: अनुष्का की गोद में कौन है ये क्यूट बेबी?

हर किसी को जाननी चाहिए सेक्स से ज़ुड़ी ये 35 रोचक बातें (35 Interesting Facts About Sex)

Interesting Facts About Sex
सेक्स से जुड़ी बहुतसी ऐसी बातें हैं जिनके बारे में शायद ही आपको कोई जानकारी हो. आपकी सेक्स नॉलेज को बढ़ाने के लिए प्रस्तुत है वैज्ञानिकों द्वारा समयसमय पर किए गए सेक्स संबंधी शोध और सर्वे रिपोर्ट्स की संक्षिप्त जानकारी.

Interesting Facts About Sex

1. सप्ताह में दो या तीन बार सेक्स करनेवाले लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ जाती है.

2. एक सर्वे के अनुसार, 60% पुरुष चाहते हैं कि सेक्स के लिए औरत पहल करे.

3. सेक्स के दौरान हार्ट अटैक से मरनेवाले पुरुषों में से 85% पुरुष ऐसे होते हैं, जो अपनी पत्नी को धोखा दे रहे होते हैं.

4. जिन लोगों को अनिद्रा की शिकायत हो, उनके लिए सेक्स से बेहतर कुछ हो ही नहीं सकता, क्योंकि सेक्स के बाद अच्छी नींद आती है. रिसर्च के अनुसार, ये नींदवाली दूसरी दवाओं की तुलना में 10 गुना ज़्यादा कारगर है.

5. 20% पुरुषों को ओरल सेक्स से आनंद आता है, जबकि 6% महिलाओं को ये महज़ फोरप्ले का हिस्सा लगता है.

6. अमेरिका में 12-15 साल के किशारों में ओरल सेक्स का चलन तेज़ी से बढ़ रहा है और मज़ेदार बात तो ये है कि वो इसे सेक्सुअल क्रिया मानते ही नहीं.

7. 25 % महिलाएं सोचती हैं कि पुरुष रुपएपैसे से सेक्सी बनता है.

8. ज़्यादा सेक्स करनेवाले पुरुषों की दाढ़ी अपेक्षाकृत तेज़ी से बढ़ती है.

9. लेटेक्स कंडोम की औसत लाइफ़ 2 साल होती है.

10. रोमांटिक उपन्यास पढ़नेवाली औरतें ऐसे उपन्यास न पढ़नेवाली औरतों की तुलना में सेक्स का ज़्यादा आनंद उठा सकती हैं.

यह भी पढ़ें: 7 स्मार्ट ट्रिक्स से सुपरचार्ज करें अपनी सेक्स लाइफ

11. यूनिवर्सिटी ऑफ रोचेस्टर्स के मनोवैज्ञानिकों द्वारा किए गए शोध के अनुसार, पुरुष किसी भी दूसरे रंग के मुक़ाबले लाल रंग के परिधान में महिलाओं की ओर ज़्यादा आकर्षित होते हैं.

12. हाल ही में हुए शोध के अनुसार, जिन महिलाओं में इमोशनल इंटेलिजेन्स (अपनी भावनाओं को समझने के साथसाथ अपने आसपास रहनेवाले लोगों की भावनाओं व ज़रूरतों की समझ) बेहतर होती है, वे सेक्स में उतनी ही अच्छी पार्टनर साबित होती हैं.

13. अक्सर कहा जाता है कि महिलाओं को सेक्स के लिए उत्तेजित होने में कम से कम 20 मिनट का समय लगता है, परंतु शोध से पता चला है कि किसी पुरुष की कल्पना और फोरप्ले से उत्तेजित होने में उन्हें मात्र 10 मिनट लगता है.

14. पुरुष तथा महिलाएं दोनों ही एक दिन में कई बार ऑगैऱ्ज्म का अनुभव कर सकते हैं.

15. अगर किसी महिला में सेक्स उत्तेजना उत्पन्न नहीं होती, तो एक बार ‘बर्थ कंट्रोल पिल्स’ को बदलकर देखें, क्योंकि कई बार अलगअलग पिल्स में पाए जानेवाले हार्मोंस सेक्स की उत्तेजना को प्रभावित करते हैं. इन्हें बदलने से समस्या हल हो सकती है.

Interesting Facts About Sex

 

16. कई बार सीमेन (वीर्य) से ब्लीच जैसी गंध आती है. इससे कोई हानि नहीं है. यह प्राकृतिक डिसइंफेक्टेंट होता है एवं स्पर्म्स को योनि में पाए जानेवाले एसिड के बुरे प्रभाव से बचाता है.

17. एंकलबोन के नीचे एड़ी में सर्कुलर मसाज करने से सेक्सुअल उत्तेजना बढ़ती है.

18. पुरुष रात्रि की नींद के दौरान औसतन 4 या 5 बार इरेक्शन अनुभव करते हैं.

19. रिसर्च द्वारा पता चला है कि जो लड़कियां साइकिल रेस में हिस्सा लेती हैं या हर हफ़्ते 100 मील साइकिल चलाती हैं, उनकी बाह्य जननेंद्रियों का सेंसेशन कम हो जाता है.

20. पेनिस की लंबाई का ऑर्गैज़्म से कोई संबंध नहीं होता, क्योंकि योनि का केवल 1/3 भाग ही संवेदनशील होता है. अगर सेक्स पोज़ीशन सही हो, तो छोटा पेनिस भी ऑर्गैज़्म दे सकता है.

21. जर्मन शोधकर्ताओं के अनुसार, सुरक्षित रिलेशनशिप में महिलाओं की सेक्सुअल इच्छा कम हो जाती है. 4-5 साल साथसाथ रहने के बाद महिलाएं पुरुषों की इच्छानुसार सेक्स करती हैं.

22. ऐसे पुरुष, जिनके अनेक स्रियों से संबंध होते हैं, वे सेक्स को बहुत महत्वपूर्ण तो समझते हैं, परंतु अपने रिलेशनशिप से पूरी तरह संतुष्ट नहीं होते.

23. एक सर्वे के अनुसार, सेक्स के लिए कपल्स की सबसे पसंदीदा जगह बेडरूम के अलावा कार होती है.

24. यूनिवर्सिटी ऑफ ट्रॉम्प में हुए रिसर्च के अनुसार, नीली आंखोंवाले पुरुष अक्सर नीली आंखोंवाली स्री को ही पसंद करतेे हैं. यदि उनका बच्चा भूरी आंखोंवाला हुआ, तो वे सोचते हैं कि उनकी पत्नी ने उनके साथ धोखा किया है. वैसे आनुवांशिकता का नियम भी यही कहता है.

25. महिलाएं पीरियड्स के दौरान या उसके ठीक पहले ज़्यादा सुखद ऑर्गैज़्म का अनुभव करती हैं. ऐसा उनके पेल्विक एरिया में रक्तसंचार के बढ़ने के कारण होता है.

ये भी पढें: ज़िद्दी पार्टनर को कैसे हैंडल करेंः जानें ईज़ी टिप्स

26. सेक्स के दौरान पुरुषों की अपेक्षा महिलाएं ज़्यादा कल्पनाशील हो जाती हैं. इस तरह की सेक्सुअल फेंटेसी से उन्हें संतुष्टि तो मिलती ही है, आपसी संबंध भी मज़बूत होते हैं.

27. जो पुरुष ज़्यादातर सेक्सुअल फेंटेसी में रहते हैं, वे अपने रोमांटिक रिलेशनशिप से कम संतुष्ट रहते हैं.

28. एक रिसर्च के अनुसार, कॉलेज के दौरान जो लड़के सेक्स में लिप्त रहते हैं, वे अक्सर डिप्रेशन में चले जाते हैं, जबकि सेक्स न करनेवाले विद्यार्थी नॉर्मल रहते हैं.

29. कुछ महिलाओं को सीमेन (वीर्य) से एलर्जी होती है. सीमेन में मौजूद प्रोटीन के कारण उनके जननांग एवंं शरीर के अन्य हिस्सों पर जलन व खुजली की समस्या हो जाती है.

30. अध्ययन बताते हैं कि सेक्स से सिरदर्द व जा़ेडों का दर्द दूर होता है. वास्तव में ऑर्गैज़्म के तुरंत बाद ऑक्सीटोसिन हार्मोन का लेवल 5 गुना बढ़ जाता है, जिससे एंडॉरफिन हार्मोन का स्राव होता है. यह दर्द को दूर भगाता है.

31. सामान्यतः ऐसा समझा जाता है कि प्रेग्नेंसी से सेक्स की इच्छा मर जाती है, परंतु ऐसा नहीं है. गर्भावस्था के दौरान ज़्यादातर महिलाओं की सेक्स की इच्छा या तो बढ़ जाती है या पहले जैसी ही होती है.

32. रिसर्च के अनुसार, सिगरेट नहीं पीनेवालों की सेक्स की इच्छा, आनंद व संतुष्टि सिगरेट पीनेवालों की अपेक्षा ज़्यादा होती है.

33. जर्नल ऑफ सेक्स रिसर्च के अनुसार, कपल्स सामान्य तौर पर फोरप्ले में 11 से 13 मिनट लगाते हैं.

34. एक सर्वे के अनुसार, हफ़्ते में 3 या 4 बार सेक्स करने की इच्छा रखनेवाले पुरुषों व महिलाओं की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है.

35. जर्नल ऑफ सेक्सुअल मेडिसिन में छपी रिपोर्ट के अनुसार, बर्थ कंट्रोल पिल्स लेने से महिलाओं में सेक्स करने की इच्छा कम हो जाती है.

