#Parenting Tips: कैसे छुड़ाएं बच्...

#Parenting Tips: कैसे छुड़ाएं बच्चे की ऑनलाइन गेम्स खेलने की आदत? (How to Prevent Children From Playing Online Games?)

टेक्नोलॉजी के दौर में बच्चों को मोबाइल और कंप्यूटर से दूर रखना संभव नहीं है. पढाई संबंधी बातों के लिए मोबाइल और कंप्यूटर का इस्तेमाल तक तो ठीक है, लेकिन समस्या तब होती है,जब बच्चों को छोटी उम्र में ऑनलाइन गेम्‍स की बुरी लत लग जाती है. इन ऑनलाइन गेम खेलने के कई साइड इफ़ेक्ट होते हैं. इन साइड इफेक्ट्स से बच्चों को बचाना पैरेंट्स की जिम्मेदारी है. यहां  पर बताई गई कुछ बातों को अपनाकर आप अपने बच्चे की ऑनलाइन गेम्‍स खेलने की बुरी आदत को छुड़ा सकते हैं.

मनोवैज्ञानिकों के अनुसार छोटे बच्चों में  डिजिटल की बुरी लत बढ़ती जा रही हैं. खासतौर से ऑनलाइन गेम्स को लेकर। ऑनलाइन गेम्स खेलने के कारण बच्चों की आंखों की रौशनी कम होना, मोटापा, लीप‍िंग ड‍िसऑर्डर, ड‍िप्रेशन, अग्रेसिवनेस, एकाग्रता में कमी जैसी समस्याएं पैदा होती हैं. इन समस्याओं को बच्चों को बचाना बहुत ज़रूरी है. लेकिन इस से पहले उन्हें ये बताना ज़रूरी है कि ऑनलाइन गेम्स की लत के क्या साइड इफ़ेक्ट हो सकते  हैं और इस से कैसे बचा जा सकता है.

Photo courtesy: freepik.com

ऑनलाइन गेम्‍स खेलने की लत को रोकने के लिए क्या करें पेरेंट्स-

  1. बच्चों को ऑनलाइन गेम्स के साइड इफ़ेक्ट बताएं

    यदि बच्‍चा भी बहुत अधिक देर तक ऑनलाइन गेम्‍स खेलता तो पैरेंट्स को चाहिए कि बच्चे को इसके नुकसान के बारे में बताएं. उन्हें समझाएं कि ऑनलाइन गेम्‍स खेलने का बुरा असर उनके द‍िमाग और आंखों पड़ता है. इससे बच्चों में गुस्सा बढ़ता है. वे पढाई में फोकस नहीं कर पाते हैं. इन बातों की जानकारी उनको दें. बार-बार समझाने पर बच्चा ऑनलाइन गेम्स खेलना बंद न करें, लेकिन कम ज़रूर कर देगा.
  2. ऑनलाइन गेम्‍स खेलने की समय-सीमा तय करें 

पैरेंट्स बच्‍चे के रूटीन के मुताब‍िक ऑनलाइन गेम्‍स खेलने की समय सीमा तय करें. समय सीमा तय करने के बाद बच्‍चे  ज्यादा देर तक ऑनलाइन गेम्‍स नहीं खेल पाएंंगे. धीरे-धीरे गेम्‍स खेलने की अवध‍ि कम करते जाएं.

3. बच्‍चे के साथ क्वालिटी टाइम स्‍पेंड करें

पैरेंट्स बच्‍चे के साथ क्वालिटी टाइम बि‍ताएं. अगर आप बच्‍चे के साथ टाइम स्पेंड करेंगे, तो वह ऑनलाइन गेम्‍स खेलना कम या बंद कर देगा. देखा गया है कि जो छोटे बच्चे अकेलापन महसूस करते हैं, अक्सर वही अपने को मोबाइल, वीडियो गेम्स, टीवी और कंप्यूटर में व्यस्त कर लेते हैं. इसलिए पैरेंट्स  को चाहिए कि बच्‍चे को पूरा समय दें ताक‍ि उसे ऑनलाइन गेम्स खेलने की जरूरत न पड़े. पैरेंट्स बच्‍चे के साथ उसकी किसी हॉबी में साथ दे सकते है या फ‍िजि‍कल गेम्‍स खेल सकते हैं.

4. बच्‍चे को बाहर ले जाएं

बच्‍चे को ऑनलाइन गेम्‍स खेलने से बचाना चाहते हैं तो पैरेंट्स बच्‍चे को बाहर लेकर जाएं. आउटडोर एर‍िया में अन्य बच्चों के साथ खेलने से बच्चे में कॉन्फिडेंस आता है, टीम स्परिट बढ़ती है. सोशल बनता है. यदि किसी वजह से बच्चे को बाहर नहीं ले जा पा रहे हैं उसे अपने साथ वॉक पर ले जाएँ. पार्क में ले जाकर एक्सरसाइज करें. एक बार आउटडोर गेम्‍स की आदत हो जाएगी तो वह खुद ही ऑनलाइन गेम्स खेलना कम कर देगा.

5. बच्‍चे को फ्री टाइम का सदुपयोग करने को बोलें

बच्चे को ऑनलाइन गेम्‍स खेलने की लत से बचने के लिए पैरेंट्स उसे अपना फ्री टाइम सही जगह यूज करने की सलाह दें. अक्सर देखा जाता है कि ऑनलाइन गेम्‍स खेलने वाले बच्‍चे बेहद शॉर्प माइंड होते हैं. ऑनलाइन गेम्‍स  खेलने की बजाय उन्हें किसी क्रिएटिव काम में बिजी करें. इससे उसकी क्रिएटिविटी बढ़ेगी, दिमाग भी तेज़ होगा और समय का.

– देवांश शर्मा

और भी पढ़ें: इन 5 वजहों से नहीं सुनते हैं बच्चे पैरेंट्स की बात (5 Reasons Why Children Do Not Listen To Their Parents)

×