ठंडा या गर्म दूध! क्या है बेहतर और सेहतमंद? (Hot Or Cold Milk: Which One Is Nutritious And Healthful?)

दूध (Milk) कैल्शियम, प्रोटीन, विटामिन और अनेक पोषक तत्वों से भरपूर होता है इसलिए इस बात में कोई शक नहीं है कि यह स्वास्थ्य (Health) की दृष्टि से बेहद लाभकारी होता है. लोग अलग-अलग तरी़के से दूध का सेवन करते हैं. कुछ लोगों को गर्म दूध (Hot Milk) पसंद होता है तो कुछ लोग ठंडा दूध (Cold Milk) पीते हैं. कुछ स्मूदी बनाकर दूध पीते हैं तो कुछ लोग शेक बनाकर पीते हैं. क्या आप जानते हैं कि आपके लिए दूध का कौन-सा प्रकार ज़्यादा अच्छा होता है? आइए जानते हैं कि क्या दूध पीने के प्रकार से भी आप स्वस्थ्य पर कोई प्रभाव पड़ता है? और अगर ऐसा है तो दूध का कौन सा प्रकार आपके लिए अधिक लाभकारी हो सकता है.

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गर्म दूध के फ़ायदेः दूध को गर्म करने पर यह पतला हो जाता है जो कि पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने में मदद करता है. इसे पीने से डायरिया और पेट फूलने जैसी समस्याएं नहीं होती हैं. अगर आप शिशु को रात में गर्म दूध पिलाकर सुलाते हैं तो उसे अच्छी नींद आती है. दूध में मौजूद अमीनो एसिड, सेरोटोनिन और जैसे मेलाटोनिन मूड बूस्टर हार्मोन्स का स्तर बढ़ा देते हैं जिससे आपका मूड अच्छा रहता है. इसलिए दूध उबाल करके पीना भी फ़ायदेमंद होता है.

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ठंडे दूध के लाभ: दूध को गर्म नहीं करने से उसमें पोषक तत्व बने रहते हैं इसलिए ठंडा दूध भी आपके शरीर के लिए अच्छा होता है. यह एसीडिटी को कम करता है और शरीर को भरपूर मात्रा में कैल्शियम देता है. ठंडा दूध पीने से आपको एसीडिटी नहीं होती है. ठंडे दूध में मौजूद इलेक्ट्रोलाइट्स आपके शरीर को डीहाइड्रेशन से बचाते हैं. दूध गर्म करने पर उसमें मौजूद इलेक्ट्रोलाइट्स ख़त्म हो जाते हैं. सुबह एक गिलास ठंडा दूध पीने से आपका शरीर दिन भर हाइड्रेट रहता है. रात को सोते समय ठंडा दूध नहीं पीना चाहिए क्योंकि इसे पचाने में आपको परेशानी हो सकती है.

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क्या है आपके लिए बेहतर?
मौसम के अनुसार दूध को ठंडा या गर्म करके पीना चाहिए. उदाहरण के लिए गर्म दूध को सर्दी में पीना चाहिए इसके लिए आप दूध में थोड़ी सी हल्दी डालकर पी सकते हैं. ऐसे में आपके शरीर को गर्माहट मिलती है और आपको आराम महसूस होता है. ऐसे ही गर्मियों के दौरान ठंडा दूध पीने से पित्त की समस्या नहीं होती लेकिन आप मौसम के हिसाब से विपरीत तापमान वाला दूध पीते हैं तो इससे आपको नुकसान हो सकता है. इसलिए दूध का सेवन इस प्रकार से करें कि वह सदैव आपके लिए लाभकारी हो और मौसम के अनुसार ही दूध का तापमान रखना चाहिए.

अगर लैक्टोज़ से एलर्जी है तो गर्म दूध पीएं
गर्म दूध आसानी से पच जाता है. आप कॉर्नफ्लेक्स के साथ ठंडा दूध ले सकते हैं, लेकिन अगर आपको लैक्टोज़ से एलर्जी है और आपको डेयरी प्रोडक्ट्स पचाने में परेशानी होती है तो गर्म दूध पीना आपकी सेहत की दृष्टि से बेहतर होगा. दूध को गर्म करने से उसमें मौजूद लैक्टोज़ टूट जाता है, जिससे दस्त और पेट फूलने जैसी समस्याएं नहीं होतीं.

एसिडिटी खत्म करने के लिए ठंडा दूध पीएं
ठंडा दूध पेट में एसिडिटी के कारण होने वाली जलन में राहत पहुंचाने के लिए बेहतर है. खाने के बाद आधा गिलास ठंडा दूध पीने से एसिड उत्पादन खत्म हो जाता है और एसिडिटी से राहत मिलती है.

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