ये भी पढें: बेहतर रिश्ते के लिए पति-पत्नी जानें एक-दूसरे के ये 5 हेल्थ फैक्ट्स

A Timeless Romance: शशि कपूर का पहला और आखिरी प्यार थीं उनकी पत्नी जेनिफर, जानें पूरी कहानी (Timeless Love Story Of Shashi Kapoor And Wife Jennifer Kendal)

Love Story Of Shashi Kapoor And Wife Jennifer Kendal

बॉलीवुड के रोमांटिक ऐक्टर शशि कपूर नहीं रहे. 79 की उम्र में उनका निधन हो गया. पूरा बॉलीवुड इस ख़बर से दुखी है.Love Story Of Shashi Kapoor And Wife Jennifer Kendalशशि कपूर (Shashi Kapoor) का बॉलीवुड करियर जितना शानदार रहा है, उतनी ही फिल्मी रही है उनकी लव स्टोरी (Love Story). कपूर परिवार से शशि कपूर ही अकेले हैं, जिन्होंने एक विदेशी लड़की से शादी रचाई थी. उन्हें पहली नज़र में जेनिफर (Jennifer Kendal) से प्यार हो गया था. दोनों की लव स्टोरी किसी प्यार करने वाले के लिए एक मिसाल ही है. पहली नज़र के इस प्यार को दोनों ने शादी के सात फेरों के साथ निभाया.

Love Story Of Shashi Kapoor And Wife Jennifer Kendalशशि और जेनिफर की लव स्टोरी बेहद रोमांचक थी, लेकिन इसका एक दुखद अंत हुआ. ये उन दिनों की बात है जब साल 1956 में शशि कोलकत्ता में थिएटर में एक प्ले कर रहे थे. प्ले चार हफ़्तों तक चलने वाला था. शशि का प्ले इतना अच्छा था कि उन्हें और कुछ दिनों तक परफॉर्म करने के लिए कहा गया. शशि कुछ दिनों से नोटिस कर रहे थे कि प्ले देखने के लिए रोज़ एक विदेशी लड़की आती है, जो रोज़ एक ही जगह बैठती है. दरअसल वो लड़की कोलकत्ता के फेमस शेक्सपीयाराना इंटरनेशनल थिएटर कंपनी के मालिक की बेटी है, जिसे शशि कपूर के प्ले की वजह से इंतज़ार करना पड़ रहा था. शशि को जेनिफर से प्यार हो गया था, लेकिन उनकी बात करने की हिम्मत नहीं थी. शशि ने जेनिफर से बात करने के लिए अपने कज़िन की मदद ली. जब शशि जेनिफर से पहली बार मिले, तब तक न ही शशि की कोई गर्लफ्रेंड थी, न ही उन्हें कभी किसी से प्यार हुआ था, ये पहले प्यार का एहसास था. पहली मुलाकात दोनों की ख़ास नहीं थी, लेकिन मिलने का सिलसिला शुरू हुआ और दोनों को एक-दूसरे से प्यार हो गया.

यह भी पढ़ें: बेटी के साथ कज़िन की शादी में शामिल हुईं एेश, देखें Pics

Love Story Of Shashi Kapoor And Wife Jennifer Kendalकेंडल का परिवार दोनों के रिश्ते से ख़ुश नहीं था, लेकिन शशि के भाई शम्‍मी कपूर की पत्‍नी गीता बाली ने दोनों को ख़ूब सपोर्ट किया और फिर दोनों ने साल 1958 में शादी कर ली. शशि और जेनिफर की लव स्टोरी में एक दुखद मोड़ तब आया जब जेनिफर ने साल 1984 में उनका साथ हमेशा के लिए छोड़ दिया. कैंसर की वजह से जेनिफर की मौत हो गई. जेनिफर की मौत ने शशि को इस कद्र तोड़ दिया कि उन्होंने लोगों से मिलना-जुलना छोड़ दिया, अपनी सेहत का ध्यान रखना छोड़ दिया जिसकी वजह से उनका वज़न बढ़ने लग गया. दूरदर्शन को दिए एक इंटरव्‍यू में शश‍ि ने कहा कि पत्‍नी की मौत के बाद उन्हें लगा कि अब किसके लिए फिट रहना, इसलिए उन्होंने बिना सोचे-समझे खाना शुरू कर दिया था.

 

शशि कपूर और जेनिफर केंडल की ये लव स्टोरी वाकई एक मिसाल है.

मेरी सहेली की ओर से ग्रेट ऐक्टर शशि कपूर को भावभीनी श्रद्धांजलि.

सौरव गांगुली का बिटिया सना के साथ पहला फोटो शूट… छाया सोशल मीडिया पर (Perfect Father-daughter: Sourav Ganguly’s First Photo-Shoot With Daughter Sana Wins Hearts On Social Media)

Sourav Ganguly Daughter
सौरव गांगुली का अपनी बिटिया के साथ पहले फोटो शूट ने जीता सबको दिल!

सौरव गांगुली क्रिकेट की दुनिया के बेताज बादशाह तो हैं ही, लेकिन वो एक परफेक्ट फादर भी हैं. जी हां, अपनी 16 साल की बिटिया सना के साथ उन्होंने हाल ही में एक फोटो शूट करवाया, जो इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है. सौरव और सना ने यह फोटो शूट एक जूलरी ब्रैंड के लिए किया, जिसे बेहद पसंद किया जा रहा है. गुलाबी साड़ी में सिमटी सना बेहद प्यारी लग रही हैं और उन्हें बेहद लाड से निहार रहे हैं पिता सौरव. सौरव की पत्नी डोना ने अपने फेसबुक अकाउंट पर ये पिक्चर्स अपलोड की हैं, जिन्हें फैंस बेहद पसंद कर रहे हैं. आप भी देखिए पिता और बेटी के इस ख़ास अंदाज़ को.

18527532_855685227916888_1212432238579866907_n

18582616_855685231250221_289436476947305066_n

18519684_855684411250303_8712484399774201844_n

18519686_855684441250300_1052710979586212875_n

18620126_855684471250297_5756596070962595679_n

डोना ने ये पिक्चर्स फेसबुक पर अपलोड करते समय सना के लिए एक प्यारा सा मैसेज भी पोस्ट किया है. 

Capture (2)

एक नज़र क्रिकेटर्स की हॉट एंड ग्लैमरस वाइफ पर (hot & glamorous wife of Indian cricketers)

FotorCreatedpppp

खेल के मैदान पर कमाल दिखानेवाले इंडियन क्रिकेटर्स की पत्नियां भी अपनी ख़ूबसूरती और ग्लैमर के नाते मीडिया में छाई रहती हैं. ऐसा कोई मौक़ा नहीं छोड़तीं वो, जब उन्हें कैमरा नोटिस न करे. तो चलिए आप भी एक नज़र डालिए उन हॉट और ग्लैमरस वाइफ पर और बताइए कि कौन है सबसे ज़्यादा ग्लैमरस.

geeta foto

यह भी पढ़ें: Inside Pictures! सैफ हुए 47 के, पार्टी में सारा को देखते रह जाएंगे आप

ये हैं गीता बसरा. क्रिकेटर हरभजन सिंह की वाइफ. जिस तरह से भज्जी अपनी बॉल से बल्लेबाजों के छक्के छुड़ा देते थे, ठीक उसी तरह उनकी पत्नी गीता भी अपनी हॉट और ग्लैमरस अदा से लोगों के होश उड़ा देती हैं. हाल ही में गीता बसरा मां बनी हैं, लेकिन इससे उनकी ख़ूबसूरती पर कोई फर्क़ नहीं पड़ा है.

FotorCreatedha

क्रिकेटर युवराज सिंह की पत्नी हेज़ल कीच बेहद प्रिटी और ग्लैमरस हैं. कीच ब्रिटिश मूल की एक्ट्रेस हैं. उनकी ख़ूबसूरती ने ही युवराज को दीवाना बना दिया था. आप भी देखिए हेज़ल की ये अदा.

FotorCreateddeepika

यह भी पढ़ें: इंटरनेट पर वायरल हुईं तैमूर की ख़ास तस्वीरें

सिंपल बॉय दिनेश कार्तिक की ग्लैमरस वाइफ दीपिका पर भी एक नज़र तो डालिए. दीपिका किसी बॉलीवुड की अदाकारा से कम नहीं लगतीं. दीपिका की स्माइल बहुत ही प्यारी है. हम आपको बता दें कि दीपिका स्न्वैश प्लेयर हैं. ख़ूबसूरती के साथ-साथ उनमें ग़ज़ब का टैलेंड भी है.

FotorCreatedmayanti-

स्टूअर्ट बिन्नी की वाइफ मयंती की ख़ूबसूरती और हॉटनेस की चर्चा मीडिया में होती ही रहती है. हम आपको बता दें कि मयंती टीवी पर स्पोर्ट्स की एंकरिंग करती हैं. उनका ड्रेसिंग सेंस और बोलने का तरीक़ा लोगों को खेल के साथ भी बांधे रखता है.

FotorCreatednatasha gautam

बेबाकी के लिए मशहूर गौतम गंभीर की वाइफ अपनी ग्लैमरस पर्सनैलिटी की वजह से चर्चा में रहती हैं. जिस तरह से उनके पति गौतम मीडिया में बोल्ड कॉमेंट्स देते रहते हैं, ठीक उसी तरह उनकी पत्नी नताशा अपनी बोल्डनेस की वजह से मीडिया में छाई रहती हैं. आप भी देखें नताशा की ये फोटोज़.

