5 बातें सेक्सुअल हेल्थ के बारे में (5 Things about Sexual Health)

Things about Sexual Health

1. सेक्स से रखें हृदय को स्वस्थ

जी हां, जो लोग ज़्यादा सेक्स करते हैं, उनका हृदय कम सेक्स (Things about Sexual Health) करनेवालों की अपेक्षा सुरक्षित रहता है और उन्हें दिल की बीमारियां होने का ख़तरा भी कम होता है. अगर यक़ीन न आए, तो ब्रिटिश शोधकर्ताओं द्वारा हाल ही में किए गए एक अध्ययन पर एक नज़र डालें. इन शोधकर्ताओं ने 900 पुरुषों पर अध्ययन किया, तो पाया कि इनमें से जो पुरुष ह़फ़्ते में दो या अधिक बार सेक्स करते थे, उनमें कम सेक्स करनेवाले पुरुषों की तुलना में हार्ट अटैक का ख़तरा कम पाया गया. इसलिए दिल को सुरक्षित रखना है, तो सेक्स का आनंद लें.

2. महिलाओं को एंडोमेट्रिओसिस से बचाता है सेक्स

सेक्स महिलाओं की ख़ूबसूरती और फिटनेस तो बढ़ाता ही है, साथ ही उन्हें एंडोमेट्रिओसिस से भी सुरक्षा देता है. एंडोमेट्रिओसिस महिलाओं में होनेवाली एक आम समस्या है, जिससे उनमें पेल्विस में दर्द और इंफर्टिलिटी की शिकायत होती है. लेकिन एक शोध के अनुसार सेक्स में एक्टिव रहनेवाली महिलाओं को एंडोमेट्रिओसिस होने का ख़तरा कम होता है. शोध में ये भी पाया गया कि माहवारी के दौरान सेक्स (Things about Sexual Health) करनेवाली महिलाओं में भी एंडोमेट्रिओसिस का ख़तरा 1.5 गुना कम हो जाता है.

3. सेक्स का आनंद लें, प्रोस्टेट कैंसर से बचें

हालांकि अब तक ये माना जाता था कि सेक्स (Things about Sexual Health) से प्रोस्टेट कैंसर की संभावना बढ़ जाती है, लेकिन नए रिसर्च से पता चला है कि बार-बार स्खलन प्रोस्टेट कैंसर से सुरक्षा देता है. यह रिसर्च 20 के आयुवर्ग के पुरुषों पर किया गया, जिसमें पाया गया कि जिन पुरुषों ने ह़फ़्ते में पांच बार सेक्स का आनंद उठाया, उनमेेंं ऐसे पुरुषों की तुलना में प्रोस्टेट कैंसर होने का ख़तरा एक तिहाई कम पाया गया, जो सेक्स का आनंद कम उठाते हैं. इसलिए सेक्स का आनंद लें और स्वस्थ रहें.

4. गर्भनिरोधक गोलियों से सेक्स इच्छा में कमी

न्यूयॉर्क में हाल ही में हुए शोधों से पता चला है कि गर्भनिरोधक गोलियों के सेवन का सीधा असर महिलाओं की सेक्स इच्छा पर पड़ता है और इसका सेवन बंद करने के बाद एक साल बाद तक उनमें कामेच्छा की कमी की शिकायत पाई जाती है. हालांकि पूर्व में हुए शोधों से भी यह साबित हो चुका था कि गर्भनिरोधक गोलियों का सेवन करने से कामेच्छा की कमी, ऑर्गेज़्म तक न पहुंचना और पीड़दायक सेक्स (Things about Sexual Health) आदि साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं, लेकिन उन शोधों में यह भी कहा गया था कि इन गोलियों का सेवन बंद करने के चार सप्ताह बाद हालात सामान्य हो जाते हैं, लेकिन हाल के शोधों से पता चला है कि ओव्यूलेशन की प्रक्रिया रोकने के लिए ये गोलियां एक केमिकल का निर्माण करती हैं, जो टेस्टोस्टेरॉन का दमन करता है और जिसका असर गोलियों का सेवन बंद करने के एक साल तक रहता है, जिससे महिलाओं की कामेच्छा में कमी आ जाती है. लेकिन एक साल बाद महिलाओं का सेक्सुअल हेल्थ सामान्य हो जाता है. शोधकर्ताओं ने सलाह दी है कि डॉक्टर्स को ये गोलियां देने से पहले दंपत्तियों को इनके संभावित साइड इफेक्ट्स के बारे में बता देना चाहिए.

5. साइकल चलानेवाले पुरुष सावधान

रोज़ाना लंबे समय तक साइकल चलानेवाले पुरुषों की सेक्स लाइफ ख़तरे में हो सकती है, क्योंकि हाल के शोधों से पता चला है कि कई घंटों तक साइकल चलाने से पुरुषों के नपुंसक होने का ख़तरा बढ़ जाता है. जरनल ऑफ सेक्सुअल मेडिसिन में छपे रिपोर्ट के अनुसार जब साइकल सवार इसकी बूंद के आकार की लंबी नाकवाली सीट पर बैठता है, तो उसके शरीर का तिहाई वज़न साइकल की लंबी नाकवाले हिस्से पर पड़ता है, जिससे उसके पेल्विस पर दबाव पड़ता है. इससे 3 मिनट में ही उसके लिंग तक पहुंचनेवाली ऑक्सीजन की मात्रा 70-80 प्रतिशत कम हो जातीहै और ज़्यादा देर तक साइकल पर बैठने से तो ऑक्सीजन पहुंचना बिल्कुल ही बंद हो जाता है, जिसका असर उनके सेक्सुअल (Things about Sexual Health) परफॉर्मेंस पर पड़ता है और वे नपुंसकता के शिकार भी हो सकते हैं. हालांकि शोधकर्ताओं ने ये भी कहा है कि ये ज़रूरी नहीं कि हर साइकल चलानेवाला इसका शिकार हो, लेकिन जिनका वज़न ज़्यादा है, ऐसे साइकल चालकों के नपुंसक होने का ख़तरा ज़्यादा होता है.