सर्दियों का मौसम आते ही एक ओर जहां ठंडी हवाएं तन-मन को नई एनर्जी से भर देती हैं, वहीं सर्दी-खांसी और बुखार के साथ इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है. सीने में जकड़न और नाक बंद जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं. कई लोग डॉक्टर से इलाज लेने पहुंचने लगते हैं, तो कुछ घर पर ही होम रेमेडीज़ ट्राई करते हैं. ये होम रेमेडीज़ काफी कारगर होते हैं और कई तरह की बीमारियों को चुटकी में ही खत्म कर देते हैं. आइए जानते हैं ऐसी ही होम रेमेडीज़, जो ठंड के मौसम में आपके काम आ सकती हैं.
सर्दी-जुकाम और फ्लू
- अदरक, तुलसी, और शहद मिलाकर चाय पीएं.
- गर्म दूध में हल्दी डालकर पीएं.
- तुलसी और अदरक का रस मिला लें. आधा-एक चम्मच मात्रा लेकर गर्म कर लें. ठंडा होने पर आधा चम्मच शहद मिला लें और दिन में तीन बार लें. शुगर वाले लोग सिर्फ एक बूंद शहद मिलाएं.
- अदरक का रस निकालकर शहद के साथ हल्का गर्म करके लें.
- काले जीरे को हल्का भूनकर सूंघने से नाक खुल जाती है.
- तुलसी और अदरक की चाय लें. साथ में आधी चम्मच हल्दी लें.
- गर्म पानी की भाप लेने से बंद नाक खुलती है.
- पर्याप्त आराम करें और शरीर को हाइड्रेटेड रखें.
- जुकाम में भाप लेना बहुत फायदेमंद है.
- जिस व्यक्ति को कोल्ड हो, उससे पर्याप्त दूरी बनाए रखें.
- इम्युनिटी बढ़ाने के लिए रोज़ाना कम-से-कम 30 मिनट वर्कआउट ज़रूर करें.

खांसी
- लगातार तीन हफ्ते से ज़्यादा खांसी टीबी का संकेत है. खांसी दमे का लक्षण भी है.
- खाना खाते वक्त खांसी न आए, इसके लिए धीरे-धीरे खाना खाएं.
- दूध में सोंठ डालकर पीएं. साथ में, शहद, किशमिश, मुनक्का लें. शुगर वाले एक-दो अंजीर पीसकर ले लें.
- एक चम्मच शहद सीधे खाएं या गर्म पानी/हर्बल चाय में मिलाकर पीएं.
- अदरक के टुकड़े चबाएं, अदरक और शहद मिलाएं, या अदरक की चाय बनाकर पीएं.
- गर्म पानी में नमक मिलाकर गरारे करने से गले की सूजन कम होती है.
- गर्म पानी की भाप लेने से वायुमार्ग खुलते हैं और बलगम ढीला होता है. आप इसमें यूकेलिप्टस तेल की कुछ बूंदें भी डाल सकते हैं.
- हल्दी, काली मिर्च और शहद का मिश्रण गले को आराम देता है.
- मुलेठी चूसने से गले को राहत मिलती है.
- अजवायन की चाय पीने से खांसी और बलगम में आराम मिलता है.
- आधा चम्मच प्याज के रस के साथ शहद मिलाकर दिन में दो बार लें.
- लौंग, दालचीनी और अदरक वाली चाय भी फायदेमंद होती है.
- लहसुन को चबाकर या खाने के साथ लें, इसके इम्यून-बूस्टिंग गुण फायदा करते हैं.

गले में इंफेक्शन
- गुनगुने पानी में नमक मिलाकर दिन में 3-4 बार गरारे करें. यह बलगम साफ करता है और बैक्टीरिया को ख़त्म करता है.
- गुनगुने पानी या हर्बल चाय (तुलसी, अदरक) में शहद और नींबू मिलाकर पीएं, यह गले को आराम देता है.