FotorCreatedsss

अब आख़िर में हम आपको बताते हैं उनकी पत्नी के बारे में, जो हमेशा ही क्रिकेट के मैदान पर अपने स्वीटहार्ट का उत्साह बढ़ाती हुई नज़र आती हैं. आंखों में लाइनर और डार्क लिपस्टिक लगाए स्टैंड में बैठी चुलबुली साक्षी पर अनायास ही लोगों का ध्यान चला जाता है. धोनी की वाइफ साक्षी का ग्लैमरस अंदाज़ हर मैच में दर्शकों को देखने को मिलता है. हम आपको बता दें कि साक्षी सोशल मीडिया पर भी बहुत ऐक्टिव रहती हैं और अपनी आकर्षक फोटोज़ डालती रहती हैं. साक्षी एक बच्चे की मां हैं, लेकिन लगती नहीं. आप भी देखें साक्षी सिंह की ये फोटोज़.

श्वेता सिंह 

यह भी पढ़ें: Picture! कंगना रनौत के घर की तस्वीरें कुछ कहती हैं!

सोशल मीडिया पर फोटो डालना शमी को पड़ा भारी (Mohammed Shami faces bad comments over his wife’s outfit)

Shami

Shami

टीम इंडिया के तेज़ गेंदबाज़ मोहम्मद शमी सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहे हैं. जी हां, किसी बॉलिंग स्पेल को लेकर नहीं, बल्कि अपने निजी जीवन को लेकर. हुआ कुछ यूं कि शमी ने अपनी पत्नी के साथ सोशल मीडिया पर फोटो शेयर की. शमी को लगा होगा कि उनके फैन्स के लिए ये कुछ नया होगा, लेकिन बेचारे शमी को इसके विपरीत ही देखने को मिला. फोटो डालते ही समाज का एक वर्ग उन पर टूट पड़ा. क्या है पूरा मामला? आप भी देखिए.

इस फोटो में शमी की वाइफ़ बेहद ख़ूबसूरत दिख रही हैं. इस फोटो में शमी की पत्नी ने मरून कलर का बेहद ख़ूबसूरत ड्रेस पहना हुआ है, लेकिन कुछ लोगों के क्या कहने. उन्हें हर बात में कमी नज़र आती है. सलाह देने वाले इतना तक कह गए कि मोहम्म्द शमी को इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि उनकी पत्नी को किस तरह के कपड़े पहनने चाहिए.

कौन-सी फोटो पर बवाल मचा आप भी देखिए

Shami

 

शमी के बचाव में मोहम्मद कैफ़ ने ट्वीट किया.

मोहम्मद शमी के विरोध में जहां कई लोग शामिल हैं, वहीं कुछ लोगों ने उनका समर्थन भी किया. ख़ुद शमी ने भी अपने ऊपर कमेंट करनेवालों के लिए दो फोस्ट डाले, जिसमें उन्होंने लिखा कि उन्हें पता है कि उन्हें क्या करना चाहिए और कैसे रहना चाहिए. आप भी देखिए उनके दोनों पोस्ट.

श्वेता सिंह 

एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर- क्यों हो जाता है दिल बेइमान? (How extra marital affair affect relationship?)

बदलती लाइफस्टाइल, बढ़ती आकांक्षाएं, उम्मीदें या विश्‍वास की कमज़ोर होती डोर… वजह चाहे जो भी हो, मगर ये सच है कि पिछले एक-डेढ़ दशक से हमारे देश में एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के मामले बढ़े हैं. आख़िर क्यों लोगों को अपने घर के बाहर प्यार तलाशना पड़ रहा है, क्यों शादी का रिश्ता कमज़ोर होता जा रहा है? पेश है मेरी सहेली की ख़ास रिपोर्ट.

 

shutterstock_78516709

प्रिंजल और सिद (परिवर्तित नाम) का दो वर्ष पूर्व प्रेम विवाह हुआ था, दोनों ही अपनी शादीशुदा ज़िंदगी से बहुत ख़ुश थे, मगर धीरे-धीरे दोनों के बीच न जाने कब शारीरिक फिर मानसिक दूरियां पनपने लगी. जिसकी वजह से प्रिंजल डिप्रेशन का शिकार हो गई. अपनी नीरस ज़िंदगी से परेशान प्रिंजल जब पति सिद के साथ मनोवैज्ञानिक के पास पहुंची, तो सवाल-जवाब के दौरान उसे पता चला कि उसके पति सिद का उसकी सहेली के साथ अफेयर चल रहा है. बहुत पूछने पर सिद ने सच कुबूल किया, मगर उसके अनुसार एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की वजह ख़ुद प्रिंजल थी, जो बाकी मामलों में तो बहुत अच्छी थी, मगर अपने काम में इस कदर व्यस्त रहती कि वो सिद को समय नहीं दे पाती थी और न ही सेक्स में उसकी ख़ास रुचि थी. दूसरी ओर प्रिंजल की सहेली जो शादीशुदा और स्मार्ट थी, वो भी अपने पति से असंतुष्ट थी, ऐसे में जब उसकी मुलाक़ात सिद से हुई, तो दोनों बहुत जल्दी एक-दूसरे के क़रीब आ गए, मगर सही समय पर मनोवैज्ञानिक से संपर्क करने से सिद और प्रिंजल की शादीशुदा ज़िंदगी बर्बाद होने से बच गई, मगर हर किसी की क़िस्मत इतनी अच्छी नहीं होती. कई मामलों में तो एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के कारण कई ज़िंदगियां बर्बाद हो जाती है.

क्या कहते हैं आकड़ें?

* महिलाओं की अपेक्षा पुरुषों के एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर अधिक होते हैं. जहां महिलाओं की संख्या 12% है, वहीं पुरुषों की संख्या 28% है.

* एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर में लिप्त ज़्यादातर पुरुष इसके लिए ख़ुद को दोषी नहीं मानते, जबकि महिलाओं के मन में मलाल बना रहता है.

* सेक्स के लिए स़िर्फ पुरुष ही नहीं, बल्कि पुरुषों में नपुंसकता के चलते महिलाएं भी एक्स्ट्रा मैरिटल करने से नहीं हिचकिचातीं.

* शहरों की बात की जाए तो सबसे अधिक एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के मामले मुंबई में समाने आए हैं. राजधानी दिल्ली का नंबर दूसरा है.

* कुछ एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर ऐसे भी हैं जो जीवनसाथी की रज़ामंदी से चलते, तो कुछ जीवनसाथी जानकर भी अनजान बने रहते हैं.

दो तरह के होते हैं एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर्स
विशेषज्ञों की मानें तो एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर ख़ासकर दो तरह के होते हैं, पहला सेक्सुअल और दूसरा इमोशनल. सेक्सुअल एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर में दो ऐसे लोग क़रीब आते हैं, जो अपने-अपने पार्टनर से संतुष्ट नहीं होते और अपनी सेक्सुअल डिज़ायर को पूरा करना चाहते हैं. इमोशनल एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर दो लोग एक-दूसरे से भावनात्मक रूप से जुड़ने के लिए क़रीब आते हैं. रिसर्च के अनुसार, अधिकांशतः महिलाएं इमोशनल अटैचमेंट यानी भावनात्मक ज़ुडाव के चलते एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की ओर क़दम बढ़ाती हैं जबकि पुरुष अक्सर सेक्सुअल डिज़ायर को पूरा करने के लिए.

क्यों बाहर तलाशते हैं प्यार?
आख़िर क्यों आए दिन एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के केसेस बढ़ते जा रहे हैं? आइए, जानने की कोशिश करते हैं.

कमज़ोर होते रिश्ते
प्रोफेसर एवं काउंसलर रश्मि अग्निहोत्री के अनुसार, “वो दिन लद गए जब पति-पत्नी एक-दूसरे के लिए मरने-जीने को तैयार रहते थे. आज रिश्तों की डोर कमज़ोर हो गई है. जिसे टूटने में पलभर का भी समय नहीं लगता. इसकी सबसे बड़ी वजह है प्यार में कमी. यंगस्टर्स प्यार से ज़्यादा अब अपने कंफर्ट को महत्व देने लगे हैं. वो जीवनसाथी का चुनाव इसलिए नहीं करते, क्योंकि वो उनसे प्यार करते हैं, बल्कि अपनी सहूलियत के लिए ऐसे जीवनसाथी का चुनाव करते हैं, जिनके साथ को नहीं, बल्कि जिनके साथ वो ज़िंदगी को एंजॉय कर सकें. ऐसे में जब रिश्ते की नींव ही कमज़ोर होती है, तो रिश्ता टूटने में देरी नहीं लगती.”

shutterstock_131708831

समय की कमी ने लाई प्यार में कमी
रिसर्च के अनुसार, वर्क प्लेस पर एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की संभावना अधिक होती है. आज मेट्रो सिटीज़ में अच्छी लाइफस्टाइल के लिए कपल्स ने ख़ुद को इस हद तक बिज़ी कर दिया है कि उनके पास घर-परिवार की छोड़िए, एक-दूसरे के लिए भी समय नहीं है. 8-10 घंटे की जॉब और ट्रैवलिंग में 1-2 घंटे बर्बाद करने के बाद वो इस क़दर थक जाते हैं कि एक-दूसरे से बात करने कि बजाय नींद की आगोश में जाना ज़्यादा पसंद करते हैं. नतीजतन दोनों के बीच दूरियां बढ़ती जाती हैं और पार्टनर की प्यार की कमी की भरपाई के लिए वो बाहर प्यार तलाशने लगते हैं.

