चारु असोपा की तलाक की खबरों के ब...

चारु असोपा की तलाक की खबरों के बीच चारु की मां ने बयान किया रिश्तों का सच, कहा अब लोग रिश्तों को संजोना भूल रहे हैं (Amidst the news of Charu Asopa’s divorce, Charu’s mother slams youth, Says- Youth has forgotten to cherish relationships)

सुष्मिता सेन (Sushmita Sen) की भाभी और ‘मेरे अंगने में’ फेम एक्ट्रेस चारू असोपा (Charu Asopa) की पर्सनल लाइफ में इन दिनों काफी उथल-पुथल मची हुई है. शादी के तीन साल और बेटी के होने के बाद ही चारू असोपा और राजीव सेन (Rajeev Sen) ने अलग होने का फैसला कर लिया है. ब्रेकअप के इस स्ट्रेस के बीच चारू के व्लॉग्स देखने के बाद ये साफ है कि उनके पापा, भाई और भाभी उन्हें पूरा सपोर्ट कर रहे हैं. लेकिन चारू के व्लॉग्स में उनकी मां नीलम असोपा नजर नहीं आतीं. हालांकि अब उन्होंने बेटी के साथ रिश्तों पर चुप्पी तोड़ी तो और रिश्तों पर काफी अच्छी बातें कही हैं.

आज की पीढ़ी रिश्ते संजोना नहीं जानती


खबरों की मानें तो चारू और उनके भाई दोनों ने अपनी मां से सारे रिश्ते तोड़ लिए हैं और रिश्तों का दर्द हाल ही में चारू की मां नीलम असोपा (Mother Neelam Asopa) के एक वीडियो में छलकता दिखाई दिया. नीलम असोपा अपनी बेटी चिंतन असोपा के व्लॉग में आज के रिलेशनशिप्स पर बात कर रही थीं. उन्होंने कहा आज की पीढ़ी रिश्तों का सहेजना जानती ही नहीं. उन्होंने कहा- “रिश्तों में प्रेम, धागे की तरह होते हैं, जो एक बार टूट जाए तो कभी नहीं जुड़ता और जुड़ भी जाए तो उसमें गांठ पड़ जाती है. इसलिए हम सबको रिश्तों को संभालकर, सहेजकर रखना चाहिए.”

शादी के बाद बेटा मां -बाप से रिश्ता तोड़ देता है, सारे रिश्तों से दूर हो जाता है

आजकल की यूथ को लगता है कि पति पत्नी का रिश्ता निभा लिया, तो सारे रिश्ते निभा लिए, जबकि ऐसा नहीं है. हर रिश्ते की अहमियत होती है और हर रिश्ता निभाने आना चाहिए. आजकल शादी होते ही बेटा माँ-बाप से दूर हो जाता है. वो अपनी पत्नी में ही सारे रिश्ते जीने लगता है… मां, बहन सब. वो सारे रिश्ते तोड़कर अपनी पत्नी में ही लीन हो जाता है. लेकिन ऐसा नहीं होना चाहिए. हमें सारे रिश्ते संजोकर रखना चाहिए.” उनका कहना है कि जो रिश्ते नहीं निभा पाए, वो फेलियर इंसान है.

रिश्ता रेशम के धागे की तरह होता है. खूबसूरत पर कमज़ोर

आजकल 80% यूथ ऐसे हैं कि शादी के बाद पति पत्नी के रिश्ते को ही सम्पूर्ण मानने लगते हैं. सारे रिश्तों से कट ऑफ हो जाते हैं. शादी के एक साल के अंदर ही वो माता पिता और सारे रिश्तों से दूर हो जाते हैं. उन्हें लगता है अब उन्हें किसी और की ज़रूरत ही नहीं. दोनों एक दूसरे के लिए पर्याप्त हैं. मैं ऐसा नहीं कहती कि पत्नी से रिश्ता ना निभाओ, लेकिन इस चक्कर में दूसरे रिश्तों को ना तोड़ो. रिश्ता रेशम के धागे की तरह होता है. खूबसूरत पर कमज़ोर, जो ज़रा सा खींचने पर टूट जाता है.”

शादी के बाद मां और बाप बेटे के सबसे बड़े दुश्मन बन जाते हैं

आजकल पति पत्नी फ्लैट में अकेले रहते हैं तो उन्हें लगता है कि वे दुनिया के सबसे हैप्पी कपल हैं. उन्हें लगता है अब किसी की ज़रूरत नहीं. और अगर बेटे को किसी बात की ज़रूरत लगती है तो वो सास से बात कर लेगा, लेकिन मां से बात नहीं करता. शादी के बाद मां और बाप बेटे के सबसे बड़े दुश्मन बन जाते हैं. इन लोगों को लगता है आज़ादी का मतलब बड़ो की रिस्पेक्ट ना करना या पायजामा पहनकर घूमना, तो ये गलत है. मैं इस बारे में बात इसलिए कर रही हूँ क्योंकि मुझे लगता है इससे हमारी संस्कृति का सर्वनाश हो रहा है.

राम और श्रवण जैसे बेटे नहीं रहे

नीलम असोपा ने अपने बेटे चेतन पर भी तंज कसा, “अब राम और श्रवण जैसे बेटे नहीं रहे. बच्चे अब सब खुद का चाहते हैं.” उनका कहा है कि शादी के बाद से अब पेरेंट्स बच्चों के दुश्मन बन जाते हैं. इसके अलावा भी नीलम असोपा ने रिश्तों को लेकर अपनी कई कड़वाहट बयान की.

बता दें कि चारू और राजीव सेन ने 2019 में शादी (Charu and Rajeev Wedding) की थी, लेकिन 2020 में ही उनके रिश्ते खराब होने लगे थे. उस वक्त भी दोनों के तलाक लेने की बात सामने आई थी लेकिन फिर दोनों ने अपने रिश्ते को संभाल लिया था. लेकिन अब बेटी के जन्म के बाद दोनों ने ही तलाक का एलान कर दिया है.

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