- शहद के साथ अदरक का रस लें.
- अदरक, तुलसी, लौंग, इलायची और कालीमिर्च की चाय बनाकर पीएं. यह सूजन को भी कम करती है.
- हल्दी वाला दूध पीएं. इसे गोल्डन ड्रिंक भी कहते हैं. हल्दी में एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं, जो इंफेक्टशन को कम करते हैं.
- भरपूर नींद लें और गले को आराम दें.
- कमरे में ह्यूमिडिफायर का इस्तेमाल करें. यह गले को नम रखने में मदद करता है.
- गले में ज़्यादा तकलीफ महसूस हो, तो तुरंत डॉक्टर से दवा लें.
ज्वाइंट पेन
- हल्दी का सेवन करें. इसमें मौजूद करक्यूमिन सूजन और दर्द कोकम करता है; इसे खाने या हल्दी वाला दूध पीने से ज्वाइंट पेन में राहत मिलती है.
- अदरक का सूजनरोधी गुण रक्त संचार बढ़ाकर दर्द और अकड़न घटाता है.
- सरसों के तेल से मालिश करें. इससे रक्त प्रवाह बढ़ता है और दर्द कम होता है.
- मेथी के बीज एंटीऑक्सीडेंट और सूजनरोधी होते हैं, इन्हें भिगोकर खाएं.
- नीलगिरी के तेल में मौजूद मेन्थॉल ठंडक देकर दर्द को कम करता है.
- अदरक, पुदीना, या हल्दी से बनी चाय पीएं.
- हॉट एंड कोल्ड थेरेपी दर्द से आराम दिलाती है. गर्म सेंक रक्त प्रवाह बढ़ाती है, ठंडक सूजन घटाती है. दोनों बारी-बारी से इस्तेमाल करें. सूजन होने पर गर्म सिंकाई न करें.
- सरसों या नीलगिरी के तेल से हल्की मालिश करें.
- वॉकिंग, योग, और स्ट्रेचिंग करें. ये जोड़ों की गतिशीलता बनाए रखते हैं.
- विटामिन डी के लिए धूप में कुछ समय बिताएं.
- विटामिन सी के लिए संतरा, किवी, ब्रोकली खाएं.
- ओमेगा-3 फैटी एसिड को डायट में शामिल करें. यह सूजन को कम करता है.
- वेट मैनेजमेंट करें. वज़न कम होने से जोड़ों पर कम दबाव पड़ता है.
- पर्याप्त नींद लें. इससे तनाव कम होता है और शरीर को आराम मिलता है.
फ्लू और बुखार

- एक कटोरी में बड़ा चम्मच शहद लें और कटोरी को उबलते हुए पानी के ऊपर रखें. अब गुनगुने शहद में एक चुटकी दालचीनी पाउडर मिलाएं. दिन में दो बारे इसका सेवन करें.
- प्याज़ के रस में शहद मिलाकर दिन में तीन बार सेवन करें. इससे फ्लू से राहत मिलती है.
- एक गिलास गर्म पानी में 4 बड़े चम्मच मेथी पाउडर, 4 बड़े चम्मच नींबू का रस, एक चम्मच शहद और एक चम्मच अदरक का रस मिलाकर अच्छी तरह उबालें. इस मिश्रण को दिन में दो बार पीने से फ्लू में आराम मिलता है.
- चार कप पानी में एक बड़ा चम्मच सौंफ, एक टुकड़ा अदरक, एक टुकड़ा दालचीनी, कुछ पुदीने की पत्तियां, 3 इलायची का पाउडर, एक बड़ा चम्मच शहद मिलाएं. इस मिश्रण को आधा हो जाने तक उबालें. इस काढे को दिन में दो बार पीएं.
- गर्म कपड़े पहनें. टोपी, दस्ताने और स्कार्फ का उपयोग करें.