ज़रूरत से ज़्यादा प्रैक्टिकल होना
सबसे आगे निकलने की होड़ और बढ़ती प्रतिस्पर्धा ने युवाओं बहुत कम उम्र में प्रैक्टिकल बना दिया है. प्रोफेशनल लाइफ के साथ-साथ वो अब अपनी पर्सनल लाइफ के बारे में भी प्रैक्टिकल होकर सोचने लगे हैं. एक-दूसरे के इमोशन्स, फिलिंग आदि से उन्हें कोई ख़ास मतलब नहीं होता. ऐसे में ख़ुद को ख़ुश रखने के लिए वो प्रैक्टिकल तरी़के से सोचते हुए एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर को ग़लत नहीं समझते.

स्ट्रेस कम करने के लिए भी रखते हैं अफेयर
रिसर्च की मानें तो मेट्रो सिटीज़ में रहने वाले कपल्स हेक्टिक लाइफस्टाइल और स्ट्रेस को कम करने के लिए एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर रखते हैं. इस विषय में मनोवैज्ञानिक निमिषा रस्तोगी कहती हैं “वर्क प्लेस पर होने वाले एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की एक वजह स्ट्रेस भी है, जिससे छुटकारा पाने के लिए कुछ पाटर्नर अपने कलीग के साथ सेक्सुअल रिलेशन बनाते हैं. इससे उन्हें सुख का एहसास होता है और वो ख़ुद को संतुष्ट भी महसूस करते हैं. ऐसे लोग एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर को ज़्यादा एंजॉय करते हैं, क्योंकि ऐसे अफेयर्स में पार्टनर के प्रति उन पर किसी तरह की कोई ज़िम्मेदारी नहीं होती है.”

है सबसे बड़ा रुपइया
कई बार पैसों की अधिकता तो कभी पैसों की कमी की वजह से भी एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर बनते हैं. पार्टनर यदि अपने जीवनसाथी की इच्छाओं को पूरा करने में आर्थिक रूप से सक्षम नहीं होता है, तो दूसरा पार्टनर अपनी इच्छाओं को पूरा करने के लिए भी किसी दूसरे की ओर आकर्षित होने लगता है, तो कुछ पार्टनर ख़ासकर पुरुष ऐसे भी होते हैं जो पैसों की अधिकता के चलते भी एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का शौक़ रखते हैं.

ईगो भी है एक वजह
जहां प्यार होता है, वहां अहंकार की कोई जगह नहीं होती, लेकिन आज कपल्स के बीच प्यार के लिए कोई जगह नहीं है, उनकी नज़र में ईगो ही सबसे बड़ा हो जाता है, जिसकी वजह से न वो पार्टनर के आगे कभी झुकते हैं और ना ही कभी आपसी सहमति से रिश्तों की नींव को मज़बूत बनाने की कोशिश करते हैं. नतीजतन अहंकारवश हमसफ़र के आगे झुकने की बजाय वो किसी और से रिश्ता जोड़ना बेहतर समझते हैं.

मीडिया भी है ज़िम्मेदार
मनोवैज्ञानिक निमिषा रस्तोगी कहती हैं, “एक्स्ट्रा मेरिटल अफेयर के लिए बहुत हद तक मीडिया और फिल्म इंडस्ट्री भी ज़िम्मेदार है. कई ऐसी फिल्में हैं, जो एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर को बढ़ावा देती हैं. तो कई बार मीडिया भी एक्स्ट्रा मैरिटल के मुद्दे को इस तरह से पेश करता है जैसे एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर होना हर एक के लिए आम बात है या सामाजिक तौर पर ग़लत नहीं है.”

एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर से बढ़ रहे हैं अपराध
मुंबई की फैमिली कोर्ट के अनुसार, प्रत्येक तीन में से एक तलाक़ की वजह एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर है. एडवोकेट मनोज कुमार पाण्डेय के अनुसार, “एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के चलते न स़िर्फ दिनों दिन तलाक़ के मामलों में इज़ाफा हो रहा है, बल्कि अपराध भी तेज़ी से बढ़ रहे हैं. कभी प्रेमी को पाने के लिए पत्नियां अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की, तो कभी पैर की बेड़ी बने बच्चों की भी बलि चढ़ा देती हैं, तो वहीं दूसरी तरफ़ अपनी धोखेबाज़ पत्नी को सबक सिखाने के लिए पति भी हत्यारे बन जाते हैं. कुछ पति-पत्नी ऐसे भी हैं, जो जीवनसाथी से धोखा पाने के बाद ख़ुद ही फांसी के फंदे पर चढ़ जाते हैं. ग़ौर फरमाया जाए तो अधिकाशतः एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर महज अपराध को बढ़ावा दे रहे हैं.”

एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का दर्दनाक अंत

पिछले कुछ सालों में एक्स्ट्रा मेरिटल अफेयर के चलते हुए दिल दहलाने वाले वारदातों पर एक नज़र.

* मार्च, 2014 (गुड़गांव) :  44 वर्षीय रजनीश कुमार सिंह को जब इस बात की जानकारी मिली कि उसकी 36 वर्षीया पत्नी श्‍वेता बिंद्रा का किसी ग़ैर  मर्द के साथ अफेयर चल रहा है, तो उसने अपनी पत्नी की चाकू घोंपकर हत्या कर दी.

* अक्टूबर, 2014 (जयपुर) : योगा टीचर दिनेश कुमार ने अपनी 32 वर्षीया पत्नी एवं दो बच्चों की मां कविता कुमावत के एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की   ख़बर सुनते ही उस पर अनगिनत बार चाकू से वार करके मौत के घाट उतार दिया.

* नवंबर, 2013 (मुंबई) : 23 वर्षीया पत्नी तृप्ति का कुछ सालों से अफेयर चल रहा है, जब इसकी जानकारी पति जयेश राउत को मिली, तो उसने    सिलिंग फैन से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली.

* दिसंबर, 2012 (कोलकत्ता) : दो बच्चों की मां निलोफर (29 वर्षीया) का ऑटो रिक्शा चालक के साथ प्रेम संबंध है, ये जानने के बाद निलोफर के बड़े  भाई मेहताब आलम ने आरी से गला रेतकर निलोफर की हत्या कर दी.

एक्स्पर्ट स्पीक

मनोवैज्ञानिक निमिषा रस्तोगी के अनुसार, “एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का अंत तलाक़ है, ऐसा बिल्कुल भी नहीं है. ग़लतियां इंसान से ही होती हैं और हर किसी को सुधरने का एक मौक़ा ज़रूर देना चाहिए. अनजाने में ही सही मगर हो सकता है कि आपकी ओर से भी कुछ ग़लती हुई हो, जिसके चलते आपके पार्टनर किसी दूसरे की तरफ़ आकर्षित हुए हों. ऐसे में न स़िर्फ उन्हें, बल्कि ख़ुद को भी बदलने का मौक़ा दीजिए और सब कुछ भूलाते हुए नई शुरुआत करें.”

प्रोफेसर एवं काउंसलर रश्मि अग्निहोत्री के अनुसार, “एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का एकमात्र हल तलाक़ नहीं है. कपल्स चाहें तो आपसी सहमति से एक नई पारी की शुरुआत कर सकते हैं. बशर्ते जीवनसाथी को अपनी ग़लती का एहसास हो और वो दिल से ख़ुद को गुन्हगार मानते हुए आपके साथ नए सिरे से ज़िंदगी शुरू करना चाहता हो. लोग क्या सोचेंगे, समाज क्या कहेगा? जैसी बातें सोचकर ऐसे रिश्ते में रहने की भूल न करें.”

एडवोकेट मनोज कुमार पाण्डेय के अनुसार, “पिछले कुछ सालों की बात करें, तो तक़रीबन 20% तलाक़ की वजह एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर है, मगर 10% मामले ऐसे भी हैं, जो तलाक से पहले होने वाले मैरिज कॉन्सलिंग से सुलझ भी गए हैं, लेकिन इसका ये मतलब नहीं है कि आप किसी धोखेबाज़ इंसान के साथ अपनी ज़िंदगी बिताएं.”

मनोवैज्ञानिक डॉ. अंशु कुलकर्णी के अनुसार, “एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का अंत तलाक़ है या नहीं, ये इस बात पर निर्भर करता है कि सामने वाला पार्टनर किस हद तक एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर में इंवॉल्व है, अगर उनके मन में गिल्ट है या वो ख़ुद उससे बाहर निकलना चाहता है, तो बेझिझक आप उसे एक मौक़ा दे सकते हैं, मगर वो ख़ुद नहीं चाहता तो ऐसे रिश्ते को आगे बढ़ाने का कोई मतलब नहीं. बेहतर है कि आप तलाक़ लेकर अपनी ज़िंदगी अपने तरी़के से जिएं.”

ताकि न आए ऐसी नौबत

किसी ने सच ही कहा है ताली एक हाथ से नहीं बजती, अगर आप दोनों के बीच किसी तीसरे ने जगह ले ली है, तो इसका मतलब स़िर्फ ये नहीं कि आपका पार्टनर ही ग़लत है, हो सकता है कि कमी आपमें भी हो. अपनी शादी को एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर से बचाने के लिए निम्न बातों का ध्यान रखेंः

* झगड़ा छोटा हो या बड़ा, एक-दूसरे से बातचीत बंद न करें, अपनी नाराज़गी ज़ाहिर करें और समस्या का हल ढूंढ़ें. वरना आपकी चुप्पी आपके रिश्ते में  दरार डाल सकती है.

