हाल ही में दिव्या दत्ता ने हाल ही में खुलासा किया है कि बॉलीवुड के शंहशाह अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) सभी को उनके बर्थडे पर स्पेशल फील (Special Feel) कराते हैं. अपनी इसी खासियत के चलते वे बर्थडे पर आधी रात को ठीक 12 बजे विश (Mid Night Birthday Wish) करते हैं.

फिल्मीबीट को दिए लेटेस्ट इंटरव्यू में एक्ट्रेस दिव्या दत्ता ने बॉलीवुड के मेघा स्टार अमिताभ बच्चन से से जुड़े एक खास सीक्रेट का खुलासा किया. एक्ट्रेस ने बताया कि अमित जी ऐसे इंसान है जो हर किसी को उनके बर्थडे पर बेहद खास फील कराते हैं और वे दिल से ऐसा करते है.

बातों ही बातों में दिव्या ने बताया कि रात को 12 बजे खुद पर्सनली अमिताभ बच्चन से उन्हें बर्थडे विशेज मिली हैं. एक्ट्रेस ने सुपरस्टार की इस आदत के बारे में बताते हुए कहा- अमिताभजी की ये खासियत है कि वे हर किसी को उनके बर्थडे पर विश करते हैं. वे हमेशा रात के 12 बजे ठीक इसी समय पर फोन करते हैं और सबको जन्मदिन की बधाई देते हैं. उनमें लोगों को स्पेशल फील कराने का बहुत बढ़िया हुनर है. अपने बिजी शेड्यूल में से समय निकालकर वे ऐसा करते हैं और पूरे दिल से करते हैं. यही वजह है कि मैं उन्हें बहुत पसंद करती हूं.

अमिताभ बच्चन की प्रशंसा करते हुए दिव्या ने उनके बारे में एक और वाकया बताया. एक्ट्रेस ने बताया- मौका मेरे बुक के लॉन्च था. मिस्टर बच्चन ही बुक लॉन्च करने वाले थे. उनकी टीम ने मुझे बताया कि वे ठीक साढ़े सात बजे पहुंचेंगे. और मैं अपना फोटोशूट करवा रही थी. लेकिन मिस्टर बच्चन 7:20 पर ही पहुंच गए. मैंने अपने सामने एक मिस्टर बच्चन को देखा तो मैं हैरान रह गई. वे समय से पहले ही पहुंच गए थे. मुझे हैरान देखकर मिस्टर बच्चन ने मुझसे कहा - आप आराम से समय लें. मैं जल्दी आ गया हूं. इतने विनम्र हैं वे.

फिल्म बागबान के दौरान अमिताभ बच्चन से जुड़े एक और वाकये का ज़िक्र करते हुए कहा- शूटिंग के शुरुआती दिनों में मैं हमेशा बिग बी को मॉर्निंग विश करती थी. इस बात से खुश थी कि मैं मिस्टर बच्चन के साथ शूटिंग कर रही हूं. यह मेरे लिए एक सपने के सच होने जैसा था. फिर धीरे-धीरे फिल्म का ग्रे किरदार का मुझ पर हावी होने लगा और मॉर्निंग विश करना मैंने बंद कर दिया.

मिस्टर बच्चन ने मुझ में ये बदलाव देखा और फोन करके कहा कि फिल्म में मैं उनके साथ अच्छा व्यवहार नहीं कर रही हूं. तो मैंने उनसे कहा कि सर, मैं तो बस अपने डायलॉग बोल रही हूं. उन्होंने कुछ नहीं कहा, चुप रहे, लेकिन उनका मतलब ये था कि आप फिल्म में अपने डायलॉग बोल रही हैं, मुझसे असले में मुझ से नहीं बोल रही हैं, इसलिए इतना बुरा मत मानिए. इस वाक़या के बाद उन्होंने मुझे खूब खाना खिलाया और मैं पहले की तरह खुश हो गई.
