
- अपने करियर में मुझे बॉडी शेमिंग का कई बार शिकार होना पड़ा. पहले मैं बहुत दुबली-पतली जो थी, तब मेरे लुक व वेट को लेकर बहुत ताने मारे जाते थे.
- किसी भी महिला को उसकी उम्र, वज़न या ड्रेस साइज़ से जज नहीं किया जाना चाहिए. जब कान फेस्टिवल में ऐश्वर्या राय बच्चन को इसके लिए ट्रोल किया गया तब मुझे बहुत बुरा लगा. हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि वे एक ग्लोबल स्टार हैं और उन्होंने देश का नाम रोशन किया है.

- मेरी समझ में नहीं आता कि ऐसे गॉसिप लोग कैसे कर लेते हैं कि ‘देवदास’ फिल्म की शूटिंग के समय मैं प्रेग्नेंट थी. आप लोगों को बता दूं कि उन दिनों मैं लगातार काम कर रही थी. इतनी शूटिंग व यात्रा करते-करते बेहद थक गई थी और कमज़ोरी भी महसूस होती थी. और इसका क्या का क्या मतलब लगा लिया गया.
- मेरे हसबैंड (डॉ. श्रीराम नेने) कभी भी मेरे स्टारडम को लेकर अधिक प्रभावित नहीं रहेे. उनका यही बेपरवाह अंदाज़ हम दोनों को क़रीब ले आया था.

- महिलाओं को अपनी ज़िंदगी अपने अनुसार जीने का पूरा हक़ है. उन्हें जो अच्छा लगता है, जिससे उन्हें ख़ुशी मिलती है वो करना चाहिए. आलोचक को अनदेखा करें, क्योंकि मानी हुई बात है कि कुछ तो लोग कहेंगे, लोगों का काम है कहना...
- उम्र को लेकर कभी भी परेशान न हों. बस समय के साथ अपने फिजिकल चेंजेज़ को स्वीकार करें, वो लुक हो या बॉडी. बस ध्यान रहे कि बिना किसी पूर्वाग्रह के डिसिप्लीन व हैप्पी लाइफ को एंजॉय करें.
- कामयाबी हो या फिर फेलियर, आपको दोनों को ही सूझबूझ के साथ स्वीकार करते हुए बैलेंस बनाकर रहना होगा. मेरी मां ने मुझे ज़िंदगी का यही फ़लसफ़ा समझाया है.

- मुझे आज भी ब्रेकफास्ट में अपने मुंबई स्टाइल का मूंग दाल, कांदा पोहा खाना अच्छा लगता है.
- रियाज़ के तौर पर हो या फिल्म, शो आदि में कत्थक करना पसंद है और रही पहनावे की बात तो बनारसी सिल्क व मॉडर्न फ्यूजन साड़ी आज भी फेवरेट है.

- इन दिनों टैलेंटड एक्ट्रेस बहुत सी हैं. लेकिन पर्सनल तौर पर मुझे दीपिका पादुकोण बेहद पसंद है.
- ऊषा गुप्ता

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