* न स़िर्फ शारिरीक संतुष्टि, बल्कि पार्टनर की मानसिक संतुष्टि का भी ख़्याल रखें, कई बार पार्टनर मानसिक सुख और सुकून की आस में भी किसी  तीसरे की ओर क़दम बढ़ाते हैं, ख़ासकर महिलाएं.

* घर या बाहर की अनगिनत ज़िम्मेदारियां भले ही आपके कंधों पर हों, मगर जीवनसाथी को नज़रअंदाज़ करने की ग़लती न करें. आपकी ओर से  ध्यान हटने पर हो सकता है कि उनका ध्यान किसी दूसरे में लग जाए.

* ख़ुशहाल शादीशुदा ज़िंदगी के लिए स़िर्फ एकसाथ घर में रहना काफ़ी नहीं, पार्टनर के साथ क्वालिटी टाइम बिताना भी ज़रूरी है.

* न स़िर्फ पार्टनर, बल्कि शादी जैसे पवित्र बंधन पर भी विश्‍वास रखें.

* पार्टनर पर हावी न हों. जीवनसाथी को उनके मन मुताबिक जीने दें. कई मामलों में पार्टनर का डॉमिनेटिंग होना भी एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की वजह  होता है.

फैक्ट फाइल

* रिसर्च के अनुसार, ऐसी महिलाएं जिनके पति कई महीनों या वर्षों के लिए घर-देश से दूर रहते हैं, वो एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की ओर जल्दी आकर्षित होती हैं.

* रिसर्च के अनुसार, पत्नी की प्रेग्नेंसी के चलते सेक्सुअल डिज़ायर पूरी न होने से पुरुषों के एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की संभावना बढ़ जाती है.

– कंचन सिंह

वर्किंग वाइफ, तो हाउस हसबैंड क्यों नहीं? (Rising Trend Of House Husbands And Their Working Wives)

Rising Trend Of House Husbands

काम के आधार पर लिंग भेद या फिर लिंग के आधार पर काम में अंतर हमारे समाज के लिए कोई नई बात नहीं है. लेकिन इन दिनों जो नई बात हो रही है, वो यह है कि अब पुरुष होममेकर (Rising Trend Of House Husbands) की भूमिका में नज़र आने लगे हैं और महिलाएं ब्रेड अर्नर का रोल निभाने लगी हैं. ज़ाहिर-सी बात है कि हमारा समाज अब तक इतना परिपक्व तो नहीं हुआ है कि स्त्री-पुरुष की इन बदली भूमिकाओं को आसानी से पचा पाए, लेकिन बदलते दौर ने इन बदलावों को जन्म दे ही दिया है, तो इसे स्वीकारने में हर्ज़ ही क्या है?

Rising Trend Of House Husbands

भारत में जन्म ले चुका है हाउस हसबैंड्स का ट्रेंड (Rising Trend Of House Husbands)
– हालांकि हमारे देश के लिए यह कॉन्सेप्ट नया है, लेकिन यहां भी यह ट्रेंड आ रहा है.
– पतियों को और पत्नियों को भी इसमें कोई बुराई नज़र नहीं आती कि अगर पत्नी अच्छा कमा रही है, तो पति घर संभालकर कोई दूसरा काम कर सकता है.
– इसे कपल्स स्वीकारने में अब उतना नहीं हिचकिचाते, जितना कुछ वर्ष पूर्व संकोच किया करते थे.
– इसका सबसे बेहतर उदाहरण है मशहूर लेखक चेतन भगत, जो अपने हाउस हसबैंड  के रोल से संतुष्ट थे. उनकी पत्नी अनुषा फुल टाइम जॉब पर हैं और उनका करियर बेहद सफ़ल है. चेतन भगत ने अपने जुड़वां बच्चों की देखभाल के लिए बैंक की अच्छी-ख़ासी नौकरी छोड़कर घर पर रहकर लेखनी पर ध्यान केंद्रित किया.
– इसी तरह से जानीमानी बिज़नेस वुमन इंदिरा नुई के पति राज किशन नुई ने भी अपनी दो बेटियों की देखभाल के लिए अपना फुल टाइम जॉब छोड़कर कंसल्टेंट बनना अधिक पसंद किया.
– केशव जोशी, जो एक हाउस हसबैंड हैं, अपने अनुभव के बारे में बताते हैं, “मैं और मेरी पत्नी राधा दोनों ही वर्किंग थे, लेकिन शादी के 2 साल बाद हमारी बेटी हुई. जॉइंट फैमिली तो थी नहीं, इसलिए परेशानी होने लगी कि बच्ची को कैसे संभाला जाए. मेरी पत्नी सरकारी नौकरी में थी. उसका करियर और सैलेरी भी मुझसे बेहतर थे, ऐसे में उसका नौकरी छोड़ना सही नहीं लगा और हम दोनों ने ही यह निर्णय लिया कि मैं जॉब छोड़कर बेटी को संभालूंगा और आज 15 साल हो गए हैं, हम दोनों को ही अपने निर्णय पर बेहद संतुष्टि और ख़ुशी है कि हमने सही समय पर सही फैसला लिया.
हां, यह अलग बात है कि मुझे आसपास व यहां तक कि रिश्तेदारों से भी बहुत कुछ सुनना पड़ा, जैसे- पत्नी की कमाई खानेवाले पति की घर में व समाज में भी कोई इज़्ज़त नहीं होती… मेरे दोस्तों ने तो यह भी कहा कि पत्नी और बच्ची दोनों ही तुम्हारा सम्मान नहीं करेंगी, उनकी नज़रों में भी एक समय के बाद तुम नाकारा बन जाओगे…  मेरे भाइयों ने कहा था कि पुरुष होकर तुम औरतों की तरह घर पर बैठोगे? बच्ची का नैप्पी बदलोगे? क्या इससे तुम्हारा स्वाभिमान आहत नहीं होगा…लेकिन हमने इन बातों की परवाह नहीं की. न मेरा सो कॉल्ड मेल ईगो हमारे बीच आया और न ही मेरा आत्मसम्मान इससे आहत हुआ, मेरी पत्नी ही नहीं, मेरी बेटी भी गर्व से सबको हमारे एडजेस्टमेंट्स के बारे में बताती है और हमसे बहुत प्यार करती है.”
– हालांकि हर पुरुष केशव जोशी की तरह परिपक्व सोचवाले नहीं होते, लेकिन सकारात्मक बात यह है कि इस तरह के लोग भी हैं हमारे समाज में.

हाउस हसबैंड्स की चुनौतियां
– हम पुरुषों को डोमिनेटिंग रोल में देखते आए हैं और इस सोच के साथ पले-बड़े होते हैं कि महिलाओं का काम होता है घर संभालना.
– ऐसे में यदि पति कमाने नहीं जाता, तो उसे नाकारे का तमगा पहना दिया जाता है.
– भले ही पति-पत्नी के रिश्ते इससे प्रभावित न हों, लेकिन दूसरों को ज़रूर आपत्ति होती है.
– कई तरह के ताने उन्हें सुनने पड़ते हैं. बार-बार यह एहसास कराया जाता है कि वो पत्नी की कमाई पर जी रहे हैं और उनकी कोई इज़्ज़त नहीं.
– यहां तक कि ख़ुद पुरुषों की यह मानसिकता होती है कि अगर वो पत्नी से कम कमाते हैं, तो वो रिश्तों में अपनी भूमिका को कमतर समझते हैं, जिससे उनका ईगो हर्ट होता है. क्योंकि उनकी परवरिश ही इसी तरह से होती है, तो उनकी मानसिकता इस बदलाव को आसानी से स्वीकार नहीं सकती.
– हम अक्सर पुरुष दर्ज़ी और शेफ को तो आसानी से स्वीकार कर लेते हैं, लेकिन यदि पति घर में इस तरह के या कोई भी घरेलू काम करते नज़र आते हैं, तो उनसे कहा जाता है कि ‘क्या औरतोंवाले काम कर रहे हो…’
– औरतोंवाले काम और मर्दोंवाले काम- स्त्री-पुरुष के बीच काम का बंटवारा लिंग के आधार पर हमने ही किया है और सबसे बड़ी विडंबना तो यह है कि यदि स्त्रियां पुरुषों के वर्चस्व वाले कार्यक्षेत्र में प्रवेश करती हैं, तो उनकी सराहना की जाती है, लेकिन यदि पुरुष महिलाओं के काम समझे जानेवाले कार्यों में हाथ आज़माते हैं, तो उन्हें हेय दृष्टि से देखा जाता है, उनकी आलोचना भी की जाती है और ताने भी दिए जाते हैं.
– यह हमारे समाज के दोहरे मानदंड ही हैं, जो पुरषों को हमेशा एक स्तर ऊपर का दर्जा देता आया है और स्त्रियों को कमतर समझता आया है. यही वजह है कि पुरुषों से जुड़े कामों को भी उच्च दर्जे का माना जाता है और स्त्रियों से जुड़े काम और ख़ासतौर से घरेलू कामों को निम्न दर्जे का समझा जाता है.
– यही नहीं, ख़ुद स्त्रियां भी ऐसी ही सोच रखती हैं. वर्किंग वुमेन हाउस वाइफ को अपने से निम्न समझती हैं और ख़ुद हाउस वाइफ भी यही सोच रखती हैं कि हम तो स़िर्फ घरेलू काम करती हैं, जिसमें कोई बड़ी या महान बात नहीं.
– जबकि हर काम में मेहनत और लगन की ज़रूरत होती है, चाहे वो घर का काम हो या बाहर का. लेकिन ये सोच जब तक नहीं बदलेगी हाउस हसबैंड का कॉन्सेप्ट तब तक हमारे समाज में सफल नहीं हो पाएगा.