- स्वच्छता रखें. बार-बार हाथ धोएं और सतहों को साफ रखें.
- हाइड्रेटेड रहें. पर्याप्त पानी और अन्य तरल पदार्थ पीएं.
इन बातों का भी रखें ध्यान
दिन की शुरुआत करें गुनगुने पानी सेः सर्दी शुरू होते ही शरीर का तापमान तेज़ी से गिरने लगता है. ऐसे में ठंडे पानी की बजाय गुनगुना पानी पीना आपके लिए बेहद फायदेमंद होता है. सुबह खाली पेट हल्का गुनगुना पानी पीने से शरीर से टॉक्सिन निकल जाते हैं और पाचन क्रिया बेहतर होती है. साथ ही यह गले की खराश, सूजन और सर्दी-जुकाम जैसी समस्याओं से भी बचाव करता है. दिनभर में 2 से 3 बार गुनगुना पानी जरूर पीएं.
पर्सनल हाइजीन का रखें ख़्यालः सर्दी का मौसम संक्रमण का सबसे बड़ा वाहक है. हवा में मौजूद वायरस और बैक्टीरिया आसानी से फैलते हैं. इसलिए इस मौसम में हाइजीन यानी स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें. बाहर से आने के बाद हाथों को साबुन से धोएं, चेहरे को साफ करें और जहां तक हो सके, भीड़भाड़ वाले इलाकों में मास्क पहनें. अपने कपड़ों को नियमित रूप से धोएं और घर को हवादार रखें.
नींद पूरी लेना है सबसे बड़ा उपचारः नींद की कमी शरीर की प्रतिरोधक क्षमता को कमज़ोर कर देती है. रोज़ाना 7 से 8 घंटे की गहरी नींद लेना ज़रूरी है, ताकि शरीर की ऊर्जा का स्तर बना रहे और इम्यून सिस्टम मजबूत हो. मोबाइल, टीवी या देर रात तक काम करने की आदत को सर्दियों में थोड़ा कम कर दें. पूरी नींद न स़िर्फ मानसिक शांति देती है, बल्कि शरीर को संक्रमणों से लड़ने की ताक़त भी देती है.
व्यायाम और योग से रखें खुद को एक्टिवः सर्दियों में सुस्ती स्वाभाविक है, लेकिन यह आलस आपके स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह हो सकता है. सुबह या शाम को हल्की दौड़, तज़ वॉक या योग करने की आदत डालें. इससे शरीर में गर्मी बनी रहती है, रक्त संचार सुधरता है और इम्यूनिटी भी मजबूत होती है. सूर्य नमस्कार, प्राणायाम और भस्त्रिका जैसे योगासन इस मौसम में बेहद लाभदायक हैं.
कालमिर्च और लहसुन का सेवन करें: सर्दी से बचाव के लिए किचन के ये दो खजाने सबसे असरदार हैं. कालीमिर्च में एंटीऑक्सीडेंट और लहसुन में एंटीवायरल गुण होते हैं जो सर्दी-जुकाम से सुरक्षा देते हैं. रोज़ाना सुबह एक चम्मच शहद में थोड़ी कालीमिर्च मिलाकर लें या भुना हुआ लहसुन खाएं. यह शरीर में नेचुरल हीट बढ़ाता है और ठंड के असर को कम करता है.
एक्स्ट्रा टिप्स
- सर्दियों में हरी सब्जियां, मौसमी फल, गुड़ और सूखे मेवे अपने आहार में शामिल करें.
- धूम्रपान और शराब से दूरी बनाए रखें, क्योंकि यह फेफड़ों को कमजोर करते हैं.
- सुबह की हल्की धूप जरूर लें, जिससे विटामिन डी की कमी न हो.
- ध्यान और मेडिटेशन से तनाव कम करें और मानसिक सुकून पाएं.
- नियमित अंतराल पर स्वास्थ्य जांच करवाएं और डॉक्टर की सलाह का पालन करें.