क्या पुरुष हो सकते हैं बेहतर होम मेकर?
– व़क्त की ज़रूरत ही है कि अब रोल्स बदलने लगे हैं और आज की जनरेशन अपने ईगो व परंपरागत दायरों से बाहर निकलकर सोचने लगी है.
– पुरुष अब एडजेस्ट करने लगे हैं, यही वजह है कि बच्चों को संभालने से लेकर घर तक संभालने में उन्हें हिचक नहीं.
– “मेरी मॉम बचपन से ही मुझसे और मेरे भाई से घर के काम में हेल्प लेती थीं. हमारी कोई बहन नहीं थी, ऐसे में हम दोनों भाइयों के मन में कभी भी काम को लेकर लिंग भेद की बात आई ही नहीं.” यह कहना है 29 वर्षीय विपुल सिंह का. विपुल ने अपना अनुभव हमारे साथ बांटा, “मेरी शादी को 2 साल हो गए हैं. एक बेटी है और मेरी वाइफ वर्किंग नहीं है, लेकिन बावजूद इसके मैं घर के कामों में उसकी मदद करता हूं. मुझे लगता है कि वह भी दिनभर बच्ची की देखभाल व घर के कामों से थक जाती होगी, तो मैं उसे कभी अपने हाथों से परांठे बनाकर खिलाता हूं, तो कभी उसकी फेवरेट डिश तैयार करता हूं. मुझे रिश्तेदारों से यह सुनने को मिलता है कि तुम्हारी वाइफ तो वर्किंग भी नहीं है, फिर भी तुम उसकी हेल्प क्यों करते हो? लेकिन मेरी यह सोच नहीं है. मैं जब अपनी मॉम की हेल्प करता था, तब भी अपनी ज़िम्मेदारी समझ के करता था और आज भी अपनी ज़िम्मेदारी समझ के ही करता हूं.”

हम कितने तैयार हैं हाउस हसबैंड के कॉन्सेप्ट के लिए?
– यह सच है कि समाज की सोच अब धीरे-धीरे बदल रही है, लेकिन फिर भी अधिकतर पुरुष व स्त्रियां भी इस बात को नहीं पचा पातीं कि पुरुष घरेलू काम करें.
– सभी पुरुषों की सोच उतनी खुली व परिपक्व भी नहीं होती कि पत्नी के अच्छे करियर की ख़ातिर अपने सामान्य करियर को छोड़कर घर संभालें और पत्नी की मदद करें.
– अक्सर ऐसे उदाहरण हम देखते हैं, जहां महज़ पुरुष अपने अहंकार की वजह से पत्नी की अच्छी कमाई व करियर को पचा नहीं पाते और इसके चलते रिश्ता टूटने तक की भी नौबत आ जाती है.
– ऐसे में हाउस हसबैंड का ट्रेंड भारतीय समाज को अपनाने में लंबा समय लगेगा.

पति-पत्नी की खट्टी-मीठी शिकायतें (Managing Relationship Complains With Humor)

Managing Relationship

पति-पत्नी का ख़ूबसूरत रिश्ता. जुड़ जाता है ज़िंदगीभर का साथ और हर सुख-दुख में साथ निभाने के वादे, लेकिन हर संभव व मुमकिन कोशिश के बावजूद इनके बीच छोटी-छोटी तक़रारें और तू-तू-मैं-मैं हो ही जाती है. तो चलिए, जानते हैं, पति-पत्नी की खट्टी-मीठी शिकायतें. 

Managing Relationship
पत्नियों की आम शिकायतें
  • मूड तो सुबह इनके आलस्य से ही उखड़ जाता है. चाय गरम कीजिए, उठने में इतना आलस्य कि ठंडी हो जाती है. चाय के साथ पेपर भी चाहिए. फिर चाय ठंडी हो जाती है और फिर एक कप गरम प्याली के लिए आप अपने सब काम छोड़कर चाय बनाते रहिए. सुनते रहिए, जल्दी करो लेट हो रहा हूं.
  • ऑफ़िस जानेवाले पतियों को मोजे, घड़ी, रुमाल जैसी चीज़ों के लिए भी पत्नी की मदद चाहिए.
  • बहुत बुरा लगता है, जब शाम को आकर पूछते हैं, क्या करती रही दिनभर? मैं तो सुबह ही निकल गया था. पलंग पर पड़ा गीला तौलिया सुखाना, आलमारी लगाना, खाना बनाना, कपड़े धोना, घर के अनेक काम क्या कोई और कर जाता है.
  • ऑफ़िस में काम ये करें. जी हुज़ूरी हम बजाएं. ज़रा मेरी डायरी से एक नंबर देना, ज़रा अमुक फाइल से फलां एड्रेस देना और अगर फ़ोन उठाने में देर हो गई, तो कहां गई थी? किसके साथ बिज़ी थी? जैसे हज़ार सवाल.
  • अपने माता-पिता के आदर्श बेटे ये कहलाते हैं. पर शादी के बाद इनका फ़र्ज़ इतना रह जाता है कि पत्नी से पूछते रहें- अम्मा-बाबूजी ने खाना खा लिया? उन्हें दवा दे दी, डॉक्टर से बात कर ली, उनका चश्मा ठीक करवा दिया आदि-आदि.
  • घर आते ही पति महोदय टीवी का रिमोट हाथ में ले लेते हैं और पत्नी को भी बड़े प्यार से पास बैठा लेते हैं. अब ये चैनल बदलते रहेंगे और आप इनका चेहरा देखती रहिए. जिस मिनट आपने कुछ देखना शुरू किया कि प्रोग्राम को बकवास कहकर चैनल बदल दिया जाएगा.
  • ये बीवी में अपनी मां की परछाईं क्यों ढूंढ़ते हैं. खाना आप बनाइए, लेकिन तारीफ़ में मां पुराण व मां के भोजन की गाथा. यहीं से शुरू होती है हमारी व्यथा कथा. कोई इन्हें समझाए, बच्चे नहीं हो, जो बात-बात पर मां… मां… पुकारते रहते हो.
  • बड़ी हंसी आती है, जब ख़ुद को सुपरमैन व महान समझते हैं और पत्नी को महामूर्ख.
  • इनके द्वारा किया गया हर पर्सनल ख़र्च ज़रूरी भी है और सही भी और पत्नी का हर पर्सनल ख़र्च फ़िज़ूलख़र्च. गाड़ी का सीट कवर ज़रूरी है, लेकिन पत्नी का मैचिंग सैंडल व्यर्थ का ख़र्च. इनका जवाब होता है कि कौन देखता है पैरों की सैंडल? तो क्या गाड़ी का कवर आता-जाता व्यक्ति झांक-झांककर देखता है.
  • स्टीयरिंग व्हील पर बैठकर ख़ुद को किसी महाराजा से कम नहीं समझते (जबकि ड्राइवर सीट पर बैठे हैं). जगह ढूंढ़ने में चार चक्कर भी लग जाएं, तो कोई बात नहीं, लेकिन पत्नी के कारण एक भी चक्कर ज़्यादा लग गया, तो तुरंत पेट्रोल के बढ़ते दाम याद दिलाने लगते हैं.
  • अपनी स्मार्टनेस को लेकर ग़लतफ़हमी का शिकार रहते हैं. सोचते हैं कि पड़ोसी की बीवी इन पर फ़िदा है. भले ही तोंद बड़ी हो और सिर के बाल नदारद हों.
  • बाप रे बाप! यदि किसी टूटी चीज़ को रिपेयर करने के मूड में आ जाएं, तो बस आप बार-बार खाना गरम कीजिए और इंतज़ार कीजिए. रिपेयर हो गई, तो कॉलर ऊंचा, वरना हर नाक़ामी की जड़ बीवी तो है ही.
  • शादी से पहले सभ्य, सुसंस्कृत या शेयरिंग-केयरिंग वाले होते हैं, लेकिन शादी के बाद तो बस, पति के अधिकार ही याद रह जाते हैं. मैं ज़रा ज़्यादा ही बड़ा हो जाता है.
  • बर्थडे या ख़ास दिन भूल जाना इनकी आदत में शुमार है. यदि पत्नी ने नाराज़गी ज़ाहिर कर दी, तो मनाना तो दूर, काम का ऐसा बहाना बनाते हैं कि बेचारी पत्नी अपराधबोध से घिर जाती है.
  • बीवी का मायका तभी तक अच्छा लगता है, जब तक साली हंसी-मज़ाक करे, ख़ातिर होती रहे. यदि पत्नी मायके में अपने रिश्तेदारों, पड़ोसियों या भाई-बहनों के बीच ज़्यादा एंजॉय करने लगे, तो मूड ऑफ होते देर नहीं लगती.
  • बीवी से उम्मीद करते हैं कि वो अपना ईमेल आईडी, पासवर्ड, बैंक स्टेटमेंट इन्हें बताए, लेकिन इनके मोबाइल के मैसेज पत्नी पढ़ ले, तो रास नहीं आता.
  • पत्नी से आशा रखते हैं कि वो शादी से पहले का अपना हर सीक्रेट शेयर करे, लेकिन अपने वर्तमान सीक्रेट्स की भी हवा नहीं लगने देते हैं.
  • तर्क में यदि पत्नी सही नज़र आती है, तो भी हार मानना गवारा नहीं. सुनने को मिलता है, चार पैसे क्या कमाने लगीं, बात-बात पर बहस करने लगी हो.
  • अपनी गर्लफ्रेंड्स के क़िस्से बड़ी शान से सुनाते हैं, लेकिन बीवी पड़ोसी या दोस्त की भी बात करे, तो शक की निगाह से देखते हैं.
  • यदि बच्चे कुछ अच्छा करते हैं, तो बड़ी शान से कहते हैं कि ङ्गमेरा बेटा/बेटी हैफ और यदि कुछ ग़लत कर बैठें तो तुम्हारी ट्रेनिंग है.

यह भी पढें: बेहतर रिश्तों के लिए करें इन हार्मोंस को कंट्रोल

Managing Relationship
सुनते हैं, पतियोंकी शिकायतें
  • बहाना बनाना और बेवकूफ़ बनाना कोई इनसे सीखे. हमारे रिश्तेदारों के आने की ख़बर से कब और कहां दर्द हो जाएगा अथवा कौन-सा बाहरी काम निकल आएगा, ब्रह्मा भी नहीं समझ सकते हैं.
  • इनकी नैगिंग और नकारात्मक सोच या बात काटने की आदत अच्छे-भले पति को भी नकारा साबित कर सकती है.
  • अपनी ख़ूबसूरती और मोटे-पतले की चिंता में दिनभर व्यस्त रहेंगी और पति को भी बोर करेंगी. घर में हमेशा डायटिंग चलती है, जबकि किसी पार्टी में मज़े से चाट-पकौड़ियां उड़ाई जाती हैं.
  • इंतज़ार कराना इनकी ख़ास ख़ूबी है. पार्टी में जाने के लिए पति तैयार बैठा इंतज़ार करता है, मैडम तय ही नहीं कर पाती हैं कि किस ड्रेस में ज़्यादा ख़ूबसूरत और पतली दिखेंगी. फ़िलहाल सामने आकर पूछें कि कैसी लग रही हूं? तो ङ्गबहुत सुंदरफ ही कहना पड़ता है, वरना इंतज़ार की घड़ियां और बढ़ जाएंगी.
  • दिनभर दुनियाभर की चकल्लस होती रहेगी, लेकिन पति के पास बैठते ही बात घूम-फिरकर पैसों पर क्यों आ जाती है, समझना मुश्किल है.
  • दूसरों की देखा-देखी नकल करना, इनका प्रिय शौक़ होता है. दूसरों का फ़र्नीचर, ज्वेलरी व कपड़े सब पसंद आते हैं. यहां तक कि सास-ननद और पति भी दूसरे के ज़्यादा अच्छे लगते हैं.
  • ख़ुद को सर्वगुणसंपन्न समझने की ग़लतफ़हमी सात फेरों के साथ ही पाल लेती हैं, तभी तो पति को सुधारने का बीड़ा उठा लेती हैं.
  • पड़ोसी या अपनी कलीग से पति की तुलना करना इनकी दिनचर्या में शामिल है. कुछ कहो, तो बाल की खाल निकालकर रख देती हैं.
  • इनका मूड बदलते देर नहीं लगती है. कल तक मिसेज़ चतुर्वेदी बहुत अच्छी पड़ोसन थी, लेकिन यदि पति ने भी उनकी प्रशंसा में दो शब्द जोड़ दिए, तो पड़ोसन से मेल-मिलाप औपचारिक हो जाता है. साथ ही पति को भी सख़्त हिदायत कि उनकी बात न करें.
  • महिलाओं की छठी इंद्रिय की खोज जिस किसी ने भी की, उसे दाद देनी पड़ेगी. यदि पति से कोई भूल या ग़लती हो जाए और वो पत्नी को बताए, तो रिएक्शन होगा, मुझे पहले ही पता था कि तुम कुछ ऐसा ही करोगे.
  • इनका मायका पुराण या पापा चाहते हैं, भैया कहते हैं सुन-सुनकर कान पक जाते हैं. यह ज़िंदगी का सबसे बोरिंग अध्याय है.
  • ऑफ़िस जाते समय बड़े प्यार से पूछेंगी, डिनर में क्या खाओगे? यदि आपने उत्साहपूर्वक पिज़्ज़ा या आलू परांठे की इच्छा ज़ाहिर कर दी, तो आपका वज़न और उनकी कैलोरीज़ गिना-गिनाकर पेट भर देंगी. बनेगा वही, जो इनकी सुविधा के अनुसार होगा. तो फिर पूछती ही क्यों हैं?
  • इनकी जासूसी और तर्क के आगे तो बड़े-बड़े जासूस भी गच्चा खा जाएं. कहां, किसके साथ, क्यों, कब का जवाब देते समय सावधान रहना पड़ता है या फिर बगलवाले शर्माजी तो समय से घर आ गए थे, आपको क्यों देर हुई? रास्ता तो एक ही है… जैसे प्रश्‍नों के लिए तैयार रहना पड़ता है.
  • इनकी शॉपिंग और विंडो शॉपिंग मेनिया से भगवान ही बचाए. ना कहना भी ख़तरे से खाली नहीं और हां कहना भर मुसीबत है. 10-15 रुपए के लिए दुकानदार से झिक-झिक करेंगी, ना माने तो दुकान से निकल लेंगी. शरमा-शरमी में हमें भी दुकानदारों से नज़रें चुराते हुए पीछे-पीछे निकलना पड़ता है.
  • कपड़े कितने भी हों, लेकिन जब कहीं जाना हो, तो क्या पहनूं? और बहुत समय से आपने कुछ दिलाया नहीं का रोना पतियों को सुनना ही पड़ता है.
  • जाने कहां-कहां से रेसिपीज़ बटोरकर पति पर आज़माना इनका बड़ा प्यारा-सा ख़तरनाक शौक़ है और फिर उम्मीद यह कि पति तारीफ़ भी करे.
  • बात मनवाने का इनका बड़ा ही प्रभावशाली अस्त्र है आंसू, जो हमेशा गंगा-जमुना की तरह आंखों में भरे ही रहते हैं.
  • चीज़ों को यथास्थान रखने और सफ़ाई करने का भूत चौबीसों घंटे इनके सिर पर सवार रहता है. पति द्वारा सामान बिखेरने पर ताने-उलाहनों का दौर चल पड़ता है, लेकिन यदि भाई कमरे में सामान फैलाकर छोड़ दे, तो बड़े दुलार से कहेंगी, भैया का बचपना अभी भी गया नहीं.
  • जन्मदिन या सालगिरह भूल जाने पर इतनी इमोशनल क्यों हो जाती हैं? हर साल तो आती है, यदि भूल गए, तो कौन-सा पहाड़ टूट पड़ा?
  • इनकी कमाई पॉकेटमनी और हमारी कमाई घर ख़र्च के लिए है. यदि कम पड़ती है, तो हमारे हर शौक़ पर टीका-टिप्पणी शुरू हो जाती है.

– प्रसून भार्गव

यह भी पढें: पति की इन 7 आदतों से जानें कितना प्यार करते हैं वो आपको

वास्तु दोष मिटाएं, पति-पत्नी में प्यार बढ़ाएं (Vastu Tips For Happy Married Life)

दांपत्य जीवन (Married Life) में ऐसा होता है कि कभी-कभी जीवनसाथी (Life Partner) से विचार नहीं मिलते, छोटी-छोटी बात पर अनबन हो जाती है और तनाव भी बना रहता है. इसका कारण घर का वास्तु दोष हो सकता है. इस दोष से छुटकारा पाने के लिए आपको घर की सजावट वास्तु (Vastu) के अनुसार करनी चाहिए.

 

8

सुखी वैवाहिक जीवन के लिए वास्तु
घर के दोष मिटाने और पति-पत्नी में प्यार बनाए रखने के लिए कुछ वास्तु टिप्स.

जानें कुछ वास्तु दोष

* बेडरूम (Bedroom) में 2-3 या अधिक औरतों वाली तस्वीर लगाना.

* बेडरूम में मंदिर बनवाना या रखना.

* बेडरूम में ही ऑफ़िस, स्टडी रूम या टीवी रूम बना लेना.

* दो बेड जोड़कर सोना.

* सोते समय सिर के ऊपर बीम होना.

दोष निवारण उपाय

* पत्नी को पति के बाईं तरफ़ ही सोना चाहिए.

* शादी की एलबम व अन्य तस्वीरें समय-समय पर देखते रहें. अपने फ़ोटोग्राफ़्स को उत्तर-पूर्व, उत्तर या पूर्व में लगाएं.

* बेड के अंदर बर्तन, क़िताबें, टूटा सामान, ख़राब इलेक्ट्रॉनिक सामान, दवाइयां इत्यादि न रखें.

* दहाड़ते हुए जानवरों की व लड़ाई वाली पेंटिंग बेडरूम में नहीं होनी चाहिए.

यह भी पढ़ें: किचन के लिए Effective वास्तु टिप्स, जो रखेगा आपको हेल्दी

10

प्यार की डोर को और मज़बूत बनाएं
सफल गृहस्थ जीवन, आपसी प्रेम और विश्‍वास को बनाए रखने के लिए अपनाएं कुछ आसान उपाय-

* दक्षिण-पश्‍चिम खंड में हमेशा पृथ्वी या अग्नि से जुड़े रंगों का ही प्रयोग करें. परदे, कुशन, खिड़कियों आदि में इनका उपयोग ठीक रहता है.

* जीवनसाथी को जो बात पसंद न हो, वह रात में न करें.

* गुलाबी रंग रोमांस को दर्शाता है. अगर यह आपको ज़्यादा भड़कीला लगे, तो हल्का गुलाबी रंग करवा लें.

* प्रेम को बढ़ाने के लिए घर के दक्षिण-पश्‍चिम भाग में कांच या सिरामिक पॉट में छोटे-छोटे पत्थर या क्रिस्टल्स डालकर लाल रंग की दो मोमबत्तियां  जलाएं. इससे सकारात्मक ऊर्जा फैलेगी.

* यदि आपको लगे कि आपका प्यार छिन रहा है, तो अपने कमरे में शंख या सीपी अवश्य रखें. इससे आपका प्यार आपसे दूर नहीं जा पाएगा.

* घर के ईशान कोण का बहुत ही महत्व है. यदि इस दिशा में पति-पत्नी साथ बैठकर पूजा करें, तो उनका आपस का अहंकार ख़त्म होकर संबंधों में  मधुरता बढ़ती है.

* पिंक या लैवेंडर रंग के पर्दे या बल्ब कमरे में लगाएं.

* अगर आपको लगता है कि आपके पार्टनर के क़दम बहक रहे हैं और वह किसी के प्रति आकर्षित हो रहा है, तो उसे परिवार में वापस लाने के लिए  सिर के नीचे कौड़ी रखें.

* गुरुवार को केले या पीपल के पेड़ पर दोनों एक साथ जल चढ़ाएं.

* संभव हो तो शुक्रवार को पति-पत्नी एक-दूसरे को परफ़्यूम गिफ़्ट करें.

* शनिवार के दिन आम या अशोक की टहनी बेडरूम में रखने से रिश्तों में मिठास बनी रहती है.

* प्रभु स्मरण करते हुए कमरे की सीलिंग देखते हुए सोएं.

यह भी पढ़ें: बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए अपनाएं ये फेंग्शुई टिप्स

यह भी पढ़ें: बेडरूम में पॉज़िटीविटी बनाए रखने के लिए फॉलो करें ये 9 वास्तु रूल्स

बेडरूम के लिए वास्तु गाइड ( Architectural Guide to the bedroom)

Architectural Guide

यदि आप वैवाहिक जीवन में ख़ुशी चाहते हैं, तो इस बात का विशेष ध्यान रखें कि बेडरूम हवादार और शांत हो. कमरे में होनेवाली बातचीत की आवाज़ बाहर न जाने पाए. इससे दांपत्य जीवन में मिठास बढ़ती है. यहां वास्तुशास्त्री डॉ. प्रेम गुप्ता बेडरूम के वास्तु से जुड़ी कई उपयोगी बातों की जानकारी दे रहे हैं. Architectural Guide

4

* हर पूर्णिमा के दिन सोने के पानी (कोई भी गोल्ड ज्वेलरी को पानी में डालकर निकाल लें और इस पानी का इस्तेमाल करें) से स्वस्तिक बनाएं.

* बेडरूम घर का सबसे ख़ास हिस्सा होता है. यहां रखी हर चीज़ का वैवाहिक जीवन पर प्रभाव पड़ता है, जैसे- फोटो, फ्लावर पॉट, पलंग आदि. यहां  पति-पत्नी अपना मुस्कुराता हुआ साथ का फोटो लगा सकते हैं, पर फोटो पैरों की ओर न लगाएं.

* कमरे में रोमांटिक पोज़वाले युगल पक्षी की तस्वीर लगाएं.

* रोमांटिक पोज़वाले सेक्सी क्रिस्टल जोड़े व फोटो से बेडरूम को सजाएं.

* हर अमावस्या को काले तिल उत्तर/पश्‍चिम कोने में रखें.

* रोमांस व प्राइवेसी बनी रहे, इसके लिए ध्यान रहे कि बेडरूम की खिड़की दूसरे कमरे में न खुले.

* चांदी की कटोरी में कपूर रखें.

* आपसी प्यार और बेडरूम की ख़ूबसूरती के लिए मनी प्लांट्स भी लगाए जाते हैं. ये शुक्र के कारक हैं. मनी प्लांट लगाने से पति-पत्नी के संबंध मधुर  होते हैं.

* बेडरूम में हल्की गुलाबी रंग की रोशनी होने से कपल्स में प्रेम बना रहता है.

* शिव रूद्राक्ष गुलाबजल में भिगोकर रखें.

* वास्तु के अनुसार हमेशा दक्षिण या पूर्व दिशा में सिर करके सोएं, ताकि पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र के अनुसार आप दीर्घायु और गहरी नींद प्राप्त कर सकें  आरामदायक व भरपूर नींद से दांपत्य जीवन अधिक सुखद बनता है.

* पत्नी पति के बाईं ओर सोए.

* यदि कमरे में ड्रेसिंग टेबल हो, तो इस बात का ख़्याल रखें कि सोते समय आपका प्रतिबिंब आईने पर न पड़ने पाए. यदि ऐसा हो, तो आईने कोढंक दें.

* लव बर्ड, मैंडरीन डक जैसे पक्षी प्रेम के प्रतीक हैं. इनकी छोटी मूर्तियों का जोड़ा कमरे में रखें.

* बेडरूम में हल्की व ख़ूबसूरत लाइट व्यवस्था हो, पर रोशनी सीधी पलंग पर न पड़े.

* वास्तु के अनुसार बेडरूम में बाथरूम नहीं होना चाहिए, क्योंकि दोनों की ऊर्जाओं का परस्पर आदान-प्रदान सेहत के लिए अच्छा नहीं होता.

* फिर भी बेडरूम में बाथरूम रखना चाहते हों, तो नैऋत्य कोण में बनवाएं. यदि ऐसा संभव न हो, तो वायव्य कोण (उत्तर-पश्‍चिम) में भी बाथरूम  बनवाया जा सकता है.

* अगर बेडरूम में बाथरूम है, तो हर पूर्णिमा या शुक्रवार को नमक के पानी से बाथरूम धोएं.

* ऐसे कपल्स, जो संतान सुख पाना चाहते हैं, वे श्रीकृष्ण का बाल रूप दर्शानेवाली फोटो अपने बेडरूम में लगाएं.

* बेड के नीचे मोर पंख रखें.

* बेडरूम में पूजा स्थल बनवाना या देवी-देवताओं की तस्वीर लगाना वास्तु शास्त्र के अनुसार ठीक नहीं है, फिर भी यदि चाहें,
तो राधा-कृष्ण की तस्वीर बेडरूम में लगा सकते हैं.

* यदि आपकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है और इसी वजह सेे दांपत्य जीवन सुखमय नहीं है, तो सुंदर से बाउल मेें पवित्र क्रिस्टल को चावल के दानों के  साथ मिलाकर रखें.

* क्रिस्टल क्वार्ट्ज़ स्टोन के बने शोपीस पति-पत्नी के प्रेम को बढ़ाते हैं. ये क्रिस्टल गुलाबी रंग के होते हैं और इनसे सकारात्मक ऊर्जा का स्तर बहुत  अच्छा होता है.

* लाल कपड़े की थैली में तांबे व पीतल के सिक्के रखें.

* कभी-कभी बेडरूम की खिड़की से नकारात्मक वस्तुएं दिखाई देती हैं, जैसे- सूखा पेड़, फैक्ट्री की चिमनी से निकलता हुआ धुआं आदि. ऐसे दृश्यों से  बचने के लिए खिड़कियों पर परदा डाल दें.

यह भी पढ़ें: टॉप 25 वास्तु टिप्स: बिना तोड़-फोड़ के कैसे दूर करें वास्तु दोष?

2

ऐसा न करें

* बेडरूम में आईना न लगाएं.

* कमरे में कभी भी टूटा हुआ शीशा नहीं रखें.

* उत्तर दिशा में बेडरूम नहीं होना चाहिए. यदि है, तो मोतियों का बंदनवार लगाएं.

* पलंग दरवाज़े के सामने न हो. यदि हो, तो उत्तर/पश्‍चिम कोने में पिरामिड के नीचे मूंगा रत्न रखें.

* बेडरूम के दरवाज़े को खोलते या बंद करते समय किसी तरह की कोई आवाज़ नहीं होनी चाहिए.

* कैंची, प्रेस और सुई बेड से दूर ही रखें. बेडरूम में पानी की तस्वीर वाली पेंटिंग न लगाएं.

* ख़राब एयर कंडीशनर या पंखा जिसके चलने पर आवाज़ हो, उसे तुरंत ठीक करवा लें. इसके कारण कपल्स के संबंधों में परेशानी पैदा हो सकती है.

* कमरे में रॉट आयरन के बेड न रखें. जहां तक हो सके, लकड़ी का ही बेड रखें. बेडरूम में मकड़ी के जाले भूलकर भी न हों.
भीनी-भीनी ख़ुशबू व रोमांटिक म्यूज़िक

* बेडरूम में सुगंधित कैंडल, रूम फ्रेशनर्स व ऑयल ज़रूर रखें.

* परफ्यूम सिलेक्ट करते समय इस बात का ख़ास ध्यान रखें कि परफ्यूम व डियो जो भी इस्तेमाल करें, वह ऐसा हो जिसकी ख़ुशबू आप दोनों को  पसंद हो.

* मंगलवार को मोगरा व शुक्रवार को गुलाब का इत्र अवश्य छिड़कें.

* पार्टनर का मूड सेक्सी बनाने के लिए रोमांटिक म्यूज़िक लगाएं.

– ऊषा पन्नालाल गुप्ता

यह भी पढ़ें: करियर में कामयाबी के लिए इफेक्टिव वास्तु ट्रिक्स